Rewa: फर्जी कलेक्टर बनना पड़ा युवक को भारी, पहुंच गया सलाखों के पीछे, फोन में अधिकारियों को देता था निर्देश
रीवा, 19 सितंबर। भाई को सरकारी नौकरी लगवाने के लिए रीवा कलेक्टर बनकर भोपाल के अधिकारी को फोन करना रीवा जिले के एक फर्जी कलेक्टर बनना युवक को भारी पड़ गया। अधिकारी ने युवक के निर्देश की फोन रिकॉर्ड कर रीवा कलेक्टर को व्हाट्सएप में सेंड कर दिया। और कलेक्टर ने रीवा पुलिस अधीक्षक को शिकायत कर कार्रवाई करने के लिए कहा। रीवा पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए युवक को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया।

हर हाल में नौकरी में रखने के लिए दिए थे निर्देश
इस समय एमपी ई-कॉम के माध्यम से शासकीय स्कूलों में कंप्यूटर ऑपरेटर के पदों में नियुक्तियां हो रही है। कंप्यूटर ऑपरेटर में अपने भाई गणेश द्विवेदी को नौकरी लगवाने के लिए यूपी के प्रयागराज निवासी नीलेश कुमार द्विवेदी ने रीवा कलेक्टर मनोज पुष्प के नाम से तीन दिन पहले भोपाल में ई-कॉम के वरिष्ठ सलाहकार कमलेश सेन को फोन किया, और निर्देश दिया कि आपको गणेश द्विवेदी की हर हाल में नियुक्ति करनी है।

अधिकारी ने किया बातचीत की रिकॉर्डिंग
कमलेश सेन को बातचीत के दौरान बात करने के ढंग से शंका हुई। उन्होंने कहा कि कुछ समय से बात करते हैं। इसके बाद सेन द्वारा मोबाइल फोन में रिकॉर्डिंग शुरू कर दी और निर्देश देने वाले नीलेश द्विवेदी को फोन किया, इस बार भी बदमाश की आवाज कलेक्टर जैसे पद में पदस्थ वरिष्ठ अधिकारी की नहीं लग रही थी। बात करने के बाद ई-कॉम के वरिष्ठ सलाहकार ने फोन रिकॉर्डिंग को रीवा कलेक्टर मनोज पुष्प को व्हाट्सएप में सेंड कर दिया।

आरोपी प्रयागराज से गिरफ्तार
फोन रिकॉर्डिंग सुनने के बाद रीवा कलेक्टर ने पुलिस अधीक्षक नवनीत भसीन को शिकायत भेजी और पुलिस अधीक्षक ने सिविल लाइन थाना प्रभारी को कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस ने तुरंत कार्यवाही करते हुए साइबर की मदद से लोकेशन ट्रेस करना शुरू कर दिया। उसकी लोकेशन प्रयागराज मिली। शातिर बदमाश को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।

बदमाश के कई थानों में आपराधिक प्रकरण दर्ज
घटना को लेकर पुलिस अधीक्षक अनिल सोनकर ने बताया कि नकली कलेक्टर बनकर भोपाल के अधिकारी को भाई की नौकरी के लिए फोन करने वाला बदमाश नीलेश कुमार द्विवेदी उम्र 28 साल को प्रयागराज से गिरफ्तार कर लिया गया है। साथ में ही 17 सितंबर को रीवा जिला न्यायालय में पेश किया गया है। इसके विरूद्ध पूर्व में भी समान थानए और चोरहटा थाने में कई प्रकरण दर्ज हैं।












Click it and Unblock the Notifications