Bhopal CAIT रिपोर्ट: नवरात्र से दिवाली तक 6.5 लाख करोड़ का व्यापार, शादियों से 6 लाख करोड़ का बूम, जानिए कैसे
त्योहारों की धूम अभी थमी भी नहीं थी कि शादियों का मौसम दस्तक दे चुका है। कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) ने नवरात्रि से दिवाली और फिर 1 नवंबर से 14 दिसंबर तक के शादी सीजन के बिजनेस को लेकर एक आर्थिक रिपोर्ट जारी की है, जो व्यापारियों के लिए खुशखबरी लाई है।
CAIT के महामंत्री और दिल्ली के चांदनी चौक से सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने भोपाल में दावा किया कि नवरात्रि से दिवाली तक देशभर में 6.5 लाख करोड़ रुपये का व्यापार हुआ, जबकि आगामी शादी सीजन से ही 6 लाख करोड़ का बिजनेस होने का अनुमान है।

जीएसटी स्लैब कटौती का असर साफ दिख रहा है, जिससे मध्य प्रदेश समेत पूरे देश में व्यापार में उछाल आया। भोपाल में आयोजित प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में खंडेलवाल ने यह आंकड़े पेश किए, जहां राष्ट्रीय संगठन मंत्री भूपेंद्र जैन, प्रदेश अध्यक्ष सुनील अग्रवाल समेत प्रमुख नेता मौजूद थे। आइए, जानते हैं इस रिपोर्ट की पूरी डिटेल - त्योहारों के व्यापार से लेकर शादियों के आर्थिक प्रभाव तक, और मध्य प्रदेश पर असर।
नवरात्रि से दिवाली तक का धमाका: 6.5 लाख करोड़ का व्यापार, जीएसटी कट का जादू
CAIT की रिपोर्ट के अनुसार, 2025 के त्योहारों ने व्यापार को नई ऊंचाई दी। नवरात्रि (2-10 अक्टूबर) से शुरू होकर दिवाली (1 नवंबर) तक का पीरियड देशभर के बाजारों में रौनक लेकर आया। खंडेलवाल ने भोपाल प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, "नवरात्रि से दिवाली तक साढ़े 6 लाख करोड़ रुपये का व्यापार हुआ। जीएसटी स्लैब कटौती (18% से घटाकर 5-12%) ने उपभोक्ताओं को सस्ता सामान उपलब्ध कराया, जिससे खरीदारी में 20% वृद्धि हुई।"
रिपोर्ट के मुख्य आंकड़े:
कुल व्यापार: 6.5 लाख करोड़ रुपये (पिछले साल के 5.8 लाख करोड़ से 12% अधिक)।
सेक्टर-वार ब्रेकडाउन:
- साड़ी-कपड़े: 1.8 लाख करोड़ (दिवाली खरीदारी में 30% उछाल)।
- आभूषण: 1.2 लाख करोड़ (गोल्ड-सिल्वर में 15% वृद्धि)।
- इलेक्ट्रॉनिक्स: 80,000 करोड़ (LED लाइट्स और डेकोरेशन में बूम)।
- मिठाई-फल: 70,000 करोड़।
छठ महापर्व का योगदान: अकेले छठ (5-7 नवंबर) से 50,000 करोड़ का बिजनेस। बिहार, यूपी, झारखंड में फल-सब्जी, पूजा सामग्री और मिठाई की बिक्री रिकॉर्ड स्तर पर।
मध्य प्रदेश का हिस्सा: 25,000 करोड़ (इंदौर, भोपाल, ग्वालियर में बाजार चमके)।
खंडेलवाल ने कहा, "GST कट ने मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा दिया। छोटे व्यापारी लाभान्वित हुए।" रिपोर्ट में कहा गया कि डिजिटल पेमेंट (UPI) ने 40% लेन-देन आसान किया।
शादी सीजन का अनुमान: 1 नवंबर से 14 दिसंबर तक 6 लाख करोड़ का बिजनेस, कैसे बनेगा रिकॉर्ड?
