कोरोना के कहर के बीच अब ग्लेंडर बैक्टीरिया का प्रकोप, झज्जर में 2 घोड़े संक्रमित मिले

झज्‍जर। "कोरोना वायरस" के प्रकोप के बीच अब "ग्लेंडर वायरस" विपदा से भी कोहराम मच सकता है। ये रोग घोड़े जैसे जानवरों में सामने आता है। हरियाणा के झज्‍जर जिले में दो घोड़े इस रोग से संक्रमित मिले हैं। पशु पालन विभाग के उप निदेशक ने बताया कि, "ग्लेंडर" एक बैक्टीरियल बीमारी है। इस बीमारी के संदर्भ में लोगों को आगाह किया जा रहा है। लोगों से जानवरों की देखरेख करने के लिए कहा जा रहा है। उन्‍होंने कहा, "हमने 143 अश्व प्रजाति के जानवरों के खून के नमूने लैब भेजे थे। जिनमें से 2 जानवरों में इस बीमारी की पुष्टि हुई।"

Recommended Video

    Haryana के झज्जर में दो घोड़ें मिले Glender Virus Positive, प्रशासन अलर्ट | वनइंडिया हिंदी
    गुजरात में सामने आ चुके हैं ऐसे मामले

    गुजरात में सामने आ चुके हैं ऐसे मामले

    ग्लेंडर बीमारी के मामले इससे पहले गुजरात में सामने आ चुके हैं। पिछले साल यहां इस बीमारी की रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर 4 घोड़ों की जान चली गई थी। विशेषज्ञों का कहना है कि, यह रोग सामान्‍यत: घोड़ों को होता है। घोड़ों से होते हुए यह इंसानों को भी संक्रमित कर सकता है। ये बैक्‍टीरिया इतना तीक्ष्ण होता है कि हवा से फैलता है और जानवर या इंसान तेजी से चपेट में आ जाते हैं। मार्च 2020 के दौरान ग्लेंडर बीमारी का मामला गुजरात में संतरामपुर के प्रतापपुरा इलाके में सामने आया था।

    एक घोड़े की मौत हुई तो बाकी जिंदा मारने पड़े

    एक घोड़े की मौत हुई तो बाकी जिंदा मारने पड़े

    दरअसल, एक घोड़े की अचानक तबीयत बिगड़ी थी, जिस पर उसे अस्पताल ले जाया गया था। जहां जांच की गई तो घोड़े में ग्लेंडर की पुष्टि हुई। इलाज के दौरान ही उस घोड़े की मौत हो गई। जिसके बाद उस घोड़े के साथ रखे गए दूसरे घोड़ों की भी जांच की गई। तब सभी चार घोड़ों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। अंत में वन विभाग की ओर से उन सभी घोड़ों को जहरीला इंजेक्शन देकर मौत की नींद सुला दिया गया। घोड़ों की लाश को रिहाइशी इलाके से दूर दफनाया गया।

    176 जानवरों के सैंपल लैब में भेजे गए थे

    176 जानवरों के सैंपल लैब में भेजे गए थे

    "वनइंडिया हिंदी" की एक खबर में बताया गया कि, गुजरात में घोड़े पालने वाले अब्दुल सत्तार पठान का एक घोड़ा बीमार हुआ था। उसे पशु अस्पताल में ले जाया गया तो वहां उसकी मौत हो गई। जिसके बाद दूसरे घोड़े में भी ग्लेंडर की पुष्टि हुई। जिससे इलाके में हड़कंप मच गया, और फिर संतरामपुर शहर एवं तहसील के घोड़े, खच्चर तथा गधों समेत 176 जानवरों के सैंपल लैब में भेजे गए।

    स्थानीय प्रशासन अलर्ट हो गया। डॉक्‍टरों की सलाह पर लोगों के पालतू जानवरों की चेकिंग भी शुरू की गई। खुद एनिमल हसबेंडरी डिपार्टमेंट भी आस-पास के पालतू जानवरों की जांच कराने लगा, ताकि उस बीमारी को दूसरे जानवर में फैलने से रोका जा सके।

    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+