सीरिया युद्ध: UN में तीखी बहस, रूस ने कहा- पश्चिमी देशों का व्यवहार 'पाखंडी'
न्यूयॉर्क। सीरिया पर हुए हमले के बाद रूस और पश्चिमी देशों के बीच एक बार फिर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में तीखी बहस देखने को मिली है। पिछले 9 दिन में सीरिया मामले पर हुई छठी बैठक में यूएन में रूस ने कहा कि सीरियाई मिलिट्री बेस पर अटैक कर सात साल से चल रहे युद्ध ग्रसित मुल्क में राजनीतिक समझौतों को पश्चिमी देशों ने तगड़ा झटक दिया है। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने एक बार फिर अमेरिका और सहयोगी देश ब्रिटेन व फ्रांस ने सीरिया पर हवाई हमलों को लेकर मीटिंग बुलाई थी।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में रूस ने राका में मानवतावादी परिस्थितियों और वहां चरमपंथी समुह आईएस के खलिफा का राज्य अक्टूबर तक समाप्त होने की बात कही। रूस ने यूएन में कहा कि जॉर्डन-सीरिया सीमा रुकबन पर करीब 50,000 सीरियाई लोग फंसे हुए हैं।
हालांकि, यूएन में रूस के राजदूत वैसिली नेबेंजिया ने अमेरिका और उनके सहयोगी देशों की तीखी आलोचना करते हुए कहा है कि ये देश आईएस से मुकाबला करने की बात करते हैं, लेकिन राका पूरी तरह से खंडहर में बदल गया है। उन्होंने फिर तीन पश्चिमी सहयोदगी दलों को 'पाखंडी व्यवहार' बताया।
रूस और सीरिया ने 7 अप्रैल को डौमा में हुए केमिकल अटैक का इनकार किया है। वहीं, पश्चिमी देशों का दावा है कि बशर अल-असद सरकार ने ही शुक्रवार शाम को केमिकल अटैक किया था। वहीं, यूएन में ब्रिटिश राजदूत और कैरेने पीयर्स ने कहा कि असद के अत्याचार को डायवर्ट करने के लिए रूस अभियान चला रहा है।












Click it and Unblock the Notifications