जिंदगी में कुछ भी बनो पर 'मायावती' ना बनना: आजम खां

मेरठ स्थित चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के प्रेक्षागृह में राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर आजम खां ने ‘पढ़े बेटियां...बढ़े बेटियां तथा हमारी बेटी उसका कल' योजना के तहत 828 बालिकाओं को तीस-तीस हजार रुपए की धनराशि के चैक वितरण किया। इस अवसर पर मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए आजम खां ने कहा कि मुझे नहीं पता कि इस लड़कियों का भविष्य क्या हैं या फिर वो बड़ी होकर क्या बनेंगी? मगर मैं दुआ करना चाहूंगा कि वो कुछ भी बनें पर 'मायावती' ना बनें। उन्होंने कहा कि हमारी लड़ाई समाज के उस वर्ग से है जो बेटियों के साथ अन्याय करता है। आदिकाल में असभ्य समाज में बच्चा होने से पूर्व गड्ढा खोद दिया जाता था।
लड़की होने पर उसे मार दिया जाता था। लेकिन उसका अपराध तो क्षम्य था, क्योंकि वह असभ्य थे। लेकिन आज पढ़े लिखे समाज में महिलाओं के गर्भ में पलने वाले बच्चों का लिंग परीक्षण कराया जाता है और उसकी हत्या किया जाना किसी भी दशा में क्षम्य नहीं है और ऐसे अपराधियों को सख्त सजा होनी चाहिए। आजम खां ने मायावती पर हमला बोलते हुए कहा कि जब जिंदा हुक्मरान अपनी मूर्ति बनवाते हैं तो इंकलाब आता है। चाहें वो सद्दाम हुसैन हो या फिर मायावती।












Click it and Unblock the Notifications