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सुप्रीम कोर्ट का आदेश: दिवाली पर तमिलनाडु में सिर्फ 2 घंटे छोड़ सकेंगे पटाखे, सरकार तय करेगी समय

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चेन्‍नई। सुप्रीम कोर्ट ने दिवाली के दौरान तमिलनाडु में दो घंटों तक पटाखे छोड़ने का आदेश दिया। लेकिन यह दो घंटे का स्लॉट राज्य सरकार द्वारा तय किया जाना है। सर्वोच्च न्यायालय ने यह भी कहा है कि जो पटाखें चलाए जाएं वो कम धुएं और आवाज वाले हों ताकि प्रदूषण ना फैले। सर्वोच्च न्यायालय ने पटाखों की बिक्री पर से भी कुछ शर्तों के साथ रोक हटाई है। इसके तहत पटाखों की ऑनलाइन बिक्री पर रोक लगा दी है।

Supreme Court ordered the bursting of firecrackers in Tamil Nadu during Diwali for two hours.

साथ ही कोर्ट ने पटाखों का स्टॉक 2 हफ्ते में खत्म करने की समय सीमा बढ़ाने से भी इनकार कर दिया है। न्यायमूर्ति ए के सीकरी और न्यायमूर्ति अशोक भूषण की पीठ ने कहा कि दीपावली पर हरित पटाखे (पर्यावरण के अनुकूल पटाखे) का इस्तेमाल करने के बारे में दिया गया उसका निर्देश दिल्ली-एनसीआर के लिए था, भारत के सभी राज्यों के लिए नहीं।

सुप्रीम कोर्ट तमिलनाडु सरकार और पटाखा निर्माताओं की ओर से दायर कई अर्जियों की सुनवाई कर रही थी जिनमें उसके 23 अक्टूबर के आदेश को स्पष्ट करने और उसमें बदलाव करने की मांग की गई थी। सोमवार को तमिलनाडु सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से अनुरोध किया था कि रात को आठ बजे से दस बजे तक पटाखे फोड़ने के तय समय के अलावा वह राज्य में धार्मिक परंपराओं के अनुरूप दीपावली के दिन सुबह के वक्त पटाखे फोड़ने की इजाजत दे।

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English summary
Supreme Court ordered the bursting of firecrackers in Tamil Nadu during Diwali for two hours. The two-hour slot has to be decided by the state government.
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