• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

काबुल में NATO आर्मी बेस के पास रॉकेट अटैक, 15 की मौत

|

काबुल। अफगानिस्तान में लगातार आंतकवादी हमले हो रहे हैं। काबुल में शनिवार सुबह तीन रॉकेट दागे गए। तीनों रॉकेट काबुल के ग्रीन जॉन में तीन रॉकेट दागे गए, जिसमें दो नाटो कंपाउंड के पास आकर गिरे। इस घटना के कुछ ही घंटों के बाद सैनिक कैडेट्स की बस लोड पर आत्मघाती हमला हुआ, जिसमें 15 लोगों की मौत हो गई। अफगानिस्तान में पिछले दो दिनों में यह लगातार दूसरा बड़ा हमला है।

काबुल में NATO आर्मी बेस के पास रॉकेट से हमला, 15 की मौत

इस हमले के बाद अफगानिस्तान में यूएस-नाटो प्रवक्ता ने कहा कि नाटो कंपाउंड में इससे कोई हताहत की खबर नहीं है। काबुल में यह हमला सुबह करीब 6 बजे उस जगह हुआ, जहां अफगान डिफेंस मिलिट्री और कुछ दूतावास स्थित है। इस हमले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

बता दें कि अफगानिस्ता में लगातार आतंकी हमले हो रहे हैं। इससे पहले शुक्रवार को काबुल में एक शिया मस्जिद के भीतर हुए आत्मघाती बम हमले ने 43 लोगों की जान ले ली और सैकड़ों को घायल कर दिया। इस घटना में दो आत्मघाती कार बम विस्फोट हुए जिसके बाद घंटों मुठभेड़ चली। इस हमले की जिम्मेदारी ISIS ने ली थी।

अफगानिस्तान पिछले एक हफ्ते से साल के सबसे बुरे दौर से गुजर रहा है। पिछले एक हफ्ते में 150 लोगों की जान गई है। आतंकवादियों ने ज्यादातर निशाना आर्मी बेस और पुलिस को बनाया है। गौरतलब है कि अमेरिका ने भी अफगानिस्तान में आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Rocket attacks hit near NATO compound in Afghanistan Kabul’s ‘Green Zone’, 15 killed
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more