Rajnath Singh के भतीजे की दर्दनाक मौत, सदमें में बहू कौन? 2 साल पहले हुई थी शादी-पीछे छूटा 11 माह का बेटा
Rajnath Singh Family Tragedy: देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के परिवार पर बीते दो दिनों में दुखों का ऐसा दौर आया है, जिसने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। परिवार ने लगातार दो दिनों के भीतर दो करीबी सदस्यों को खो दिया। पहले 29 वर्षीय भतीजे का असमय निधन हुआ और फिर अगले ही दिन परिवार से जुड़े एक अन्य रिश्तेदार के निधन की खबर ने माहौल को और अधिक गमगीन बना दिया।
बताया जा रहा है कि 11 और 12 जून के बीच हुई इन दोनों घटनाओं ने परिवार के सभी सदस्यों को झकझोर कर रख दिया है। सबसे अधिक दर्दनाक पहलू यह है कि दिवंगत भतीजे की शादी को अभी केवल दो साल ही हुए थे और उनके परिवार में एक 11 महीने का बेटा भी है, जो अभी इतना छोटा है कि उसे अपने पिता के निधन का एहसास तक नहीं है।

परिजनों के मुताबिक पत्नी अभी भी इस सदमे से उबर नहीं पा रही हैं। पति की अचानक मौत ने उन्हें मानसिक रूप से झकझोर दिया है। रिश्तेदार और राजनीति से जुड़े करीबियों का लगातार परिवार को सांत्वना देने का तांता लगा हुआ है। आइए विस्तार से जानते हैं कि आखिर कैसे हो गई मौत? क्या करता था भतीजा? कौन है पत्नी?
Who Was Prabhat Singh: कौन थे प्रभात सिंह?

प्रभात सिंह उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के रेवती क्षेत्र, गाय घाट गांव के निवासी थे। उम्र मात्र 29 वर्ष। प्रभात दिल्ली में रहते थे और ठेकेदारी, प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते थे। वे परिवार की जिम्मेदारियां संभाल रहे थे। प्रभात सिंह दो भाई हैं। बड़े भाई विक्रम सिंह उर्फ झाबर परिवार के व्यवसाय देखते हैं। उनके पिता प्रदीप सिंह, राजनाथ सिंह के रिश्ते में भाई थे। प्रभात परिवार के बेहद करीबी सदस्य माने जाते थे।

परिवार की स्थिति:
- प्रभात सिंह के पिता प्रदीप सिंह 6 भाई थे। प्रदीप सिंह का निधन 2003 में हो चुका है।
- चाचा शशि सिंह का भी निधन हो चुका है।
- ताऊ सुरेंद्र सिंह (पूर्व प्रधान) और चाचा पिंटू सिंह (खेती-बाड़ी और पेट्रोल पंप) परिवार संभाल रहे हैं।
Prabhat Singh Wife Name: प्रभात सिंह की पत्नी कौन? वाराणसी में रिंग सेरेमनी, दिल्ली में 7 फेरे

प्रभात सिंह की शादी 2024 में हुई थी। दुल्हन स्वास्थ्य विभाग में डायरेक्टर जनरल रहे डॉ. वेद प्रकाश सिंह की बेटी वैजयंती हैं। रिंग सेरेमनी वाराणसी में और मुख्य विवाह दिल्ली के ताज होटल में धूमधाम से हुआ। राजनाथ सिंह के छोटे बेटे डॉ. नीरज सिंह का प्रदीप सिंह की भांजी से विवाह हुआ है, जिससे परिवारिक रिश्ते और मजबूत हैं।
शादी के करीब 2 साल बाद प्रभात 11 माह के बेटे के पिता बने। हादसे के समय पत्नी और 11 माह का बेटा उनके पीछे छूट गए। सदमे में पत्नी का हाल बेहद नाजुक बताया जा रहा है। महज 2 साल पहले शुरू हुई नई जिंदगी अचानक टूट गई। 3 महीने पहले प्रभात परिवार के साथ छठिहार कार्यक्रम में गायघाट आए थे। परिवार में खुशियां छाई हुई थीं।
Prabhat Singh Death Reason: 29 साल की उम्र में कैसे दर्दनाक मौत?

