फीस वृद्धि को लेकर विरोध में उतरे इलाहाबाद यूनिवर्सिटी के छात्र, विश्वविद्यालय प्रशासन मौन
फीस वृद्धि को लेकर विरोध में उतरे इलाहाबाद यूनिवर्सिटी के छात्र, विश्वविद्यालय प्रशासन मौन
प्रयागराज, 21 सितंबर: 400 प्रतिशत फीस वृद्धि को लेकर पिछले कुछ दिनों से इलाहाबाद यूनिवर्सिटी में छात्रों का आंदोलन चल रहा है। आज यानी बुधवार को आंदोलन का 16वां दिन है। फीस वृद्धि को वापस लिए जाने के लिए छात्र अलग-अलग तरीके से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। तो वहीं, कुछ छात्रों ने मिट्टी का तेल छिड़कर सुसाइड करने का प्रयास भी किया। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी से छात्रों की जान बच सकी।

फीस वृद्धि को लेकर यूनिवर्सिटी के छात्र अपनी मांगों के समर्थन में इतना बवाल कर रहे हैं, लेकिन विश्वविद्यालय प्रशासन और स्टाफ इन लोगों से बातचीत करने के लिए तैयार नहीं है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, फीस वृद्धि को लेकर समाजवादी छात्र सभा ने अनशन शुरू कर किया था, जिसके बाद एनएसयूआई, एबीवीपी के छात्र भी इलाहाबाद विश्वविद्यालय द्वारा बढ़ाए गए फीस वृद्धि के विरोध में उतर आए। बता दें कि तीनों छात्र संगठन कैंपस में अलग-अलग जगह धरना प्रदर्शन कर रहे हैं।
खबर के मुताबिक, एनएसयूआई छात्र संघ भवन के अंदर तो वहीं समाजवादी छात्र सभा लाल पदम धर मूर्ति के सामने धरना दे रहा है। जबकि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद पूर्णकालिन अनशन इलाहाबाद विश्वविद्यालय डीएसडब्ल्यू कार्यालय के सामने जारी है। वहीं, समाजवादी छात्र सभा के अनशन पर बैठ 5 छात्र की तबियत खराब हो गई है। जैसे ही छात्र हॉस्पिटल में भर्ती होते हैं तो उनकी जगह दूसरे छात्र अनशन पर बैठ जा रहे हैं।
विश्वविद्यालय फीस वृद्धि के विरोध में कभी कैंपस में आर-पार की लड़ाई तो कभी विश्वविद्यालय की छत पर चढ़कर तो कभी आत्महत्या करने की कोशिश छात्र कर रहे हैं। इलाहाबाद यूनिवर्सिटी में शुरू होने वाले नए सत्र के छात्रों को अब बढ़ी हुई फीस दर के हिसाब से जमा करनी होगी। सभी कोर्सों में तकरीबन एक हजार रुपए सालान फीस लगा करती थी, जो 4 गुना हो गई है।












Click it and Unblock the Notifications