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TB रोग से जुड़ी ये 10 बातें आप सभी को जाननी चाहिए

विश्व टीबी दिवस हर साल 24 मार्च को मनाया जाता है। इसे क्षय रोग ट्यूबरकुलोसिस, तपेदिक नामों से भी जाना जाता है। ये एक जानलेवा बीमारी है।
क्षय रोग यानी टीबी, ट्यूबरकुलोसिस, तपेदिक एक गंभीर संक्रमण बीमारी है, जो खांसने या छींकने से फैलता है।
विश्व टीबी दिवस हर साल 24 मार्च को मनाया जाता है। टीबी मुख्य रूप से फेफड़ों को प्रभावित करता है।
टीबी ठीक होने वाली बीमारी है, मेडिकल साइंस में इसका इलाज भी है। लेकिन इसके साथ ये भी सच है कि ये एक जानलेवा बीमारी है।
टीबी को खत्म करने के वैश्विक प्रयासों के तहत साल 2000 से अब तक 66,000,000 लोगों की जान बचाई जा चुकी है।
टीबी से हर दिन दुनियाभर में 4100 से अधिक लोगों की मौत होती है।
करीब 28,000 लोग हर दिन ट्यूबरकुलोसिस बीमारी का शिकार होते हैं।
दुनिया की लगभग एक चौथाई आबादी टीबी बैक्टीरिया से संक्रमित है।
एचआईवी के साथ रहने वाले व्यक्ति में सक्रिय टीबी विकसित होने की संभावना लगभग 20 गुना अधिक होती है।
डब्ल्यूएचओ एंड टीबी रणनीति 2015 और 2030 के बीच टीबी से होने वाली मौतों को 90% तक कम करने और नए मामलों में 80% की कटौती करने के लिए वैश्विक प्रभाव लक्ष्यों की रूपरेखा तैयार की गई है।
सिर्फ साल 2020 में 9,900,000 लोग टीबी से बीमार हुए, जिसमें से 1,500,000 लोगों की टीबी से मौत हो गई।