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MP के बांस से बन रहे घर और पवन चक्की के पंख, जानिए क्या है खासियत

मध्यप्रदेश का देवास जिला बांस उत्पादन के लिए अपनी अलग पहचान रखता है, जहां देवास जिले का बांस कई अलग-अलग तरह की सामग्री बनाने के लिए उपयोग किया जाता है।
Naman Matke
देवास में लगने वाले बांस से बांसुरी और घरेलू सामान की अलग-अलग वस्तुएं निर्मित की जाती हैं, लेकिन अब यहां के बांस का डेनमार्क में बनने वाली पवन चक्की के पंख बनाने के लिए उपयोग किया जाएगा
देवास में लगने बांस अच्छी क्वालिटी के होते हैं। यही कारण है कि, इनसे अलग-अलग तरह की वस्तुएं निर्मित की जाती है।
देवास में आर्टीशन कंपनी यानी आर्ट इज कला स्थित है, जहां से प्रोसेस बांस का फाइबर डेनमार्क भेजा जाएगा, जिससे डेनमार्क की कंपनी पवन चक्की में लगने वाले पंखे यानी ब्लेड का निर्माण कर सकेंगे।
देवास में लगभग 19 एकड़ में फैले बांस के प्लांट में बांस की खेती से लेकर बांस के अलग-अलग तरह के आकर्षक और सुंदर सामग्री बनाने का काम किया जाता है।
बांस की विश्व में करीब 1380 प्रजातियां पाई जाती है, जिनमें सबसे अच्छी प्रजाति के बांस भारत में ही पाए जाते हैं, उनमें भी मध्यप्रदेश के देवास में पाए जाने वाले बांस की क्वालिटी काफी अच्छी रहती है।
इस प्लांट में बांस के उत्पादन से लेकर बांस के उत्पाद बनाने तक का कार्य किया जाता है। साथ ही यहां बांस किसानों से खरीदे भी जाते हैं।
प्लांट में कर्मचारियों द्वारा बांस के पौधे तैयार कर किसानों को उपलब्ध कराए जाते हैं, वहीं फिर यह बांस के पौधे किसानों तक पहुंचते हैं, जहां किसान इस पौधे से बांस तैयार कर कंपनी को बेच देता है।
देवास में बांस से अलग-अलग तरह के उत्पाद बनाने का यह प्लांट विश्व का एकमात्र और अनूठा प्लांट है, जहां बांस के अलग-अलग उत्पाद तैयार किए जाते हैं।
बांस के उत्पाद बनाने का यह कारखाना साल 2014 में देवास में स्थापित हुआ था। वहीं अब यहां सैकड़ों कर्मचारी काम करते हैं, और आत्मनिर्भर भारत का सपना भी साकार कर रहे हैं।