Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

DDU University: हीरक जयंती समारोह की बड़ी उपलब्धियां, कुलपति ने बताया क्यों है खास

UP Governor Anandiben Patel News DDU University Gorakhpur: हीरक जयंती समारोह के अवसर पर दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने कहा कि पिछले कई महीनों से चल रहे 100 से अधिक कार्यक्रम विविधता के साथ-साथ उत्साह और उमंग का उदाहरण हैं. शोध, शिक्षा व नवाचार की हमारी उपलब्धियों के पीछे कुलाधिपति जी की प्रेरणा व मार्गदर्शन है. सोशल आउटरीच प्रोग्राम समाज में रचनात्मक परिवर्तन का सूत्रपात करने के लक्ष्य से शुरू किया गया. प्राथमिक विद्यालय से लेकर उच्च शिक्षा तक समूचे अंचल को उल्लासित करने की दिशा में विद्यालय व महाविद्यालय कनेक्ट प्रोग्राम सार्थक सिद्ध हुआ. इसे कार्यक्रम के बजाय एक अभियान के रूप में देखा जा सकता है जिसमें युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का सुअवसर प्राप्त हुआ. इसमें 30 आंगनबाड़ी केंद्रों को सम्मानित किया गया है. कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की 100 छात्राओं का सर्वाइकल कैंसर उन्मूलन हेतु टीकाकरण हो रहा है. इस टीकाकरण हेतु 2000 का लक्ष्य रखा है.

उन्होंने कहा कि आज का दिन दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के इतिहास का एक महत्वपूर्ण अध्याय है। इस वर्ष हम अपनी स्थापना की हीरक जयंती मना रहे हैं। यह उत्सव हमारी 75 वर्षों की गौरवशाली यात्रा का प्रतीक है। यह एक ऐसा अवसर है जब हम अपनी उपलब्धियों का उत्सव मना रहे हैं. अपने गौरवशाली अतीत की स्मृतियां संजो रहे हैं और भविष्य की यात्रा के लिए अपनी क्षमताओं और सामर्थ्य को संयोजित कर रहे हैं। प्रो.नंदिता सिंह जी के संयोजन में संपन्न हो रहे इन कार्यक्रमों में विविधता और उत्साह दोनों बना रहा।

ddu vc

हमारा सौभाग्य है कि इस परिसर को हमेशा से कुलाधिपति जी का विशेष स्नेह, आशीष और मार्गदर्शन प्राप्त होता रहा है। विगत वर्षों में विश्वविद्यालय ने शोध, शिक्षा और नवाचारों के क्षेत्र में जो भी महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं उसके पीछे उन्हीं की प्रेरणा और मार्गदर्शन रहा है।

आज मैं कुलाधिपति जी को उनकी उस दूरदर्शी प्रेरणा के लिए हार्दिक कृतज्ञता ज्ञापित करना चाहती हूं, जिसके चलते आज का कार्यक्रम संभव और साकार हो सका है।

हीरक जयंती सोशल आउटरीच प्रोग्राम का यह कार्यक्रम माननीया कुलाधिपति जी के उस प्रेरणा पर आधारित है जिसमें विश्वविद्यालय और समाज के परस्पर जुड़ाव की कल्पना है। उनका हमेशा से यह मानना रहा है कि विश्वविद्यालय ज्ञान के आइवरी टॉवर मात्र नहीं हैं बल्कि उनका दायित्व समाज में परिवर्तन का सूत्रधार बनना भी है। बदलाव की उनकी इस कल्पना की शुरुआत छोटे बच्चों से है जो कल के भारत का भविष्य हैं।

इसी प्रेरणा से संयोजित इस "विद्यालय महाविद्यालय कनेक्ट प्रोग्राम" ने इस विश्वविद्यालय से संबद्ध तीन जनपदों क्रमशः गोरखपुर, कुशीनगर और देवरिया के शैक्षिक परिदृश्य को एक नया आयाम दिया है। इस कार्यक्रम ने प्राथमिक से उच्च शिक्षा तक के लगभग हजारों विद्यार्थियों के हृदय में उमंग और उत्साह का संचार किया है।

हमने प्रयास किया है कि हीरक जयंती का यह आयोजन समूचे अंचल को स्पंदित और आनंदित कर सके और विश्वविद्यालय की 75 वर्षों की यात्रा में हम उनके उल्लास को भी जोड़ सकें।

यह कार्यक्रम केवल प्रतियोगिताओं का आयोजन नहीं था, बल्कि यह एक ऐसा अभियान था जिसने युवा प्रतिभाओं को अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन करने का अवसर प्रदान किया। हमने क्रीड़ा, साहित्यिक और सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच दिया। इसके साथ ही, हमने आंगनवाड़ी केंद्रों को भी सम्मानित किया है जो समाज के कमजोर वर्गों को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

