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क्या कांग्रेस की सरकार में बदला जाएगा हिमाचल की अटल टनल का नाम, सीएम सुक्खू ने दिया जवाब

इस वक्त हिमाचल प्रदेश में कैबिनेट विस्तार के अलावा अटल टनल को लेकर बड़ी खबर चल रही है। कयास लगाए जा रहे थे कि क्या अटल टनल का नाम कांग्रेस सरकार की तरफ से बदल दिया जाएगा। इसको लेकर सीएम का बड़ा बयान आया है।

Atal tunnel

अटल टनल के नाम को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। कई खबरों में दावा किया जा रहा था कि क्या प्रदेश में कांग्रेस सरकार आने के बाद टनल का नाम बदल दिया जाएगा। अब इसको लेकर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की तरफ से टनल का नाम नहीं बदला जाएगा। क्योंकि पूर्व प्रधानमंत्री का सम्मान करते हैं। लेकिन भाजपा को शिलान्यास करने वालों की गरिमा को बरकरार रखना चाहिए था। हम सभी प्रधानमंत्रियों का सम्मान करते हैं, लेकिन पट्टिका को पुरस्थापित करेंगे।

पत्रकारों से बात करने के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि न तो पट्टिका बदली जाएगी और न ही नाम बदला जाएगा। लेकिन अटल टनल का शिलान्यास जो कि रोहतांग टनल के नाम से जानी जाती है। उसका भारतीय जनता पार्टी ने नामकरण किया। उस नाम को हम बदलने वाले नहीं हैं, हम उनका भी सम्मान करते हैं। वे देश के प्रधानमंत्री थे हम उनकी गरिमा रखते हैं। लेकिन भाजपा का नेतृत्व करने वालों को इस टनल का शिलान्यास करने वालों की गरिमा का ध्यान रखना चाहिए था। श्रीमती सोनिया गांधी यूपी की चेयरपर्सन थीं। एके एंटोनी जी रक्षा मंत्री थे। डॉक्टर मनमोहन सिंह जी देश के प्रधानमंत्री थे। पर हिमाचल प्रदेश में सरकार भारतीय जनता पार्टी की थी। उस वक्त मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल थे।

ऐसे में टनल में धूमल का भी नाम है। टनल के लिए 4000 करोड़ रुपए भी दिए गए। हालांकि, उद्घाटन के समय हमारी सरकार न प्रदेश में थी और न ही केंद्र में। इस दौरान भाजपा नेतृत्व की तरफ से शिलान्यास की पट्टिका उतारकर रख दी गई। जो कि नहीं करना चाहिए। ऐसे में जो शिलान्यास की पट्टिका थी उसका हम फिर से नामकरण करेंगे। वहां हम खुद जाएंगे।

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    वहीं, कैबिनेट के गठन में हो रही देरी के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि कोई चुनौती नहीं है। निर्वाचित विधायकों से कैबिनेट का गठन होता है, विधायकों में से मुख्यमंत्री का चुनाव होता है। इसलिए, कोई चुनौती नहीं है। जल्द ही नई कैबिनेट का गठन कर दिया जाएगा। आपको बता दें कि हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार की वापसी 5 वर्षों बाद हुई है। पार्टी ने 2022 विधानसभा चुनावों में अच्छा प्रदर्शन करते हुए 40 सीटों पर जीत दर्ज की थी।

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