भारत- कनाडा के बीच राजनयिक संकट, पंजाब के कई परिवारों में चिंता, कैसे दूर होगी अनिश्चितता?
खालिस्तान आतंकी की हत्या के बाद कनाडा की ओर से भारत सरकार पर कथित आरोपों को लेकर दोनों के बीच खटास बढ़ती जा रही है। भारत ने अपने राजदूत कनाडा से वापस बुलाने के साथ ही कनाडाई डिप्लोमेट्स को वापस भेजने का कदम उठाया है। इस बीच पंजाब में उन परिवारों के सदस्य चिंतित हैं, जिनके परिजन व रिश्तेदार कनाडा में रहते हैं।
भारत के साथ कनाडा के बिगड़ते द्विपक्षीय संबंध के कई विपरीत परिणाम हैं। भारत के ओर से कनाडा के राजनयिकों को निष्कासित करने के कदम के साथ कनाडा में रहकर पढ़ाई करने वाले छात्रों के मन में अनिश्चितता की झलक देखी जा रही है। एक रिपोर्ट के मुताबिक भारत- कनाडा के बीच रिश्ते में तल्खियां के बीच कनाडा में रिश्तेदारों से मिलने के लिए वीजा हासिल करने में कठिनाइयां बढ़ जाएंगी।

भारत ने सोमवार को छह कनाडाई राजनयिकों को निष्कासित कर दिया और कनाडा से अपने उच्चायुक्त और अन्य "लक्षित" अधिकारियों को वापस बुलाने की घोषणा की। इसने नामित आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या की जांच से दूत को जोड़ने वाले ओटावा के आरोपों को दृढ़ता से खारिज कर दिया।
भारत और कनाडा के बीच रिश्तों में खटास को देखते हुए कई लोगों ने आशंका व्यक्त की है कि उन्हें कनाडा में रिश्तेदारों से मिलने के लिए वीजा हासिल करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। उच्चायुक्त संजय वर्मा और कुछ अन्य राजनयिकों को वापस बुलाने का भारत का निर्णय कनाडाई प्रभारी डी'एफ़ेयर स्टीवर्ट व्हीलर्स को विदेश मंत्रालय (MEA) में तलब किए जाने के तुरंत बाद आया।
हालांकि दोनों देशों को बीच कड़वाहट बढ़ने के बावजूद द्विपक्षीय व्यापार पर कोई असर नहीं पड़ा। रिपोर्ट में कहा गया कि थिंक टैंक जीटीआरआई (GTRI) ने सोमवार को अपनी रिपोर्ट में बताया कि भारत और कनाडा के बीच कूटनीतिक तनाव का अब तक दोनों देशों के बीच वस्तुओं के द्विपक्षीय व्यापार पर कोई असर नहीं पड़ा है। हालांकि इस बात से इनकार भी नहीं किया जा सकता कि दोनों देशों को बीच जैसे-जैसे यह विवाद आगे बढ़ेगा, तो इसकका असर आर्थिक संबंधों पर ना पड़े।
हालांकि मौजूदा हालात की बात करें तो दोनों देशों के बीच आयात और निर्यात लगातार बढ़ा है। वित्त वर्ष 2022-23 में India-Canada के बीच द्विपक्षीय व्यापारिक व्यापार 8.3 अरब डॉलर था, जो FY2023-24 में बढ़कर 8.4 अरब डॉलर (करीब 70,611 करोड़ रुपये) हो गया।
कैसे दूर होगी मौजूदा स्थिति
वर्तमान में भारत और कनाडा (India-Canada) के बीच सब कुछ ठीक नहीं है, दोनों देशों के बीच राजनयिक तनाव बढ़ता जा रहा है। खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की कनाडा में हत्या के बाद कनाडा के बदले रूख पर सोमवार को भारत ने कड़ा एक्शन लिया, जिसके तहत कनाडाई राजनयिकों को वापस भेजने और कनाडा में भारतीय उच्चायुक्त को वापस बुलाने का निर्णय लिया गया। हालांकि मौजूदा हालात कनाडा के रूख के चलते पैदा हुए हैं।
कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक, जस्टिन ट्रूडो के रुख की कनाडाई खुद निंदा कर रहे हैं। ऐसे में अगर अगले कुछ वर्षों के भीतर यहां सरकारें बदलती है, तो विदेश नीति में कुछ बड़े बदलाव के दावे किए जा रहे हैं। हालांकि मौजूदा हालात में भारत कनाडा को कड़ा जवाब देने के मूड में है।












Click it and Unblock the Notifications