मेरठ सीएए हिंसा: 51 लोगों से वसूले जाएंगे 28 लाख रुपए, प्रशासन ने भेजा नोटिस
मेरठ। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के विरोध में 20 दिसंबर 2019 को यूपी के कई जिलों में हिंसा हुई थी। मेरठ में भी उपद्रव और हिंसा हुई थी। इस दौरान सरकारी और निजी संपत्ति का नुकसान हुआ था। पुलिस चौकी में भी आग लगा दी गई थी। मेरठ जिला प्रशासन ने सभी विभाग के साथ बैठक के बाद हिंसा में हुई क्षति का आंकलन कराया था। इसके बाद 51 लोगों से 28.27 लाख की वसूली का नोटिस भेजा है।

134 लोग किए गए थे चिन्हित
मेरठ के अपर जिला अधिकारी नगर अजय कुमार तिवारी ने बताया, पहले 134 लोग चिन्हित किए गए थे। उसके बाद 85 और लोग चिन्हित किए गए। इन सबको नोटिस भेजा गया और अब इन सबमें से 51 लोगों के नाम फाइनल किए गए हैं, जिनको साक्ष्य और सबूतों के आधार पर हिंसा में हुए नुकसान की भरपाई का नोटिस जारी कर दिया गया है। इन 51 लोगों से 28.27 लाख की वसूली की जाएगी।
पहले 40 लाख के नुकसान की बात सामने आई थी
बता दें, पहले लगभग 40 लाख के नुकसान की बात आई थी। अपर जिला अधिकारी नगर अजय कुमार तिवारी ने बताया कि एक सड़क को दो विभागों ने अपने-अपने नुकसान में जोड़ लिया था, जिसकी वजह से ऐसा हुआ था। बाद में उसको एक विभाग ने निकल दिया, जिसके बाद नुकसान का आंकड़ा 28.27 लाख हो गया है।
लखनऊ में लगाए गए उपद्रवियों के होर्डिंग्स
लखनऊ में बीते गुरुवार को होर्डिंग्स पर 57 लोगों के नाम, उनकी तस्वीर और पता लिखकर उन्होंने चौराहे पर लगा दिया गया था। इसमें पूर्व आईपीएस अफसर एसआर दारापुरी और सामाजिक कार्यकर्ता और अभिनेत्री सदफ जफर का नाम और तस्वीर भी थी। प्रशासन और पुलिस के मुताबिक, यह लोग पिछले साल नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ हुए हिंसक प्रदर्शन में शामिल थे और प्रदर्शन के दौरान सार्वजनिक संपत्ति को पहुंचे नुकसान की इन लोगों से भरपाई के लिए यह होर्डिंग लगाया गया है। हालांकि, इलाहाबाद हाई कोर्ट ने योगी सरकार को निर्देश दिया है कि इन पोस्टर्स को हटाया जाए।












Click it and Unblock the Notifications