• search
पंजाब न्यूज़ के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  

सिद्धू ने जेल में खाने के बजाए खाईं ये चीजें, जानें कैसे बीती पहली रात

|
Google Oneindia News

नई दिल्ली, 21 मई: पंजाब कांग्रेस के दिग्गज नेता नवजोत सिंह सिद्धू को गुरुवार को रोड रेज केस में सुप्रीम कोर्ट ने एक साल कठोर कारावास की सजा सुनाई थी। जिसके बाद शुक्रवार को उन्होंने पटियाला की अदालत में आत्मसमर्पण किया। वहां से उन्हें पटियाला की सेंट्रल जेल भेजा गया। जेल में पहली रात सिद्धू के लिए मुश्किलों भरी रही। इसी जेल में सिद्धू के विरोधी विक्रम मजीठिया भी बंद हैं। हालांकि दोनों की बैरक अलग-अलग है।

खाना ना खाने के पीछे ये वजह

खाना ना खाने के पीछे ये वजह

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक पटियाला सेंट्रल जेल के एक अधिकारी ने बताया कि शुक्रवार रात का खाना सिद्धू ने नहीं खाया था। उन्होंने कहा कि वो पहले ही अपना खाना खा चुके हैं, लेकिन उन्होंने कुछ दवाएं जरूर ली। अधिकारी के मुताबिक सिद्धू जेल प्रशासन का पूरा सहयोग कर रहे। अभी फिलहाल उनके लिए किसी विशेष खाने की व्यवस्था नहीं की गई है। अगर डॉक्टर उनको विशेष खाने की सलाह देते हैं, तो वो उसे कैंटीन से खरीद सकते हैं या फिर खुद भी बना सकते हैं।

जेल में करना पड़ेगा काम

जेल में करना पड़ेगा काम

सुप्रीम कोर्ट ने सिद्धू को कठोर कारावास की सजा सुनाई है, ऐसे में उन्हें जेल में काम भी करना होगा। पहले तीन महीने उनको ट्रेनिंग दी जाएगी, इसके लिए उन्हें 40 रुपये प्रतिदिन की मजदूरी मिलेगी। जब वो कुशल कैदी हो जाएंगे तो उनकी मजदूरी 60 रुपये प्रतिदिन कर दी जाएगी।

इस बीमारी से पीड़ित

इस बीमारी से पीड़ित

सिद्धू के मीडिया सलाहकार सुरिंदर दल्ला के मुताबिक कांग्रेस नेता एम्बोलिज्म जैसी चिकित्सीय स्थितियों से पीड़ित हैं और उन्हें लीवर की बीमारी है।डीप वेन थ्रॉम्बोसिस की स्थिति के कारण सिद्धू को अपने पैरों पर बड़े प्लास्टिक बैंड पहनने पड़ते हैं ताकि थक्का ना बने। दल्ला के मुताबिक सिद्धू को रोजाना दवाएं लेने की जरूरत पड़ती है। डॉक्टरों ने उन्हें गेहूं के आटे वाले आहार से बचने की भी सलाह दी गई है।

1988 की है घटना

1988 की है घटना

ये घटना 27 दिसंबर 1988 के शाम की है। उस दौरान सिद्धू क्रिकेटर हुआ करते थे और वो अपने दोस्त रूपिंदर सिंह संधू के साथ पटियाला के शेरावाले गेट की मार्केट में गए थे। वहां पर पार्किंग में उनकी एक 65 साल के बुजुर्ग गुरनाम सिंह से कहासुनी हो गई। इस दौरान सिद्धू ने उन्हें घुटने से मारकर गिरा दिया। आनन-फानन में उनको अस्पताल पहुंचाया गया, जहां पर हार्ट अटैक से उनकी मौत हो गई। इसी केस में सुप्रीम कोर्ट ने सिद्धू को एक साल की सजा सुनाई है।

नवजोत सिंह सिद्धू ने आत्मसमर्पण करने के लिए सुप्रीम कोर्ट से मांगा समय, बताया ये कारणनवजोत सिंह सिद्धू ने आत्मसमर्पण करने के लिए सुप्रीम कोर्ट से मांगा समय, बताया ये कारण

Comments
English summary
Navjot Singh Sidhu first night in jail Patiala, Punjab
देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X