• search
उत्तर प्रदेश न्यूज़ के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  

इंदू सरकार: विवादित पोस्टर जारी कर फंसे कांग्रेसी नेता, 7 साल की हो सकती है जेल

|

इलाहाबाद। इलाहाबाद में फिल्म इंदू सरकार की रिलीज को रोकने के लिए विवादित पोस्टर जारी करना एक कांग्रेसी नेता को महंगा पड़ गया। इस पोस्टर के जरिए कांग्रेसी नेता ने इंदू सरकार के निर्देशक मधुर भंडारकर के चेहरे पर कालिख पोतने वाले को एक लाख का ईनाम देने की घोषणा की थी। पुलिस ने इस पोस्टर को संज्ञान में लेते हुए कांग्रेसी नेता हसीब अहमद के विरूद्ध एफआईआर दर्ज कर लिया है।

सात साल तक हो सकती है सजा

सात साल तक हो सकती है सजा

जानकारी देते हुये सिविल लाइंस चौकी प्रभारी भुवनेश चौबे ने बताया कि सामाजिक संगठनों ने इस पोस्टर को लेकर आईजी साहब से शिकायत की थी। उनके आदेश पर ही सिविल लाइंस थाने में में धारा 505 (2) और 504 के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है। हालांकि इन धाराओं में सात साल से कम की सजा का प्रावधान है। इसलिए गिरफ्तारी नहीं होगी।सीजेएम अदालत में पेश होने के लिये धारा 40 में नोटिस जारी होगी।

क्या है मामला

क्या है मामला

दरअसल बालीवुड फिल्म इंदू सरकार देश में आपातकाल के दौरान के हालातों पर बनी है जिसे लेकर कांग्रेस शुरू से ही आक्रामक है। कांग्रेस इस फिल्म का विरोध कर रही है। इसी सिलसिले में इलाहाबाद में कांग्रेसी नेता हसीब अहमद ने इंदू सरकार के निर्देशक मधुर के चेहरे पर कालिख पोतने वाले को एक लाख का ईनाम देने की घोषणा करने का एक पोस्टर जारी किया जो सोशल नेटवर्किंग साइट पर वायरल होने के बाद मुख्यधारा की मीडिया में भी चर्चा में आ गया।

बॉलीवुड की आई प्रतिक्रिया

बॉलीवुड की आई प्रतिक्रिया

इस पोस्टर पर मधुर समेत बालीवुड के कई अभिनेता व निर्देशक ने भी प्रतिक्रिया दी और इसे गलत कहा। बालीवुड से प्रतिक्रिया का दौर चल ही रहा था कि शहर के कुछ सामाजिक संगठन के सदस्य आईजी के पास पहुंच गये और पोस्टर पर अपनी शिकायत दर्ज करायी । आईजी ने भी इसे गंभीरता से लिया और ट्विटर पर ट्वीट कर हसीब पर मुकदमा दर्ज कराने का आदेश दे दिया।

हसीब का क्या कहना है

हसीब का क्या कहना है

कांग्रेस नेता हसीब अहमद का कहना है कि मैं नेहरू और गांधी के विचारो वाला सिपाही हूं। पुलिस के मुकदमे सिर्फ मुझे परेशान कर सकते हैं, मेरे इरादे नहीं बदल सकते। इस फिल्म में गांधी नेहरू परिवार की छवि खराब करने की कोशिश की गई है। जो कि आपत्ति जनक है, इस फिल्म के आपत्तिजनक हिस्सों को निकालकर पास करने का अनुरोध सेंसर बोर्ड से किया गया। लेकिन नेहरू - गांधी परिवार से जुड़े आपत्तिजनक सीन नहीं काटे गए हैं। इसलिए पोस्टर जारी किया। ये कारवाई हमारी आवाज दबाने के लिये की गयी है। लेकिन हम झुकने वाले नहीं हैं। विरोध जारी रहेगा।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
controversial posetr on indu sarkar madhur bhandarkar congress leader haseeb ahmed fir allahabad
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more