रिपोर्ट का मुख्य फोकस शादी सीजन पर है, जो 1 नवंबर से 14 दिसंबर तक चलेगा। CAIT के अनुसार, इस दौरान 12 लाख शादियां होंगी, जिनसे 6 लाख करोड़ का व्यापार होगा - पिछले साल के 5.2 लाख करोड़ से 15% अधिक। खंडेलवाल ने कहा, "शादियां अर्थव्यवस्था का इंजन हैं। GST कट और सस्ते आयोजन से मध्यम वर्ग खर्च बढ़ाएगा।"
शादी बिजनेस का ब्रेकडाउन:
- कपड़े-आभूषण: 2 लाख करोड़ (साड़ी, शेरवानी, ज्वेलरी में 25% ग्रोथ)।
- कैटरिंग-डेकोरेशन: 1.5 लाख करोड़ (बैंड, फ्लोरिस्ट, वेन्यू में बूम)।
- इलेक्ट्रॉनिक्स-गिफ्ट्स: 1 लाख करोड़ (TV, फ्रिज, गिफ्ट आइटम्स)।
- ट्रांसपोर्ट-ट्रैवल: 80,000 करोड़ (कार रेंटल, हनीमून पैकेज)।
- अन्य: 1.2 लाख करोड़ (मेकअप, फोटोग्राफी, सॉफ्टवेयर)।
मध्य प्रदेश में 40,000 शादियां अनुमानित, 20,000 करोड़ का बिजनेस। इंदौर-भोपाल के बाजार चमकेंगे। रिपोर्ट में कहा गया, "शादी उद्योग 10% GDP योगदान देता है। GST कट से 5 लाख नौकरियां सृजित होंगी।"
CAIT कार्यसमिति की रणनीति, ब्लूप्रिंट पर अमल
भोपाल में CAIT प्रदेश कार्यसमिति की बैठक खंडेलवाल ने ली। राष्ट्रीय संगठन मंत्री भूपेंद्र जैन, प्रदेश अध्यक्ष सुनील अग्रवाल, संगठन मंत्री राजकुमार गुप्ता, पूर्व सीजीएसटी कमिश्नर नवनीत गोयल, प्रदेश महामंत्री राजीव खंडेलवाल, सुनील जैन और जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र शर्मा मौजूद थे।
बैठक में चर्चा:
GST सुधार: स्लैब कट की सराहना, लेकिन 12% कैप की मांग।
शादी बिजनेस प्लान: लोकल व्यापारियों को प्राथमिकता, ऑनलाइन पोर्टल।
चुनौतियां: फेक बिलिंग, ऑनलाइन कॉम्पिटिशन। धर्मेंद्र शर्मा ने कहा, "अगले दिनों ब्लूप्रिंट तैयार होगा। शादी सीजन में 20% ग्रोथ लक्ष्य।"
मध्य प्रदेश पर असर: व्यापार उछाल, लेकिन चुनौतियां बरकरार
मध्य प्रदेश में त्योहारों से 25,000 करोड़ का व्यापार हुआ। शादी सीजन से 20,000 करोड़ अनुमान। इंदौर के साड़ी बाजार, भोपाल के ज्वेलरी हब चमकेंगे। लेकिन चुनौतियां: सप्लाई चेन, महंगाई। CAIT ने सरकार से सब्सिडी मांगी।
त्योहारों-शादियों का आर्थिक उत्सव, व्यापार का नया दौर
CAIT रिपोर्ट साफ कहती है - त्योहार और शादियां अर्थव्यवस्था की रीढ़। 6.5 लाख करोड़ से 6 लाख करोड़ का सफर व्यापार को नई गति देगा। जीएसटी कट का श्रेय, लेकिन ब्लूप्रिंट से अमल जरूरी। मध्य प्रदेश के व्यापारी उत्साहित - क्या रिकॉर्ड टूटेगा? हां, उम्मीद है। बाजार सजिए, खरीदारी कीजिए!












Click it and Unblock the Notifications