जहरीली चाय पीने से महिला और बच्ची की मौत

पोस्टमार्टम के बाद शव तो परिजन घर ले गए लेकिन अन्य लोगों ने हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाइवे पर रास्ता अवरुद्ध कर दिया। लोग सड़क के बीचोंबीच बैठ गए और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। क्योड़क बस्ती के निवासी राजकुमार, सूबेदार भरत सिंह, रोहताश कैलरम, बलजीत और रामेश्वर ने बताया कि सभी 13 लोगों को रविवार शाम को अस्पताल लाया गया लेकिन मरीजों को उचित इलाज नहीं मिला। मजबूरन परिजनों को सभी मरीजों को शाह अस्पताल ले जाना पड़ा।
जहां दो मरीजों की मौत हो गई। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग और डाक्टरों की लापरवाही के कारण ही जान गई है। उन्होंने प्रदेश सरकार से पीडि़त परिवारों को दस-दस लाख रुपए मुआवजा देने की मांग की। वहीं एडीसी ने मंगलवार को बातचीत कर हरसंभव मदद करने का आश्वासन दिया। इसके बाद लोगों ने जाम खोल दिया। वेंटीलेटर पर रखे गए किसान इंद्र सिंह, पतासो देवी, संतोष, शांति देवी, पूनम, अजय, संजू, मोहित, संजू गंभीर हालत में हैं।












Click it and Unblock the Notifications