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पहले बालाकोट एयरस्‍ट्राइक न दोहराने का वादा दे भारत, फिर एयरस्‍पेस खोलेगा पाकिस्‍तान

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इस्‍लामाबाद। पाकिस्‍तान एक तरफ यह मानने को तैयार नहीं है कि भारत ने 26 फरवरी को बालाकोट एयर स्‍ट्राइक में टेरर कैंप्‍स को निशाना बनाया था, तो दूसरी ओर उसे एयर स्‍पेस दोबारा खोलने के लिए भारत से एक वादा चाहिए। इमरान खान की सरकार तब अपने सभी पूर्वी एयरस्‍पेस को बंद रखेगी जब तक भारत की ओर से उसे यह वादा नहीं किया जाता है कि दोबारा बालाकोट जैसा हवाई हमला नहीं किया जाएगा। पाक सरकार के सूत्रों के हवाले से इंग्लिश डेली टाइम्‍स ऑफ इंडिया ने यह खबर दी है। बालाकोट एयर स्‍ट्राइक में इंडियन एयरफोर्स (आईएएफ) ने जैश-ए-मोहम्‍मद के कैंप्‍स को निशाना बनाया था। इसके बाद से पाक का एयरस्‍पेस बंद है।

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भारत करे यह वादा

भारत करे यह वादा

बालाकोट हवाई हमला भारत ने 14 फरवरी को हुए पुलवामा आतंकी हमले की प्रतिक्रिया के तहत किया था। इस हमले में सीआरपीएफ के 40 जवान शहीद हो गए थे। पाकिस्‍तान ने 28 जून तक एयरस्‍पेस को बंद रखने का फैसला किया है। सूत्रों की मानें तो एयरस्‍पेस तभी खोला जाएगा जब भारत की ओर से बालाकोट हवाई हमला दोबारा न करने का वादा नहीं कर दिया जाता। 27 मार्च को पाकिस्‍तान ने भी फ्लाइट्स के लिए अपना एयरस्‍पेस खोला था लेकिन सिर्फ भारत के लिए इसे बंद रखा गया है। 15 मई के बाद से ईस्‍टर्न एयरस्‍पेस पर बैन को पाक ने तीन बार बढ़ाया है। इससे पहले पाक की सिविल एविएशन अथॉरिटी (सीएए) की ओर से कहा गया था कि सरकार 28 जून को इस पर मीटिंग में रिव्‍यू करने के बाद कोई फैसला ले सकती है।

नुकसान के बाद भी कोई फैसला नहीं

नुकसान के बाद भी कोई फैसला नहीं

जब तक दिल्‍ली, इस्‍लामाबाद को भरोसा नहीं दिलाएगा एयरस्‍पेस नहीं खोला जाएगा। सीएए के एक अधिकारी के मुताबिक सुरक्षा और कूटनीति इन दो वजहों से एयरस्‍पेस को बंद रखने का फैसला किया गया है। सीएए इस बात को लेकर भी हैरान है कि अभी तक पर्दे के पीछे से किसी भी तरह की कूटनीति का प्रयोग नहीं किया गया है और न ही चार माह से लगे इस बैन को खत्‍म करने की कोई कोशिशें की गई हैं। जबकि दोनों ही देशों की राष्‍ट्रीय एयरलाइंस को बैन की वजह से खासा नुकसान हो रहा है। पिछले माह पाक विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता डॉक्‍टर मोहम्‍मद फैसल की ओर से कहा गया था कि पाक चाहता है कि तनाव कम हो और जब सेनाएं पीछे हट जाएंगी तो भारत के लिए एयरस्‍पेस पर लगा बैन भी खत्‍म हो जाएगा। फैसल की मानें तो भारत को इसके लिए कुछ जिम्‍मेदारी भरा रवैया दिखाना होगा।

भारत को भी हो रहा है नुकसान

भारत को भी हो रहा है नुकसान

पाक के एयरस्‍पेस पर बैन की वजह से भारत को पाकिस्‍तान की तुलना में कहीं ज्‍यादा घाटे का सामना करना पड़ रहा है। कई विदेश एयरलाइंस को लंबे रास्‍तों का सहारा लेना पड़ रहा है। पाक का एयरस्‍पेस बंद होने की वजह से यूरोप और साउथ ईस्‍ट एशिया से आने वाली फ्लाइट्स पर सबसे ज्‍यादा असर पड़ा है। जबकि यूरोप और अमेरिका से दिल्‍ली आने वाली और दिल्‍ली जाने वाली फ्लाइट्स बुरी तरह से प्रभावित हैं। दिल्‍ली से एश्‍टाना जाने वाली फ्लाइट को तीन घंटे ज्‍यादा का समय लगता है तो वहीं दिल्‍ली से मॉस्‍को जाने वाली फ्लाइट को दो घंटे ज्‍यादा का समय लेकर अपनी डेस्टिशन तक पहुंचती है। दिल्‍ली-काबलु तो दिल्‍ली-तेहरान फ्लाइट्स का समय भी बढ़ गया है।

क्‍या हुआ था 26 फरवरी को

क्‍या हुआ था 26 फरवरी को

26 फरवरी को आईएएफ के 12 मिराज 2000 जेट्स ने देश के अलग-अलग हिस्‍सों में स्थित एयरबेस से टेक ऑफ किया था। एलओसी पार कर जेट्स पाकिस्‍तान में दाखिल हुए। बालाकोट पाकिस्‍तान के खैबर पख्‍तूनख्‍वा प्रांत में स्थित है। हमलों में आईएएफ के पायलट्स ने पांच स्‍पाइस 2000 बमों को गिराया था। इन बमों की वजह से उन बिल्डिंग्‍स को खासा नुकसान हुआ था जिनमें आतंकी सो रहे थे। रात करीब 3:30 बजे आईएएफ के 12 जेट्स केपीके प्रांत में दाखिल हुए और यहां पर उन्‍होंने हमले शुरू किए।

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English summary
Pakistan will open its airspace only if India promises not to repeat Balakot, sources confirmed.
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