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Kalashtami 2021: कालाष्टमी आज, भय मुक्त रहना है तो कीजिए काल-भैरव की आरती

By पं. ज्ञानेंद्र शास्त्री
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नई दिल्ली, 2 जून। आज कालाष्टमी है। आज का दिन भगवान भैरव को समर्पित है,माना जाता है कि भगवान भैरव शंकर भगवान के ही अवतार है, इन्हें काशी का कोतवाल भी कहा जाता है। कहते हैं कि काशी विश्ननाथ का दर्शन तब तक अधूरा है, जब तक इंसान काल भैरव का दर्शन नहीं करता है। इसलिए जो लोग बाबा विश्ननाथ के दर्शन के लिए बनारस आते हैं, वो पहले काल भैरव का दर्शन करने जाते हैं। मालूम हो कि काल भैरव की पूजा करने से इंसान के अंदर का भय समाप्त हो जाता है और वो साहसी और पराक्रमी बनता है। काल भैरव भक्त के ऊपर आई सारी परेशानियों का अंत कर देते हैं।

कालाष्टमी आज, भय मुक्त रहना है तो कीजिए काल भैरव की आरती

काल भैरव की आरती

जय भैरव देवा, प्रभु जय भैरव देवा।
जय काली और गौरा देवी कृत सेवा।।जय।।
तुम्हीं पाप उद्धारक दुख सिंधु तारक।
भक्तों के सुख कारक, भीषण वपु धारक।।जय।।
वाहन शवन विराजत कर त्रिशूलधारी।
महिमा अमिट तुम्हारी, जय जय भयकारी।।जय।।
तुम बिन देवा सेवा सफल नहीं होवे।
चौमुख दीपक दर्शन दुख सगरे खोंवे।।जय।।
तेल चटकि दधि मिश्रित भाषावलि तेरी।
कृपा करिए भैरव करिए नहीं देरी।।जय।।
पांव घुंघरू बाजत अरु डमरू डमकावत।
बटुकनाथ बन बालक जन मन हर्षावत।।जय।।
श्री बटुकनाथ जी की आरती जो कोई नर गावें।
कहें धरणीधर नर मनोवांछित फल पावें।।जय।।

कालाष्टमी आज, भय मुक्त रहना है तो कीजिए काल भैरव की आरती

कालाष्टमी शुभ मुहूर्त

  • कलाष्टमी तिथि प्रारंभ: 02 जून को रात्रि 12 बजकर 46 मिनट से
  • कलाष्टमी तिथि समाप्त: 03 जून को रात्रि 01 बजकर 12 मिनट पर

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कालाष्टमी आज, भय मुक्त रहना है तो कीजिए काल-भैरव की आरती

काल भैरव की पूजा इन मंत्रों से कीजिए

  • अतिक्रूर महाकाय कल्पान्त दहनोपम्
  • भैरव नमस्तुभ्यं अनुज्ञा दातुमर्हसि!!

कालाष्टमी की खास बातें

काल भैरव की सवारी श्वान यानी कुत्ता है इसलिए आज के दिन कुत्ते को भोजना कराने से भगवान भैरव प्रसन्न होते हैं।

कालाष्टमी की कैसे करें पूजा

काल भैरव की पूजा संध्याकाल या रात में होती है। उनकी फोटो या मूर्ति के सामने सरसों के तेल का दीपक जलाकर उनका ध्यान करना चाहिए। उन्हें प्रसाद के रूप में उड़द या दूध की बनी हुई चीजें चढ़ाई जाती हैं। कहीं-कहीं पर कुछ लोग उन्हें मदिरा भी अर्पित करते हैं। जो लोग तंत्र-मंत्र की विद्या पर भरोसा करते हैं वो आज के दिन काल भैरव की विशेष पूजा करते हैं। कुछ लोग काल भैरव की पूजा एकांत में करना पसंद करते हैं।

English summary
Kalashtami Today, here is Kalabhairava Puja Vidhi, Shubh Muhurat, Arti and Mantra. Please Have a Look.
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