म कुलाधिपति जी की प्रेरणा से हम हीरक जयंती के कार्यक्रमों की श्रृंखला में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों की 100 छात्राओं के लिए सर्वाइकल कैंसर से बचाव हेतु टीकाकरण अभियान भी आरम्भ कर रहे है, जो एक विशेष पहल है। हमें यह बताते हुए खुशी है कि इस पुनीत कार्य में अनेक सामाजिक संगठनों और व्यक्तियों ने भी अपनी रुचि प्रदर्शित की है।

मैं इस कार्यक्रम की संयोजक प्रो. दिव्या सिंह और उनकी पूरी टीम को विशेष रूप से बधाई देना चाहती हूं जिन्होंने इस वृहद कार्यक्रम को अपने परिश्रम और उत्साह से सफल बनाया है। उनका और आयोजन से प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से जुड़े सभी व्यक्तियों का योगदान अत्यंत सराहनीय है।

हीरक जयंती वर्ष हमारे विश्वविद्यालय के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। हम भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन करते रहेंगे ताकि अपने विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में सहभागी बन सके। कुलाधिपति जी की प्रेरणा से आज हमारे विद्यार्थी एक साइकिल यात्रा की भी शुरुआत कर रहे हैं। यह यात्रा विद्यार्थियों को अपने अंचल के गौरव बिंदुओं और परिवेश से परिचित कराने के साथ साथ उनके शारीरिक स्वास्थ्य के लिए भी संजीवनी का कार्य करेगी।

हीरक जयंती वर्ष हमारी नई यात्रा का प्रस्थान बिंदु है। इस यात्रा को हमें और भी सुनहरी उपलब्धियों से परिपूर्ण बनाना है । मुझे पूर्ण विश्वास है कि माननीया कुलाधिपति जी के मार्गदर्शन और आप सभी के सहयोग से हम ऐसा कर पाने में अवश्य सफल होंगे।

हीरक जयंती समारोह के अन्तर्गत आयोजित *डिस्ट्रिक्ट कनेक्ट आउटरीच कार्यक्रम की संयोजक प्रो. दिव्या रानी सिंह* ने बताया कि अत्यंत वृहद स्तर पर डिस्ट्रिक्ट कनेक्ट कार्यक्रम आयोजित किया गया।

सांस्कृतिक, साहित्यिक तथा खेलकूद संबंधी प्रतियोगिताओं में गोरखपुर, देवरिया तथा कुशीनगर जनपद के लगभग सभी प्राथमिक, माध्यमिक और उच्च शिक्षा संस्थानों के विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। तीनों जनपदों से कुल 32000 छात्र-छात्राओं ने प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग किया, जिसमें लगभग 4000 प्रतिभागी जनपद स्तर के लिए चयनित हुए। अंतिम निर्णायक स्तर की प्रतियोगिता विश्वविद्यालय में आयोजित की गई।

*कुल 619 छात्र-छात्राएं विजयी घोषित, महामहिम के हाथों सम्मानित हुए 200 से अधिक विजेता प्रतिभागी*
विश्वविद्यालय स्तर पर आयोजित तीनों जनपद के प्रतिभागियों के बीच निर्णायक प्रतियोगिता में विभिन्न विधाओं के कुल 619 छात्र छात्राओं को विजयी घोषित किया गया। इन विजेता प्रतिभागियों में से 200 से अधिक को कुलाधिपति एवं राज्यपाल उ. प्र. महामहिम आनंदीबेन पटेल के हाथों मेडल एवं प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर विश्वविद्यालय के प्रति कुलपति प्रोफेसर शांतनु रस्तोगी, हीरक जयंती समारोह की संयोजक प्रोफेसर नंदिता आईपी सिंह, सोशल आउटरीच प्रोग्राम की संयोजक प्रोफेसर दिव्या रानी सिंह मंच पर मौजूद रहे तथा अपना महत्वपूर्ण उद्बोधन दिया. मंच का संचालन डॉ. तूलिका मिश्रा एवं आभार ज्ञापन प्रोफेसर नंदिता आईपी सिंह ने किया. इस दौरान गोरखपुर अंचल के विशिष्ट नागरिक, जनप्रतिनिधि, पत्रकार, आंगनबाड़ी से लेकर उच्च शिक्षा तक के विद्यार्थी व उनके माता-पिता, विश्वविद्यालय व महाविद्यालय के शिक्षक, शोधार्थी आदि बड़ी संख्या में मौजूद रहे.

ni
More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+