घर में मरने वाली स्थिति में मिलीं दो बच्चियां, छोड़कर भाग गए मां-बाप
समयपुर बादली, दिल्ली। समयपुर बादली इलाके के राधा विहार में इंसानियत को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां पुलिस को एक कमरे में बंद मरनासन्न स्थिति में दो मासूम बच्चियां मिलीं। दोनों बच्चियां पिछले कई दिनों से घर में भूखी प्यासी थीं। उनके सिर के गहरे जख्मों में कीड़े रेंगते हुए मिले।

दोनों मरने की कगार पर पहुंच गईं थीं लेकिन उनको बचा लिया गया है। दोनों बच्चियों में अलका 8 साल की है जबकि ज्योति 3 साल की है। दोनों बच्चियां मां-बाप के साथ रहती थीं। पहले मां दोनों को छोड़कर गई और उसके बाद बताया जा रहा है कि 15 अगस्त को शराबी पिता भी बच्चियों को घर में बंद कर मरता छोड़कर भाग गया।

कमरे में रूह कंपाने वाला नजारा
कमरे में कई दिनों से बंद भूखी प्यासी बच्चियों के शरीर में कीड़े लगने लगे थे। जब कमरे से बदबू आने लगी तो लोगों ने पुलिस को खबर की। पुलिस जब कमरे में पहुंची तो दोनों बच्चियों की हालत रूह कंपाने वाली थी।
दोनों बच्चियां चारपाई पर बेहोश पड़ी थीं और मरने के कगार पर थीं। उनके सिर के पिछले हिस्सों को कीड़ों ने खा लिया था और बदन पर कीड़े रेंग रहे थे।
मां बेटे को साथ भागी, शराबी पिता बेटियों को छोड़कर भागा
पुलिस जांच में पता चला है कि बबलू अपनी पत्नी रोजी, एक बेटे और दो बेटियों के साथ इलाके में दो साल से रह रहा था। बबलू शराबी था और पत्नी से मार पीट करता था। पति की यातना से तंग आकर रोजी अपने बेटे को लेकर घर छोड़कर चली गई और बेटियों को पिता के भरोसे छोड़ दिया। इसके बाद बबलू भी बेटियों को मरता छोड़कर कमरे में बाहर से ताला लगाकर फरार हो गया। पुलिस बबलू और रोजी को तलाश रही है।
हॉस्पिटल में हैं दोनों बच्चियां, हालत में सुधार
पुलिस दोनों बच्चियों को बाबा साहेब अंबेडकर हॉस्पिटल ले गई जहां उनका इलाज किया जा रहा है। फिलहाल दोनों बच्चियों की हालत में सुधार है। दोनों की खबर आने के बाद उनको अपनाने के लिए लोग आगे आ रहे हैं। बच्चियों की दादी वृद्धाश्रम में रह रही हैं लेकिन उन्होंने उनको अपनाने से इनकार कर दिया।












Click it and Unblock the Notifications