4 जजों ने उठाया गंभीर मामला, उनके सवालों का हो निपटारा, राहुल की प्रेस वार्ता की बड़ी बातें

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नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट के 4 वरिष्ठ जजों की ओर से की गई प्रेस वार्ता पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने तमाम पार्टी नेताओं के साथ प्रेस वार्ता की। राहुल ने कहा कि जजों की प्रेस वार्ता अहम है। जस्टिस लोया की जांच सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ जज से कराया जाए। राहुल ने कहा कि जो हमारा लीगल सिस्टम है उस हम सब भरोसा करते हैं, पूरा देश भरोसा करता और इतनी गंभीर बात उठी इसलिए हमने आज बयान दिया है। चारों जजों की ओर से जो मामला उठाया है, वो गंभीर है। ऐसे सवाल उठे इसलिए हम यह मांग कर रहे हैं कि जज लोया के परिवार की जांच हो। जजों ने जो सवाल उठाए हैं, उसका निपटारा होना चाहिए।  

 

तब आई प्रेस वार्ता की नौबत...

तब आई प्रेस वार्ता की नौबत...

गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट के दूसरे सबसे सीनियर जज जस्टिस चलमेश्वर ने आज प्रेस वार्ता में कहा कि , "सुप्रीम कोर्ट का प्रशासन ठीक काम नहीं कर रहा है। इसे लेकर हमने चीफ जस्टिस को चिट्ठी दी थी। कल कोई ऐसा मत कहे कि हमने आत्मा बेच दी।" जज चीफ जस्टिस को लिखी चिट्ठी सार्वजनिक करेंगे। बता दें, ये प्रेस कांफ्रेस जस्टिस चलमेश्वर के घर हुई। पिछले दो महीनों के हालात की वजह से इस प्रेस कॉन्फ्रेंस की नौबत आई।

हम बस देश का कर्ज अदा कर रहे हैं

हम बस देश का कर्ज अदा कर रहे हैं

जस्टिस जे चेलामेश्वर ने कहा कि अगर हमने देश के सामने ये बातें नहीं रखी और हम नहीं बोले तो लोकतंत्र खत्म हो जाएगा। हमने चीफ जस्टिस से अनियमितताओं पर बात की। उन्होंने बताया कि चार महीने पहले हम सभी चार जजों ने चीफ जस्टिस को एक पत्र लिखा था। जो कि प्रशासन के बारे में थे, हमने कुछ मुद्दे उठाए थे। चीफ जस्टिस पर देश को फैसला करना चाहिए, हम बस देश का कर्ज अदा कर रहे हैं। जजों ने कहा कि हम नहीं चाहते कि हम पर कोई आरोप लगाए। प्रेस कॉन्फ्रेंस में जस्टिस चेलमेश्वर, जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस मदन लोकुर और जस्टिस कुरियन जोसेफ शामिल थे।

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English summary
Loya's death needs to be investigated properly, supreme court crisis is Unprecedented terms Rahul Gandhi

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