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आम नागरिक भी भारतीय सेना में कर सकेंगे 3 साल तक जॉब, जानिए क्या है 'टूर ऑफ ड्यूटी'

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नई दिल्ली। कोरोना संकट की बीच चीन और पाकिस्तान की तरफ से सीमा पर की जाने वाली गतिविधियों का भारतीय सेना मुंहतोड़ जवाब दे रही है। इसी बीच सेना ने अब देश के नागरिकों को भारतीय सेना की ट्रेनिंग देने के प्रस्ताव पर विचार कर रही है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक अगर सेना की तरफ से इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाती है तो देश के आम नागरिकों को तीन साल के लिए 'टूर ऑफ ड्यूटी' का मौका दिया जाएगा। इस फैसके के बाद हर कोई अपने देश की सेवा में कम से कम तीन साल सेना से जुड़ सकता है।

    Army ज्वाइन कर सकेंगे आम नागरिक 3 साल के लिए, जानिए क्या है टूर ऑफ ड्यूटी | वनइंडिया हिंदी
    अभी तक कम से कम 10 वर्षों का है सबसे छोटा कार्यकाल

    अभी तक कम से कम 10 वर्षों का है सबसे छोटा कार्यकाल

    समाचार एजेंसी एएनआई की एक रिपोर्ट के अनुसार सेना के प्रवक्ता ने इस बात की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि देश की सर्वश्रेष्ठ प्रतिभा की पहचान कर उसे सुरक्षाबल में शामिल करन के लिए यह सेना के प्रयासों का एक हिस्सा है। बता दें कि वर्तमान में जो छोटे कार्यकाल हैं वह शॉर्ट सर्विस कमीशन के तहत 10 वर्षों का है। प्रवक्ता ने बताया कि बल के शीर्ष अधिकारियों द्वारा लघु सेवा आयोग की समीक्षा भी की जा रही है ताकि देश के ज्यादा से ज्यादा युवाओं को इस ओर आकर्षित किया जा सके।

    सेना में अधिकारियों की कमी

    बता दें कि भारतीय सेना पिछले कई वर्षों से अधिकारियों की कमी का सामना कर रही है जिसे जल्द से जल्द भरने की कोशिश की जा रही है। मालूम हो कि सेना में लघु सेवा आयोग पांच वर्षों के कार्यकाल का ही था लेकिन इसे और अधिक आकर्षक बनाने के लिए 10 साल का कर दिया गया था। कोरोना संकट में सेना इन दिनों काफी सावधानी बरत रही है। मंगलवार को पीएम मोदी के संबोधन के बाद से सेना ने एक बड़ा फैसला लिया है।

    सेना की कैंटीनों में मिलेगा सिर्फ स्वदेशी सामान

    सेना की कैंटीनों में मिलेगा सिर्फ स्वदेशी सामान

    पीएम मोदी के स्वदेशी अपनाने की अपील के बाद गृह मंत्रालय ने अब केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) की कैंटीनों और स्टोरों पर अब सिर्फ स्वदेशी उत्पादों की बिक्री का आदेश जारी किया है। कहा जाता है कि केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के 10 लाख जवानों के परिवार के 50 लाख सदस्य इन कैंटीन का इस्तेमाल करते हैं। निर्देश के मुताबिक 1 जून 2020 से देशभर के सभी (सीएपीएफ) की कैंटीनों और स्टोरों पर स्वदेशी सामान ही मिलेंगे। इसकी कुल खरीद लगभग 2800 करोड़ रुपये के करीब है।

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    English summary
    Common citizens will also be able to work in Indian Army for 3 years, know what is tour of duty
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