प्रभात तीन दोस्तों के साथ देवास गए थे। रात में इंदौर लौटते समय शिप्रा क्षेत्र में कार सड़क किनारे रोकी। काम निपटाकर जब वे वापस कार में बैठने लगे, तभी पीछे/सामने से तेज रफ्तार बस ने टक्कर मार दी। महज कुछ सेकंड की असावधानी घातक साबित हुई। बस ड्राइवर फरार हो गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी और वाहन की तलाश जारी है। आसपास के CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं। बाद में रिपोर्ट्स में ड्राइवर को हिरासत में लिए जाने की खबर आई। यह दुर्घटना सड़क सुरक्षा, तेज रफ्तार, ओवरस्पीडिंग और युवाओं की असावधानी की कड़वी सच्चाई उजागर करती है। भारत में हर साल लाखों लोग ऐसी दुर्घटनाओं का शिकार होते हैं।
Prabhat Singh Funeral: अंतिम संस्कार कहां और किसने दी मुखाग्नि?

वाराणसी मणिकर्णिका घाट पर शुक्रवार (12 जून) शाम अंतिम संस्कार हुआ। सैकड़ों लोग मौजूद रहे। मुखाग्नि बड़े भाई विक्रम सिंह ने दी। संस्कार के बाद परिवार बलिया लौटा। गायघाट में शोक व्याप्त है। पड़ोसी गांवों में भी मातम छाया हुआ है। परिवार अब आगे की कर्मकांड प्रक्रिया में जुटा है। स्थानीय नेता और आम लोग सांत्वना देने पहुंच रहे हैं।
अब टाइमलाइन में समझें कैसे क्या हुआ?

11 जून 2026, गुरुवार रात करीब 10-11 बजे: इंदौर दुर्घटना
मध्य प्रदेश के इंदौर के शिप्रा थाना क्षेत्र में यह हादसा हुआ। प्रभात सिंह अपने तीन दोस्तों के साथ देवास से इंदौर लौट रहे थे। निजी काम से देवास गए थे। सड़क किनारे गाड़ी रोकी। प्रभात जैसे ही कार में वापस बैठने लगे, तभी तेज रफ्तार अनियंत्रित बस ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। बस चालक मौके से फरार हो गया।
प्रभात के सिर में गंभीर चोटें आईं। वे लहूलुहान होकर गिर पड़े। साथियों ने उन्हें तुरंत अरबिंदो अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे की सूचना मिलते ही सोनकच्छ विधायक राजेश सोनकर, BJP कार्यकर्ता और प्रशासनिक अधिकारी अस्पताल पहुंचे। रात करीब 3 बजे पोस्टमॉर्टम पूरा किया गया।
12 जून 2026, शुक्रवार सुबह: शव एयरलिफ्ट
प्रभात सिंह का शव विशेष विमान से इंदौर से दिल्ली एयरलिफ्ट किया गया। दिल्ली से इसे वाराणसी ले जाया गया।
12 जून 2026, शुक्रवार शाम: वाराणसी में अंतिम संस्कार
वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर प्रभात सिंह का अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि उनके बड़े भाई विक्रम सिंह उर्फ झाबर ने दी। गांव गायघाट से सैकड़ों लोग पहुंचे। सबकी आंखें नम थीं। संस्कार के बाद परिवार रात में बलिया लौट आया।
13 जून 2026 onward: बलिया में श्रद्धांजलि और कर्मकांड
बलिया के गायघाट गांव में शोक की लहर। क्षेत्रवासियों का तांता लगा। सलेमपुर के पूर्व सांसद रविंद्र कुशवाहा, बांसडीह विधायक केतकी सिंह समेत कई लोग सांत्वना देने पहुंचे।
राजनाथ सिंह परिवार पर दोहरी मार: जसपाल राणा का निधन
12 जून 2026 को दिल्ली के साकेत मैक्स अस्पताल में जसपाल राणा की कार्डियक रप्चर से मौत हो गई। वे सोते हुए चले गए। उनकी बहन सुषमा राणा राजनाथ सिंह के बड़े बेटे पंकज सिंह की पत्नी हैं। जसपाल भारतीय शूटिंग के दिग्गज थे- कॉमनवेल्थ गेम्स में 15 मेडल, एशियाड गोल्ड, अर्जुन, पद्मश्री, द्रोणाचार्य अवॉर्ड। मनु भाकर जैसे खिलाड़ियों के कोच। राजनाथ सिंह ने दोनों घटनाओं पर शोक व्यक्त किया। परिवार उत्तर प्रदेश (बलिया) और उत्तराखंड की जड़ों से गहरा जुड़ा है।













Click it and Unblock the Notifications