Ranveer Allahbadia Controversy: रणवीर इलाहाबादिया को SC ने दी राहत लेकिन जमकर लगाई डांट,जानें क्या-क्या कहा?
SC on Ranveer Allahbadia: सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर-पॉडकास्टर रणवीर इलाहाबादिया केस की सुनवाई मंगलवार को की। 'इंडियाज गॉट लैटेंट शो (India's Got Latent ेshow) में मां-बाप पर भद्दा कमेंट करते हुए अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने संबंधी मामले में SC ने रणवीर इलाहाबादिया को बड़ी राहत देते हुए उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है लेकिन शो में आपत्तिजनक भाषा के इस्तेमाल करने के लिए उनकी जमकर फटकार लगाई है। इतना ही नहीं कोर्ट ने शो' पर भी सवाल उठाए हैं।
सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस सूर्यकांत और एन कोटिस्वर सिंह की दो सदस्सीय बेंच ने मंगलवार को इस केस में सुनवाई की और वकील अभिनव चंद्रचूड़ से कई सवाल पूछे। आइए जानते हैं कोर्ट ने क्या-क्या कहा?

बता दें, जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एन कोटिस्वर सिंह की पीठ ने मंगलवार को रणवीर इलाहाबादिया द्वारा कई एआईआर के खिलाफ दायर रिट याचिका पर प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर रणवीर इलाहाबादिया को गिरफ्तारी से अंतरिम राहत दी। कोर्ट ने ये भी निर्देश दिए किए कि इस मामले में अब कोई एफआईआर दर्ज नहीं की जाए।
इसके साथ ही कोर्ट ने कुछ विशेष शर्तें भी रखीं। जिसमें कहा गया कि इलाहाबादिया को देश नहीं छोड़ना चाहिए, अपना पासपोर्ट सरेंडर करना चाहिए और अस्थायी रूप से इसी तरह के शो में भाग लेने से बचना चाहिए।
"घटिया भाषा का इस्तेमाल करके, वो..."
रणवीर इलाहाबादिया के वकील अभिनव चंद्रचूड़ ने जब रणवीर इलाबादिया को धमकी मिलने की बात कोर्ट में कही तब जस्टिस ने उनसे सवाल किया कि क्या आप रणवीर इलाबादिया की भाषा को लेकर उसे डिफेंड कर रहे हैं? जस्टिस सूर्यकांत ने कहा "इस तरह की घटिया भाषा का इस्तेमाल करके, वो पब्लिसिटी पाना चाहते हैं। ऐसे ही हो सकता है कि कुछ ऐसे होंगे जो धमकी देकर घटिया पब्लिसिटी चाहते हों।"
"मां-बाप, बहनें, बेटियां शर्मशार होंगे..."
सुप्रीम कोर्ट जस्टिस ने कहा "'इंडियाज गॉट लेटेंट' शो में जिस तरह का शब्द इस्तेमाल किए गए उससे ना केवल मां-बाप, बहनें, बेटियां शर्मशार होंगे बल्कि पूरा समाज रणवीर इलाहाबादिया की बात से शर्मासार होगा। जस्टिस ने कहा "इस व्यक्ति के दिमाग में कुछ गंदा है, जिसे इस कार्यक्रम के माध्यम से फैलाया गया है। ये विकृत मानसिकता है, आपने लोगों को अपनी मानसिक विकृति दिखाई है।"
"अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मतलब,कुछ भी बोलने की छूट नहीं"
सर्वोच्च न्यायालय ने इलाहाबादिया द्वारा इस्तेमाल की गई भाषा पर आपत्ति जताते हुए कहा "अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर किसी भी समाज के मानदंडों के खिलाफ कुछ भी बोलने की छूट नहीं है। जज ने कहा "समाज के कुछ स्व-विकसित मूल्य हैं आपको उनका सम्मान करना चाहिए।"
कोर्ट ने YouTube जैसे प्लेटफ़ॉर्म पर अश्लील सामग्री के प्रसार के बारे में भी चिंता व्यक्त की गई और न्यायालय ने ऐसी सामग्री को विनियमित करने के लिए केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने की मांग की।
क्या है पूरा मामला?
रणवीर इलाहाबादिया, जो अपने यूट्यूब चैनल बीयर बाइसेप्स के लिए जाने जाते हैं और विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उनके काफी प्रशंसक हैं, कॉमेडी शो के एक वीडियो के वायरल होने के बाद वो विवादों में घिर गए, जिसमें उनकी अनुचित टिप्पणी दिखाई गई। हालांकि इलाहाबादिया ने बिना शर्त माफ़ी मांगी लेकिन उनकी व्यापक निंदा हुई और जवाबदेही की मांग की गई और देश के विभिन्न शहरों में उनके खिलाफ एआईआर दर्ज की गई।
विवाद के बाद, इलाहाबादिया और शो में शामिल अन्य लोगों के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें कॉमेडियन समय रैना और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अपूर्व मखीजा और आशीष चंचलानी शामिल हैं।












Click it and Unblock the Notifications