UP Electiomn: यूपी में चुनाव टलने की अटकलों पर छिड़ी बहस, जानिए राजभर ने क्यों किया सांड़ का जिक्र
लखनऊ, 25 दिसंबर: उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले चुनाव को लेकर जहां सभी राजनीतिक दल अपनी अपनी तैयारियों में जुट गए हैं वहीं दूसरी ओर पिछले दो दिनों से यूपी के सत्ता के गिलयारों में यह बहस छिड़ी हुई है कि क्या वाकई में विधानसभा चुनाव टलने वाले हैं। कई अधिकारी दबी जुबाान में इस बात को स्वीकार कर रहे हैं कि अगर धुंआ उठा है तो कहीं न कहीं आग जरूर लगी है लेकिन कोई भी खुलकर बोलने को तैयार नहीं है। इस बीच एसबीएसपी के चीफ ओम प्रकाश राजभर ने मोदी के गाय वाले बयान पर चुटकी लेते हुए कहा कि अगर गाय हमारी माता है तो सांड़ को क्या कहा जाएगा।

शिवपाल और अखिलेश के बीच सीटों को लेकर उहापोह की स्थिति
उत्तर प्रदेश में चुनाव को लेकर अखिलेश यादव अपनी तरफ से तैयारियों में जुटे हुए हैं वहीं दूसरी ओर शिवपाल यादव भी अब पूरी तैयारी के साथ भतीजे के साथ चुनावी मैदान में उतरने की तैयारी कर रहे हैं लेकिन विपक्षी इस बात पर चुटकी ले रहे हैं कि ये नई सपा नहीं वही सपा है क्योंकि शिवपाल अपने सिंबल पर नहीं बल्कि समाजवादी पार्टी के सिंबल पर ही चुनाव लड़ने पर विचचार कर रहे हैं। इसीलिए अखिलेश और शिवपाल के बीच सीटों को लेकर कोई समझौता नहीं हो पा रहा है। दरअसल इस बात की अटकलें लगाई जा रही हैं कि ऐसी संभावना है कि इस बार शिवपाल यादव को उनका सिंबल न मिले ऐसी परिस्थितियों में भी वह चुनाव लड़ने की तैयारी में जी जान से जुटे हुए हैं।

राजभर ने क्यों कहा ...गाय हमारी माता है तो सांड क्या है
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने काशी में 23 दिसंबर की रैली में कहा था कि गाय कुछ लोगों के लिए गुनाह हो सकती है, लेकिन हमारे लिए मां है और पूजनीय है। बनास डेयरी की आधारशिला रखते हुए उन्होंने कहा था कि यह यूपी में श्वेत क्रांति की शुरुआत है। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने वाराणसी में मोदी के दिए भाषण पर कई सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि गाय हमारी माता है, तो सांड़ क्या है? सांड़ तो किसानों का धन दोगुना करते हैं, इस पर मोदी क्यों नहीं बोलते? सड़क पर 70 फीसदी एक्सीडेंट भी उनकी वजह से होते हैं, इस पर पीएम क्यों नहीं बोलते?
Recommended Video

योगी ने आयकर छापों को लेकर क्यों मांगी सफाई
पिछले दो तीन दिनों से अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी चर्चा का केंद्र बनी हुई है। समाजवादी पार्टी के इत्र को लेकर चर्चाएं आम हैं। अब अखिलेश के करीबियों के यहां इनकम टैक्स के छापों से सियासत फिर से गरमा गई है। योगी ने एक निजी चैनल को दिए साक्षात्कार में कहा कि जांच एजेंसियां अपना काम करती हैं उनका सरकार से कोई लेना देना नहीं होता है। जिस तरह से कुछ लोगों के पास से नोटों की गडि्डयां पकड़ी जा रही हैं उससे यही लगता है कि जो कार्रवाई हुई है वह सही दिशा में जा रही है। अखिलेश यादव को इसपर कोई कष्ट हो रहा है तो उनको आगे आकर इस बात की सफाई देनी चाहिए कि जिन लोगों के पास से करोड़ों रुपए नकद मिल रहे हैं उनके पीछे की सच्चाई क्या है। वहीं दूसरी ओर शनिवार को अखिलेश यादव ने इनकम टेक्स के छापों को लेकर ट्वीट कर सरकार पर निशाना साधा।

सत्ता के गलियारे में चर्चा क्या वाकई टलेगा यूपी का चुनाव
उत्तर प्रदेश में अगले साल की शुरुआत में होने वाले चुनाव को लेकर अब यूपी में नई बहस छिड़ी है। बीजेपी के राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने एक ट्वीट कर इस बात की ओर इशारा किया था कि यूपी में अगले साल होने वाले चुनाव छह महीने के लिए टाले जा सकते हैं। इसको लेकर यूपी में सत्ता के गलियारों में भी काफी चर्चा है। कई अधिकारियों का कहना है कि दिल्ली से लेकर लखनऊ तक ऐसी सुगबुगाहट देखी जा रही है कि चुनाव टाला जा सकता है। हालांकि इस पर कोई भी अधिकारी खुलकर बोलने को तैयार नहीं है लेकिन विश्वस्त सूत्रों के अनुसार अगर धुआं उठा है तो आग कहीं न कहीं जरूर लगी है।












Click it and Unblock the Notifications