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खराब क्‍वालिटी के हैं चीन के मिलिट्री इक्विपमेंट, अमेरिकी अधिकारी ने दी वॉर्निंग

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बीजिंग। चीन जो पिछले कुछ समय से हथियारों की बिक्री में अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर पर खासी तरक्‍की कर रहा है। हथियारों की बिक्री के मामले में चीन दुनिया का पांचवां देश बन गया है। अब सिर्फ अमेरिका, चीन, फ्रांस और जर्मनी ही चीन से आगे हैं। लेकिन विशेषज्ञों की मानें तो चीन के मिलिट्री उत्‍पादों की गुणवत्‍ता बेहद खराब है और वह इस क्षेत्र में बाकी देशों के आगे नहीं टिकते हैं। यहां तक कि अमेरिकी सरकार के अधिकारी भी इस बात को मानने में नहीं हिचकते हैं।

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अपने भाषण में लगाई चीन को फटकार

अमेरिकी रक्षा विभाग के सहायक सचिव आर क्‍लार्क कूपर ने रूस और चीन दोनों को ही 31 अक्‍टूबर को दिए अपने भाषण में फटकार लगाई है। कूपर ने अपने भाषण में चीन को काफी बुरा भला कहा और कहा कि वह ड्रोन और ऐसे हथियारों की कीमतें कम करके खतरा बढ़ा रहा है। चीन इसके अलावा घूस देकर भी हथियार बिक्री के क्षेत्र में अपने कदम मजबूत करना चाहता है। चीन अपने प्रभाव और इंटलीजेंस का प्रयोग करके इस क्षेत्र में आगे बढ़ने की कोशिशों में है। यह खबर ऐसे समय आई है जब एक अक्‍टूबर को चीन ने अपना 70वें नेशनल डे के मौके पर बीजिंग में एक विशाल मिलिट्री परेड का आयोजन हुआ। इस मौके पर चीन ने अपनी खतरनाक मिसाइल डीएफ-41 का भी प्रदशर्न किया था। डीएफ-41 एक इंटर-कॉन्टिनेंटल मिसाइल है जो सिर्फ कुछ मिनटों के अंदर अमेरिका में तबाही मचा सकती है। इस मिसाइल को लेकर अमेरिकी मीडिया में भी हलचल तेज थी।

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English summary
According to experts Chinese military equipment lack qualities.
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