Maha Kumbh 2025 Traffic Plan: : स्नान के लिए जा रहे हैं? जानें ट्रैफिक प्लान, रूट डायवर्जन और पार्किंग डिटेल्स
Maha Kumbh 2025 Traffic Plan: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में महाकुंभ 2025 का शुभारंभ हो चुका है। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने एक विस्तृत योजना तैयार की है। इसमें वाहनों की सुगम आवाजाही, ट्रैफिक डायवर्जन और पार्किंग व्यवस्था शामिल है।
उत्तर प्रदेश सूचना विभाग द्वारा जारी अपडेट के अनुसार, मेला क्षेत्र में आने वाले वाहनों के लिए अलग-अलग मार्ग और पार्किंग स्थलों की व्यवस्था की गई है। संगम क्षेत्र में प्रमुख स्नान पर्वों के दौरान विशेष रूट और पार्किंग के निर्देश जारी किए गए हैं।

महाकुंभ प्रवेश और निकास मार्ग
संगम मेला क्षेत्र में प्रवेश के लिए जवाहरलाल नेहरू मार्ग (काली सड़क) और निकास के लिए त्रिवेणी मार्ग निर्धारित किया गया है। प्रमुख स्नान पर्वों जैसे मकर संक्रांति, मौनी अमावस्या और बसंत पंचमी के दौरान अक्षयवट दर्शन बंद रहेंगे।
श्रद्धालुओं को जीटी जवाहर मार्ग से संगम क्षेत्र में प्रवेश और अक्षयवट मार्ग से निकास करने की सलाह दी गई है। यह व्यवस्था मेला क्षेत्र में भीड़ प्रबंधन और यातायात को नियंत्रित करने के लिए की गई है।
जौनपुर और वाराणसी से आने वाले वाहन
जौनपुर से आने वाले वाहनों के लिए चीनी मिल पार्किंग, गारापुर रोड, संयमी मंदिर कछार पार्किंग और बदरा सौनोती जैसे स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है। श्रद्धालु पुरानी जीटी रोड से मेला क्षेत्र में प्रवेश कर सकते हैं।
वाराणसी से आने वाले वाहनों के लिए महुआ बाग, सरस्वती पार्किंग और झूसी रेलवे स्टेशन के आसपास पार्किंग की व्यवस्था है। यहां से श्रद्धालु छतनगर रोड होते हुए संगम क्षेत्र में प्रवेश करेंगे।
मिर्जापुर और रीवा से आने वाले वाहन
मिर्जापुर से आने वाले वाहन देवरख उपरहार, टेंट सिटी और गजिया पार्किंग स्थलों पर पार्क किए जाएंगे। अरैल बांध रोड से होकर श्रद्धालु संगम पहुंचेंगे।
रीवा, बांदा और चित्रकूट की ओर से आने वाले वाहनों के लिए नवप्रयागम और कृषि संस्थान पार्किंग की व्यवस्था है। श्रद्धालु पुराने और नए रीवा रोड के जरिए मेला क्षेत्र में प्रवेश करेंगे।
कानपुर और लखनऊ से आने वाले वाहन
कानपुर और कौशांबी से आने वाले वाहन काली एक्सटेंशन, इलाहाबाद डिग्री कॉलेज ग्राउंड और दधिकांदो ग्राउंड पार्किंग में पार्क होंगे। जीटी रोड और काली मार्ग से मेला क्षेत्र में प्रवेश का मार्ग निर्धारित किया गया है।
लखनऊ और प्रतापगढ़ की ओर से आने वाले वाहन गंगेश्वर महादेव कछार और नागवासुकी पार्किंग में पार्क किए जाएंगे। नवास की मार्ग से होकर श्रद्धालु संगम क्षेत्र में पहुंच सकते हैं। वहीं अयोध्या और प्रतापगढ़ से आने वाले वाहनों के लिए शिवबाबा पार्किंग स्थल निर्धारित किया गया है। संगम लोअर मार्ग से श्रद्धालु मेला क्षेत्र में प्रवेश करेंगे।
महाकुंभ संगम में स्नान के मार्ग
संगम क्षेत्र में प्रवेश के लिए श्रद्धालु जीटी जवाहर मार्ग और काली रोड का उपयोग करेंगे। संगम तक पहुंचने के लिए काली रैंप और संगम ऊपरी मार्ग निर्धारित किए गए हैं। निकास के लिए त्रिवेणी मार्ग और इंटरलॉकिंग रिटर्न रूट का उपयोग किया जाएगा।
यह भी बता दें कि महाकुंभ 2025 का समापन 26 फरवरी को होगा। प्रमुख स्नान पर्वों में मकर संक्रांति (14 जनवरी), मौनी अमावस्या (29 जनवरी) और बसंत पंचमी (3 फरवरी) शामिल हैं। इन दिनों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं।
महाकुंभ के दौरान यह व्यवस्था श्रद्धालुओं को सुगम यात्रा और संगम स्नान का अद्भुत अनुभव प्रदान करने के लिए बनाई गई है। प्रशासन ने हर संभव प्रयास किया है कि मेला क्षेत्र में किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।












Click it and Unblock the Notifications