MP के इस शहर में पिछली बार के मुकाबले कम रहा मतदान का प्रतिशत, ये है कारण
इंदौर, 7 जुलाई: मध्यप्रदेश में नगर निकाय चुनाव के प्रथम चरण का मतदान संपन्न हुआ, जहां प्रदेश भर में प्रथम चरण के मतदान को लेकर उत्साह देखा जा रहा था। लंबी-लंबी कतारों में लगकर लोगों ने अपने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। प्रदेश के वह सभी जिले जहां प्रथम चरण में मतदान हुआ, वहां सुरक्षा की दृष्टि से भी पुलिस प्रशासन ने खास इंतजाम किए हुए थे। वहीं इस बार मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में मतदान का प्रतिशत पिछली बार के मुकाबले थोड़ा कम रहा, जिसके चलते अब चुनाव के परिणाम चौंकाने वाले आने की संभावना है।

उम्मीद से कम रहा मतदान का प्रतिशत
सुबह मतदान के शुरू होने के साथ ही जिस तरह का उत्साह लोगों में नजर आ रहा था, उससे मतदान का प्रतिशत अच्छा खासा होने की उम्मीद जताई जा रही थी, लेकिन शाम होते-होते मतदान का प्रतिशत भी कम होता चला गया, जिसके बाद मतदान प्रतिशत के फाइनल आंकड़े ने सभी को चौंका दिया। इंदौर में हर बार मतदान का प्रतिशत अच्छा खासा रहता है, लेकिन इस बार नगर निगम चुनाव में मतदान का प्रतिशत कम ही देखने मिला।
पिछले साल के मुकाबले इतना कम रहा प्रतिशत
इंदौर में नगर निगम चुनाव के मतदान प्रतिशत पर यदि नजर डालें तो शहर में कुल 60.88 प्रतिशत वोट डाले गए, शहर में कुल 18.50 लाख लोगों को अपने मताधिकार का प्रयोग करना था, जिनमें से लगभग 11.17 लाख लोगों ने ही अपने मताधिकार का प्रयोग किया। मतदान प्रतिशत को लेकर राजनीतिक दलों में भी चिंता जायज थी, जिसके चलते दोनों ही दल मतदान प्रतिशत पर अपनी नजर जमाए हुए थे।
प्रशासन ने किए थे खास इंतजाम
प्रशासन ने मतदान को लेकर खास इंतजाम किए थे, जहां बारिश को देखते हुए विशेष व्यवस्था भी मतदान केंद्रों पर की गई थी। इसके साथ ही आदर्श पोलिंग बूथ भी बनाए गए थे, लेकिन बावजूद इसके मतदान का प्रतिशत सामान्य ही रहा। मतदान को लेकर युवाओं और बुजुर्गों में खासा उत्साह देखा जा रहा था, जहां युवाओं और बुजुर्गों की भीड़ देख यह लग रहा था कि इस बार मतदान प्रतिशत अपने पिछले सारे रिकॉर्ड तोड़ेगा, लेकिन यह संभव नहीं हो सका।












Click it and Unblock the Notifications