10 साल के बेटे को बचाने में मां ने लगा दी जान की बाजी, सबको रुला गई दोनों की ऐसी विदाई

Bikaner News बीकानेर। हमेशा की तरह घर में कमला चूल्हे पर रबड़ी बना रही थी। छोटा बेटा सूर्या माँ के पास बैठा था। पति मांगीलाल घर के बाहर मजदूर का इंतजार कर रहा था। अचानक एक ब्लास्ट हुआ और घर में हाहाकार मच गया। कालचक्र गतिमान है, लेकिन यह किसी को नहीं पता था कि गतिमान कालचक्र से मांगीलाल के परिवार की सांसें थम जाएंगी।

mother and son killed in bikaner after lpg cylinder blast

घटना राजस्थान के बीकानेर के गंगाशहर थाना इलाके के कुम्हारों के मोहल्ला निवासी मांगीलाल प्रजापत के घर का। सोमवार की सुबह उसके परिवार के लिए काल बन कर ही आई थी। साइकिल पर बंधा हुआ सिलेण्डर फटने से मांगीलाल की 30 वर्षीय पत्नी कमला व 10 वर्षीय सूर्यप्रकाश की गंभीर झुलसने से मौत हो गई।

घर पर खाली हो गया था सिलेंडर

घर पर खाली हो गया था सिलेंडर

बताया जा रहा है कि मांगीलाल के घर में निर्माण कार्य चल रहा था तथा वह मजदूर के आने का इंतजार कर रहा था तभी एक मजदूर ने मांगीलाल को कॉल करके बताया कि उसके घर में गैस सिलेण्डर खाली हो गया है तो वह थोड़ा लेट पहुंचेगा। थोड़ी देर बाद वह मजदूर 9 बजे आने के बजाय 11.20 बजे मांगीलाल के घर पहुंचा। उसकी साइकिल के पीछे पांच किलोग्राम का गैस सिलेण्डर भरा हुआ था।

मजदूर ने कहा कि काम शुरू कर लेता हु उसके बाद सिलेण्डर अपने घर रख कर आ जाएगा। वक्त की निर्दयता कहें या काल का कुचक्र कि जो सिलेण्डर साइकिल पर बंधा था, वह अचानक ब्लास्ट हो गया और पास ही में जल रहे चूल्हे पर मांगीलाल की पत्नी रबड़ी बना रही थी। विस्फोट इतना भयावह था कि 15 फुट का स्थान बुरी तरह से क्षत-विक्षत हो गया।

पत्नी व बच्चे को बचा कर बाहर लेकर आया

पत्नी व बच्चे को बचा कर बाहर लेकर आया

विस्फोट की आवाज सुनते ही बाहर खड़ा मांगीलाल घर के अंदर घुसा और पत्नी व बच्चे को बचा कर बाहर लेकर आया, इस दौरन पत्नी कमला व बच्चे को बचाने के चक्कर मे मांगीलाल स्वयं भी झुलस गया। देखते ही देखते क्षेत्र में कोहराम मच गया, आसपास लोगों ने तुरन्त उन्हें ट्रोमा सेंटर भर्ती करवाया जहां देर रात दो बजे के करीब पहले बेटा और फिर उसकी माँ इस संसार को छोड़ गई।

उजड़ गया परिवार

उजड़ गया परिवार

गंगाशहर में महावीर चौक पर वर्षों से छत्तों का ठेला लगाने वाला मांगीलाल अपने हुनर के लिए पहचाना जाता है। जिसे भी यह दुखद समाचार मिला, हृदय द्रवित हो उठा। मांगीलाल के घर में उसके माता-पिता राधा देवी व तोलाराम प्रजापत का भी रो-रो कर बुरा हाल है। उनके सामने उनका पोता व बहू आग में जल गए। घर में मांगीलाल की 13 वर्षीय बेटी विनीता और 14 वर्षीय बेटा मनोज अपनी मां व छोटे भाई की इस दर्दनाक मौत से स्तब्ध हैं।

पूरी जिम्मेदारी थी कमला पर

पूरी जिम्मेदारी थी कमला पर

मांगीलाल के छत्तों की प्रशंसा भले ही पूरा गंगाशहर करता हो, लेकिन उन रसीले छत्तों की रबड़ी व शर्बत मांगीलाल की पत्नी ही बनाती थी। दो साल पहले दिवाली के आसपास मांगीलाल का सड़क पर एक्सीडेंट हो गया था। उस एक्सीडेंट के बाद मांगीलाल को चलने-फिरने में काफी असुविधा रहती थी। तभी से पत्नी कमला की जिम्मेवारी बढ़ गई थी। घर में शर्बत व रबड़ी तैयार करने के बाद ठेले को पूरी तरह तैयार करना और अपने बड़े बेटे मनोज के साथ उस ठेले को गंगाशहर के महावीर चौक तक पहुंचाना भी कमला की जिम्मेदारी बन गई थी।

ओवरफ्लो था सिलेण्डर

ओवरफ्लो था सिलेण्डर

बताया जा रहा है कि पांच किग्रा का सिलेण्डर साइकिल पर बंधा हुआ था, वह ओवरफ्लो था जिसके कारण यह ब्लास्ट हुआ। उपस्थित लोगों ने बताया कि लीकेज या कोई भी दूसरा कारण नहीं बल्कि सिलेण्डर ओवरफ्लो होना ही हादसे का बड़ा कारण रहा।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+