Independence day: दूसरे साल भी महामारी के बीच मनाया जाएगा राष्ट्रीय पर्व, जानिए क्या है तैयारी
नई दिल्ली, 12 अगस्त: भारत इस साल अपना 75वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है। यह लगातार दूसरी बार है, जब देश कोरोना महामारी के दौरान राष्ट्र का सबसे बड़ा त्योहार मना रहा है। कोविड के प्रकोप के बीच इस साल यह महापर्व किस तरह से मनाया जाना चाहिए, इसके लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को एक विस्तृत निर्देश जारी किया है। इसमें 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस मनाने के दौरान कोविड-19 के मद्देनजर तमाम एहतियात बरतने के निर्देश दिए गए हैं।

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सभी एहतियाती उपायों को अपनाने की सलाह
गृह मंत्रालय के मुताबिक यह जरूरी है कि स्वतंत्रता दिवस को उसके अनुरूप ही मनाया जाना चाहिए, लेकिन यह भी जरूरी है कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइंस के मुताबिक सभी तरह के एहतियाती उपायों को अपनाया जाना चाहिए। जैसे कि सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क पहनना, अच्छी साफ-सफाई और जिन लोगों को बीमारी का ज्यादा खतरा है, उनकी सुरक्षा का पूरा ख्याल रखना। सभी कार्यक्रम इस तरह से आयोजित किए जाने चाहिए कि ज्यादा भीड़ को टाला जा सके और तकनीक का हर संभव इस्तेमाल हो सके। कार्यक्रमों को वेब-कास्ट भी किया जा सकता है।(तस्वीर-फाइल)
लाल किले पर इस अंदाज में होंगे कार्यक्रम
गृहमंत्रालय की ओर से दिल्ली के लाल किले पर होने वाले मुख्य कार्यक्रम का जो ब्योरा दिया है, उसके मुताबिक उस दिन वहां सशस्त्र सेना और दिल्ली पुलिस की ओर से प्रधानमंत्री को गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाएगा। इसके बाद राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाएगा, फिर राष्ट्र गान बजेगा और 21 तोपों की सलामी दी जाएगी। फिर एयर फोर्स के हेलीकॉप्टरों से फूल बरसाए जाएंगे, प्रधानमंत्री का भाषण होगा, राष्ट्र गान गाया जाएगा और फिर आखिर में तिरंगे बलून छोड़े जाएंगे। इसके अलावा राष्ट्रपति भवन में 'ऐट होम' रिसेप्शन का कार्यक्रम होगा।
राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को सलाह
राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए जो गाइडलाइंस सुझायी गई हैं, उसमें कहा गया है कि यह उचित होगा कि कोविड-19 वॉरियर्स जैसे कि डॉक्टरों, हेल्थ वर्कर्स और सफाई कर्मियों आदि को समारोह में आमंत्रित किया जाए, ताकि कोविड-19 महामारी के खिलाफ उनकी सेवा को सम्मान मिल सके। जो लोग इस बीमारी से संक्रमित होकर स्वस्थ हो चुके हैं, उनको भी बुलाया जा सकता है। गृह मंत्रालय की ओर से संबंधित अधिकारियों से यह भी कहा गया है कि उचित होगा कि लोगों के बीच 'आत्मनिर्भर भारत' की थीम को अच्छे से प्रचारित और प्रसारित किया जाए।
जहां तक राज भवनों और राज निवासों में 'ऐट होम' का सवाल है तो इसे राज्यपालों और उप-राज्यपालों के विवेक पर छोड़ दिया गया है। लेकिन, महामारी को देखते हुए गृह मंत्रालय ने सभी एहतियाती उपायों को अपनाने की सलाह दी है। यही नहीं, स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े ऐतिहासिक स्थलों पर पुलिस और मिलिट्री बैंड की परफॉर्मेंस को भी रिकॉर्ड करके उसे विभिन्न माध्यमों, जैसे कि विशाल स्क्रीन और डिजिटल मीडिया के जरिए लोगों के बीच पहुंचाने का आह्वान किया गया है। बता दें कि इस साल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार 8वीं बार लाल किले की प्राचीर से तिरंगा फहराएंगे।












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