तालिबान ने भारत के वांटेड आतंकी को मार गिराया, इस्लामिक स्टेट को बड़ा झटका, जानें कौन था अबू उस्मान?
अबू उस्मान अल-कश्मीरी के नाम से मशहूर अहंगर को इस साल जनवरी में भारत सरकार ने आतंकवादी घोषित किया था।

Afghanistan News: अफगानिस्तान में तालिबान सरकार ने दावा किया है, कि उसके सुरक्षा बलों ने कुछ दिनों पहले राजधानी काबुल में एक आतंकवाद-रोधी छापे के दौरान इस्लामिक स्टेट के दो प्रमुख कमांडरों को मार गिराया है। तालिबान का दावा है, कि मारे गए आतंकवादियों में से एक कारी फतेह था, जिसे खुफिया प्रमुख और इस्लामिक स्टेट-खुरासान प्रांत (ISKP) के पूर्व युद्ध मंत्री के रूप में जाना जाता है। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने इस्लामिक स्टेट के 'सेनापति' को मार गिराने का दावा किया है।

इस्लामिक स्टेट को बड़ा झटका
ISKP इस्लामिक स्टेट का एक अफगान सहयोगी और तालिबान का एक प्रमुख विरोधी है। इस्लामिक स्टेट, अफगानिस्तान की सत्ता से तालिबान को बर्खास्त कर अपनी सत्ता कायम करना चाहता है और ये संगठन भी उसी तरह की आतंकी घटनाओं को अंजाम दे रहा है, जैसा पहले तालिबान दिया करता था। तालिबान के प्रवक्ता मुजाहिद ने कहा, कि कारी फतेह कथित तौर पर ISKP के लिए मुख्य रणनीतिकार था, और काबुल में रूसी, पाकिस्तानी और चीनी राजनयिक मिशनों सहित कई हमलों की योजना बनाने के लिए जिम्मेदार था। अपने बयान में, तालिबानी प्रवक्ता ने इस्लामिक स्टेट हिंद प्रांत (आईएसएचपी) के तथाकथित पहले अमीर और दक्षिणी अफगानिस्तान में आईएसकेपी के एक वरिष्ठ नेता एजाज अहमद अहंगर की दो सहयोगियों को भी मारने की पुष्टि की है।

भारत ने घोषित किया था आतंकी
आपको बता दें, कि अबू उस्मान अल-कश्मीरी के नाम से मशहूर अहंगर को इस साल जनवरी में भारत सरकार ने आतंकवादी घोषित किया था। श्रीनगर में जन्मा अबू उस्मान, पिछले 20 सालों से जम्मू कश्मीर में प्रमुख वांटेड था और कई आतंकी वारदातों में शामिल होने का आरोप उसपर लगे थे। अफगान खुफिया विभाग ने मार्च 2020 में आत्मघाती बम विस्फोट के मास्टरमाइंड के रूप में अहंगर की पहचान की थी, जिसने काबुल में गुरुद्वारा कार्त-ए परवान में एक सुरक्षा गार्ड और 24 लोगों को मारने का दावा किया था। कथित तौर पर उसके अल-कायदा और अन्य वैश्विक आतंकी संगठनों से संबंध थे। भारतीय गृह मंत्रालय के मुताबिक, अबू उस्मान जम्मू-कश्मीर में इस्लामिक स्टेट के लिए रिक्रूटर का काम करता था।

श्रीनगर में हुआ था जन्म
भारत सरकार ने अबू उस्मान को लेकर जो गजट जारी किया था, उसके मुताबिक उसका जन्म श्रीनगर के नवाकंदल में साल 1974 में हुआ था और कश्मीर में कई आतंकी घटनाओं को अंजाम देने के बाद वो अफगानिस्तान भाग गया था। अबू उस्मान की कोशिश भारत में इस्लामिक स्टेट और अलकायदा जैसे वैश्विक आतंकी संगठन को जन्म देने की थी, लिहाजा उसने कश्मीर में आतंकवाद झोंकने की कोशिश में अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी। रिपोर्ट के मुताबिक, कश्मीर में आतंकवाद फैलाने के लिए अबू उस्मान ने कई आतंकी संगठनों के बीच ब्रिज की तरह काम किया, लिहाजा भारत सरकार ने यूएपीए, 1967 की धारा 35 (1) के तहत उसे आतंकवादी घोषित कर दिया था।












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