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Top fake news of 2020: कोरोना के साथ इस साल लोगों के सामने फर्जी खबरों की भी थी बड़ी चुनौती

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Top fake news of 2020: यह वर्ष अब कुछ दिनों में खत्म होने जा रहा है, यह साल पूरी दुनिया के लिए काफी मुश्किलों भरा रहा। कोरोना महामारी के चलते लाखों लोगों की इस साल मौत हो गई है। कोरोना काल में सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि लोगों को सही जानकारी पहुंचाई जाए, किसी भी तरह की फर्जी खबर और अफवाह से लोगों को दूर रखा जाए। लेकिन तमाम कोशिशों के बाद भी फर्जी खबरों पर लगाम लगा पाना सरकार के लिए आसान नहीं रहा। कोरोना से लेकर, फिल्म जगत से जुड़ी, लॉकडाउन और अलग-अलग तरह की फर्जी खबरें इस साल काफी चर्चा में रही है। आईए डालते हैं इस वर्ष 2020 की फेक खबरों पर एक नजर।

शारदा सिन्हा की मौत की खबर

शारदा सिन्हा की मौत की खबर

लोकप्रिय भोजपुरी गायिका शारदा सिन्हा की मौत की फर्जी खबर भी इस साल सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुई। आलम यह था कि खुद शारदा सिन्हा को अपने जिंदा होने की पुष्टि करनी पड़ी। दरअसल बिहार के मोतिहारी में एक महिला दारोगा शारदा सिन्हा की कोरोना के चलते मौत हो गई थी। शारदा सिन्हा का भी इसी अस्पताल में इलाज चल रहा था। जिसकी वजह से शारदा सिन्हा की मौत की फर्जी खबर प्रसारित होने लगी। लेकिन बाद में खुद शारदा सिन्हा ने वीडियो संदेश के जरिए इस बात की पुष्टि की कि वह जिंदा हैं।

लॉकडाउन की फर्जी खबर

लॉकडाउन की फर्जी खबर

कोरोना महामारी के चलते देश में 24 मार्च को लॉकडाउन का ऐलान किया गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महामारी से लोगों को सुरक्षित रखने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन का ऐलान किया था। अप्रैल और मई माह तक लॉकडाउन की वजह से लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। लेकिन बाद में अनलॉक की प्रक्रिया को शुरू किया गया। इस बीच सोशल मीडिया पर यह खबर वायरल होने लगी कि 15 जून से एक बार फिर से लॉकडाउन लग सकता है। जिसकी वजह से लोगों में हलचल मच गई। हालांकि बाद में पीआईबी की ओर से इस खबर को फर्जी बताया गया। लेकिन बावजूद इसके देश में फिर से लॉकडाउन की फर्जी खबरें कई बार सोशल मीडिया पर वायरल हुईं।

जस्टिस रंजन गोगोई कोरोना संक्रमित

जस्टिस रंजन गोगोई कोरोना संक्रमित

सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस रंजन गोगोई के कोरोना संक्रमित होने की खबर भी इस साल चर्चा का केंद्र बनी। सोशल मीडिया पर रंजन गोगोई के कोरोना से संक्रमित होने की फर्जी खबर काफी तेजी से वायरल हुई। जिसके बाद बार एंड बेंच की ओर से बकायदा एक ट्वीट करके इस खबर की सच्चाई बताई गई और कहा गया जस्टिस रंजन गोगोई कोरोना संक्रमित नहीं है। वह पूरी तरह से स्वस्थ हैं।

रतन टाटा को लेकर फर्जी खबर

रतन टाटा को लेकर फर्जी खबर

उद्योगपति रतन टाटा सोशल मीडिया पर सक्रिय रहते हैं, वह अलग-अलग विषयों और अपने जीवन को लेकर अपडेट सोशल मीडिया पर देते रहते हैं। हालांकि रतन टाटा किसी भी तरह के विवाद से दूर रहते हैं, लेकिन सोशल मीडिया ने रतन टाटा को भी फर्जी खबर के लपेटे में ले लिया, जिसके बाद खुद रतन टाटा को फर्जी खबर पर सफाई देनी पड़ी। दरअसल रतन टाटा के नाम से एक संदेश वायरल हो रहा था कि व्यापार की दुनिया के मेरे प्यारे दोस्तों इस यह वर्ष जीवित रहने का है, इस साल लाभ या हानि की चिंता ना करें, सपनों और योजनाओं की बात नहीं करें, खुद को जीवित रखना महत्वपूर्ण है, जीवित रहना लाभ बनाने की ही तरह है। लेकिन रतन टाटा ने इसपर सफाई देते हुए कहा कि यह मेरा संदेश नहीं है, मैं कोशिश करूंगा कि फर्जी खबर का खंडन कर सकूं लेकिन आप भी इस तरह की खबरों की पुष्टि किया कीजिए। मेरी तस्वीर लगाकर खबर दिखाने वालों की कोई गारंटी नहीं है।

मुलायम सिंह यादव के निधन की खबर

मुलायम सिंह यादव के निधन की खबर

समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव को लेकर इस साल फर्जी खबर काफी चर्चा में रही। दरअसल मुलायम सिंह की तबीयत कुछ समय पहले खराब हो गई थी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लेकिन मुलायम सिंह के निधन की खबर सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल होने लगी। लेकिन बाद में खुद अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया के जरिए इस बात की जानकारी दी की उनके पिता जी की तबीयत अब ठीक है और वह अस्पताल में स्वास्थ लाभ ले रहे हैं। अफवाह का आलम यह था कि वीकिपीडिया तक में भी मुलायम सिंह यादव को मृत घोषित कर दिया गया था।

तनिष्क शोरूम पर हमले की खबर

तनिष्क शोरूम पर हमले की खबर

इस साल दीवाली के मौके पर तनिष्क की ओर से एक विज्ञापन काफी चर्चा में रहा। तनिष्ट के विज्ञापन एकत्वम में हिंदू महिला जोकि मुस्लिम परिवार में शादी करके जाती है तो उसके घरवाले उसे सभी रीति रिवाज हिंदू परंपरा से करवाते नजर आते हैं। लेकिन इस विज्ञापन को लेकर काफी विवाद खड़ा हो गया। विवाद के बाद कंपनी की ओर से इस विज्ञापन को वापस ले लिया गया। लेकिन इस दौरान एक फर्जी खबर यह तेजी से वायरल हुई कि गुजरात के कच्छ के गांधीधाम स्थित तनिष्क शोरूम में हमला हुआ और हमलावरों ने तोड़फोड़ की। जबकि इस खबर का ना सिर्फ सरकार, स्थानीय पुलिस बल्कि शोरूम की ओर से भी खंडन किया गया।

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English summary
Top fake news of 2020: This year has been tough for everyone due to covid and fake news.
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