अमेरिका की सबसे बड़ी वॉरशिप, बॉम्बर्स और फाइटर जेट ईरान के करीब, युद्ध की आशंका से घबराए विशेषज्ञ
वॉशिंगटन। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। ताजा घटनाक्रम के तहत अमेरिका ने अपने सबसे बड़ी एयरक्राफ्ट कैरियर यूएसएस अब्राहम लिंकन को ईरान के करीब रवाना कर दिया है। इस एयरक्राफ्ट कैरियर के साथ भारी हथियारों से लैस अमेरिकी सेना का सबसे बड़ा दल भी अरब सागर पहुंच गया है। अमेरिका ने ईरान पर क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी हितों पर हमले की साजिश करने का आरोप लगाया है। यूएसएस अब्राहम लिंकन के साथ अमेरिका ने क्रूजर और ड्रेस्ट्रॉयर्स को भी रवाना कर दिया है।

पूरे लाव-लश्कर के साथ ईरान को घेरा
लाव-लश्कर के साथ अमेरिकी सेना अरब सागर में दाखिल हो चुकी है। फॉक्स न्यूज की ओर से सीनियर डिफेंस अधिकारियों के हवाले से इस बात की जानकारी दी गई है। एयरक्राफ्ट कैरियर अब्राहम लिंकन में एक पूरी एयर विंग जिसमें एक दर्जन F/A-18 हॉर्नेट फाइटर्स मौजूद हैं। इसके साथ सैंकड़ों क्रूज मिसाइल्स भी रवाना की गई हैं। इन सभी हथियारों को अमेरिकी सेंट्रल कमांड की देखरेख में तैनात किया गया है। इसके अलावा एक बॉम्बर टास्क फोर्स, मिसाइल डिफेंस बैटरी और दूसरे हथियार भी अरब सागर में मौजूद हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड जिसें सेंटकॉम भी कहते हैं, उसकी ओर से इस हफ्ते कहा गया है कि क्षेत्र में अमेरिकी सेनाएं हाई अलर्ट पर हैं। अमेरिका और ईरान के बीच अप्रैल 2015 में भी तनाव बढ़ गया था। तत्कालीन राष्ट्रपति बराक ओबामा के प्रशासन की ओर से तब यूएसएस थियोडोर रूजवेल्ट एयरक्राफ्ट कैरियर को इस क्षेत्र में भेजा गया था। अमेरिका की ओर से तब कहा गया था कि उसने ईरान के बैलेस्टिक मिसाइल मूवमेंट का पता लगाया है। इस वर्ष अमेरिका ने सबसे अपने चार बॉम्बर्स बी-52एच स्ट्रैटोफोर्टेस को ईरान भेजा है। ये बॉम्बर्स एफ-15सी ईगल्स और एफ-35ए लाइटिनिंग टू जो कि स्ट्राइक फाइटर्स हैं, के साथ गश्त करेंगे।
इराक से दूतावास खाली कराया
कुछ दिनों पहले अमेरिकी सरकार ने इराक की राजधानी बगदाद स्थित अपने दूतावास को आशिंक तौर पर खाली करने का आदेश दे दिया है। बुधवार को आए ट्रंप प्रशासन की ओर से आए इस आदेश को ईरान के खतरे से जोड़कर देखा जा रहा है। विदेश विभाग की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि दूतावास में जो भी नॉन-इमरजेंसी स्टाफ है, वह इसे खाली करके चला जाए।बगदाद के अलावा इरबिल में भी दूतावास कर्मियों के लिए यह आदेश जारी किया गया है। यह आदेश अभी इराक में फुल टाइम पोस्टेड राजनयिकों पर लागू होगा जिनकी तैनाती के आदेश व्हाइट हाउस से जारी किए गए थे। दूतावास की ओर से जारी बयान के मुताबिक इराक में वीजा सर्विसेज को भी बंद किया जा रहा है। कॉन्ट्रैक्टर्स जो सुरक्षा प्रदान करने, खाना मुहैया कराने और इस तरह की सर्विसेज से जुड़े हैं, उनकी सेवाएं फिलहाल जारी रहेंगी। पिछले हफ्ते माइक पोंपेयो ने कहा था कि प्रशासन को ऐसी इंटेलीजेंस मिली हैं जिसमें इरान की गतिविधियों के बारे में जानकारी दी गई थी।
लोकसभा चुनावों से जुड़ी हर अपडेट के लिए क्लिक करें
-
Hormuz Mine Clearance: LPG-तेल की किल्लत होगी खत्म! होर्मुज में बारूद हटाने उतरी अमेरिकी सेना, ईरान हैरान -
Islamabad Peace Talk LIVE: अमेरिका-ईरान वार्ता का पहला दौर संपन्न, लिखित प्रस्तावों का हुआ आदान-प्रदान -
Munir Dress Diplomacy: ईरान से वर्दी, तो अमेरिका से सूट में क्यों मिले मुनीर? क्या है बार-बार ड्रेस बदलने की व -
Iran Frozen Funds: शांति वार्ता पर लगा ग्रहण! ईरानी पैसों पर से अमेरिका नहीं हटाएगा प्रतिबंध -
Hormuz Crisis: सीजफायर के बावजूद नहीं खुला होर्मुज! ईरान भूल गया अपनी बिछाई Sea-Mines! गलती या साजिश? -
Explained: JD Vance की अग्नि परीक्षा क्यों है इस्लामाबाद पीस टॉक? अमेरिका का क्या-क्या लगा दांव पर? -
US Iran War: 'होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों से टोल वसूलना बंद करो', ट्रंप ने दी ईरान को धमकी, 10 बड़े अपडेट -
Iran War Impact: 'आपकी जॉब खा जाएगा ये युद्ध, 2008 की मंदी जैसा हो सकता है हाल’, एक्सपर्ट ने चेताया -
Mojtaba Khamenei ने होर्मुज को लेकर तैयार किया नया प्लान, अब Trump को लगेगा तगड़ा झटका! समझें कैसे? -
Iran Vs America War: 'ट्रंप से तंग आ चुका हूं!' ब्रिटिश पीएम कीर स्टार्मर ने अचानक क्यों खोया आपा? -
US Iran peace talks: 'शर्त मानो या अंजाम भुगतो', शांति वार्ता से पहले ही ईरान को अमेरिका ने दी धमकी -
Madman Theory: क्या है Trump की मैडमेन थ्योरी? जिससे दुनिया को डराने की कर रहे कोशिश, किस-किस नेता ने अपनाई?












Click it and Unblock the Notifications