पुलिस पर फर्जी मुठभेड़ में जवान को मारने का आरोप

कुलदीप सिंह के पिता वीर सिंह ने फर्जी मुठभेड़ का आरोप लगाते हुए मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। उन्होंने कहा पुलिस ने पहले कुलदीप की बुरी तरह पिटाई की फिर उसे मार डाला।

वहीं पुलिस का कहना है कि 22 वर्षीय कुलदीप का एक दोस्त गौरव शातिर अपराधी था। दोनों शुक्रवार को मथुरा से एक कार चुराकर भा रहे थे।

बुलंदशहर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नीलेश कुमार ने संवाददाताओं से कहा कि मुठभेड़ सही थी। दोनों कार चुराकर भाग कर रहे थे। जब पुलिस ने उन्हें जीटी रोड पर रोका तो दोनों ने गोलियां चलानी शुरू कर दी। इसमें एक पुलिसकर्मी घायल हो गया। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की जिसमें कुलदीप को गोलियां लगीं और उसका साथी गौरव भागने में कामयाब रहा।

राज्य के अपर पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) बृजलाल ने लखनऊ में संवाददाताओं को बताया कि पुलिस की तरफ से बचाव में चलाई गई गोली से एक बदमाश को गोली लग गई। उस समय उसकी शिनाख्त नहीं हो पाई थी। उसे अस्पताल ले जाया गया जहां उसकी मौत हो गई। उसके कब्जे से एक पिस्तौल और कई कारतूस बरामद किए गए हैं।

बृजलाल ने कहा कि बाद में मृतक की पहचान सेना के जवान कुलदीप सिंह निवासी खैर जनपद अलीगढ़ के रूप में हुई, जो गौरव नाम के बदमाश के साथ फरार था। उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।

लाल के मुताबिक कुलदीप राजस्थान रायफल्स की 15वीं बटालियन में पिछले तीन साल से रायफलमैन था और पंजाब के अबोहर में तैनात था।

कुलदीप दो महीने की छुट्टी पर आया था और 12 मई को उसे वापस ड्यूटी पर जाना था। कुलदीप के परिजनों का कहना है कि वह घर से खरीदारी के लिए निकला था।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+