'दूर होने से डरती हूं, इसलिए जान देना ठीक रहेगा', सुसाइड नोट में ये बातें लिख महिला डॉक्टर ने लगाई फांसी
आगरा। आगरा शहर के वरिष्ठ चिकित्सक एससी अग्रवाल की पुत्रवधू डॉ. दीप्ति अग्रवाल ने बीते सोमवार को विभव नगर स्थित वैली व्यू अपार्टमेंट के अपने फ्लैट में फांसी लगा ली थी। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें फरीदाबाद रेफर कर दिया गया। हालत गंभीर होने पर डॉ. दीप्ति को वेंटिलेटर पर रखा गया था। इलाज के दौरान डॉ. दीप्ति ने दम तोड़ दिया। पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला था, जिसके आधार पर पुलिस अब मुकदमा दर्ज कर आगे की जांच कर रही है।
Recommended Video

कमरे में फांसी के फंदे से लटकी मिलीं थीं डॉ. दीप्ति
बता दें, डॉक्टर एससी अग्रवाल के बेटे अपनी पत्नी के साथ ताजगंज क्षेत्र में रहते हैं। पति-पत्नी स्वयं भी डॉक्टर ही हैं। जब वह काम खत्म कर घर वापस लौटे तो उन्होंने नौकरानी से अपनी पत्नी के बारे में पूछा। नौकरानी ने बताया कि वह अपने कमरे में ही होंगी, जब डॉक्टर ने कमरे का दरवाजा खटखटाया तो अंदर से कोई भी प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद दरवाजा तोड़ दिया गया। दरवाजा तोड़ने के बाद डॉक्टर ने देखा तो उनके हाथ-पैर फूल गए। उनकी पत्नी फंदे पर लटकी हुई थी। आनन-फानन में फंदे से उतारकर उन्हें अस्पताल में लाया गया, फिर उसके बाद बेहतर इलाज के लिए फरीदाबाद भेजा गया। इलाज के दौरान डॉक्टर दीप्ति की मौत हो गई।

सुसाइड नोट में लिखी ये बातें
पुलिस को जो सुसाइड नोट मिला था उसमें लिखा था, ''मैं अपनी जिंदगी से हार गई। न कुछ कर पाई न कर पाऊंगी। माफ कर दीजिएगा आप सुमित। सुनिए इनाया का मेरी ख्याल रखिएगा। आपके मम्मी-पापा से भी माफी मांगती हूं। हो सके तो माफ कर देना। शायद मैने देरी कर दी। क्रिशिव के साथ चले जाना चाहिए था। मेरे मरने के बाद मेरा सब कुछ इनाया का। बस ये ही गुजारिश करूंगी डॉक्टर साहब। इनाया का ख्याल रखना और प्लीज इनाया के लिए किसी की बातों में मत आना। पता है जो करने जा रही हूं वह ठीक नहीं। बहुत प्यार करती हूं आपसे, इसलिए अलग होने से भी डरती हूं। इसलिए जान देना ही ठीक रहेगा। कोसी वाले मम्मी-पापा से भी कहना अपना ख्याल रखें। बस आप मेरी इनाया का ख्याल रखना।- हनी''

पुलिस कर रही तफ्तीश
डॉक्टर दीप्ति के सुसाइड नोट में आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। बताया जा रहा है कि घटना से कुछ घंटे पहले तक वह बिल्कुल ठीक थीं। थाना ताजगंज के प्रभारी निरीक्षक नरेंद्र कुमार के मुताबिक, डॉक्टर दीप्ति के पिता मंगला कोसी में रहते हैं। घटना वाले दिन डॉक्टर दीप्ति का भाई और मां आए थे। उनकी मौजूदगी में फोरेंसिक टीम ने फ्लैट में छानबीन की थी। उन्होंने कहा कि सुसाइड नोट जांच के लिए फोरेंसिक लैब भेजा जाएगा, जिससे हैंड राइटिंग का मिलान हो सके।












Click it and Unblock the Notifications