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Ugadi 2022: क्यों मनाते हैं 'उगादी', क्या है पूजा का मुहूर्त ?

उगादी पर्व को चैत्र शुक्ल की प्रतिपदा तिथि को मनाया जाता है।
इस पर्व को प्रमुख रूप से दक्षिण भारत के राज्यों कर्नाटक और आंध्र प्रदेश में मनाया जाता है।
मुहूर्त: 1 अप्रैल को दोपहर 11:56 बजे उगादी तिथि का आरंभ हो गई है जो कि 02 अप्रैल की दोपहर 12 बजकर 10 मिनट पर समाप्त होगी।
इस दिन को उत्तर भारत में हिन्दुओं के नए साल के रूप में मनाया जाता है। शास्त्रों के अनुसार इस दिन भगवान राम का राज्याभिषेक और सतयुग का प्रारंभ हुआ था।
इस तिथि को देवी उपासना का पर्व चैत्र नवरात्र का आरंभ होता है। वैसे चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के दिन महाराज युधिष्ठिर का भी राज्याभिषेक हुआ था और इसी दिन हिंदू नववर्ष विक्रम संवत का प्रारंभ हुआ था।
इस तिथि को उज्जैन के महाराज विक्रमादित्य ने शकों पर जीत हासिल की थी और जिसके बाद विक्रम संवत की शुरूआत हुई थी।
इस दिन लोग ब्रह्माजी जी की पूजा करते हैं।
इस दिन घरों में पकवान बनते हैं और लोग उत्सव मनाते हैं।
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