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यूपी : कावड़ यात्रा नहीं निकलने देने से नाराज हिंदुओं का एलान, कहा कर लेंगे इस्लाम कबूल

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बरेली। उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के थाना क्षेत्र बिथरी चैनपुर में कांवड़ यात्रा निकालने का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। पुलिस प्रशासन ने अपनी कार्रवाई में दोनों पक्षों के 725 लोगो पर एफआईआर दर्ज किया है। वहीं कावड़ यात्रा नहीं निकलने से नाराज ग्रामीण मुस्लिम धर्म कबूल करने की बात कहकर प्रशासन पर दवाब बना रहे हैं।

कांवड़ यात्रा नहीं निकलने देने से नाराज ग्रामीणों का एलान, इस्लाम कबूल करने की दी धमकी

दरअसल बिथरी विधायक पप्पू भरतौल ने पिछले रविवार कांवड़ियों से खजुरिया जाकर कहा था कि कावड़ यात्रा मुस्लिम बाहुल्य गांव उमरिया से होकर ही निकलेगी जिसके बाद उमरिया के ग्रामीणों ने इसका विरोध किया था। मौहाल खराब देखते हुए डीएम वीरेंदर सिंह ने कावड़ यात्रा निकालने की अनुमति नहीं दी थी। नाराज कावड़ियों ने गांव के ही शिव मंदिर के बाहर धरना देने बैठ गए थे।

एसडीएम सदर एमपी सिंह का कहना है कि गांव से धरना समाप्त हो गया है और अब कोई विवाद नहीं है। वहीं एसपी सिटी का कहना है कि कल दोनो समुदाय के लोग सड़क पर आ गए थें और हंगामा कर रहे थे जिस वजह से दोनों समुदाय के 725 लोगो पर पुलिस की तरफ से एफआईआर दर्ज की गई है।

खजुरिया गांव के लोगों का कहना है कि योगी सरकार हिन्दू विरोधी है और अब वो लोग धर्मांतरण करेंगे। ग्रामीण प्रदीप मिश्रा का कहना है कि अब वो चोटी कटवाकर मुस्लिम धर्म कबूल करेंगे। उन्होंने कहा कि सिर्फ 5 कांवड़ियो को प्रशासन ने कहा था कि वो अपनी गाड़ी से जल लेने जाएंगे लेकिन प्रशासन उतना भी नहीं कर सकी और मुस्लिम लोगों के आगे झुक गई। जबकि उमरिया गांव की सरकारी सड़क है।

कावड़ यात्रा की परमीशन नही मिलने से खजुरिया गांव के लोगों में जबरदस्त आक्रोश है उनका कहना है कि वो मोहर्रम में ताजिये किसी भी कीमत पर नहीं निकलने देंगे। विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष पवन अरोड़ा अपने कार्यकर्ताओं के साथ खजुरिया गांव में धरने पर बैठ हुए हैं। पवन अरोड़ा का कहना है कि जिला प्रशासन की तरफ से एक सहमति बनी की केवल 5 लोग कावड़ लेकर जाएंगे। जिनको पुलिस ले जाएगी लेकिन प्रशासन उसमे भी डर गया। उन्होंने कहा कि आजाद देश में हमे कावड़ भी नहीं ले जाने दिया जा रहा है। उन्होंने कहा खासतौर पर हिन्दुओं को अपने ही देश मे इस तरह का अपमान सहना पड़ा है ये बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। उमरिया गांव के दूसरे पक्ष का यह कहना है कि वह किसी हालत में कावड़ नहीं निकलने देंगे। आशंका जताई जा रही है कि इस क्षेत्र से ताजिए निकालने के दौरान बड़ा विवाद हो सकता है।

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English summary
The announcement of angry villagers that administration did not permit them for kawad yatra bareilly
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