• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

महाराष्‍ट्र भाजपा को लग सकता जल्‍द ये दूसरा बड़ा झटका !

|

बेंगलुरु। महाराष्‍ट्र में भारतीय जनता पार्टी पर गहराएं संकट के बादल छटने का नाम ही नहीं ले रहे। विधानसभा चुनाव में बहुमत मिलने के बावजूद विरोधी पार्टी की साजिश का शिकार होकर सत्ता से बाहर हुई भाजपा में अब अंतरकलह शुरु हो गई है। भाजपा के दो बड़े नेता बगावत तक पर आमादा नजर आ रहे हैं। वहीं विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस और एनसीपी छोड़कर भाजपा पार्टी में शामिल हुए नेता जो चुनाव जीत भी चुके हैं वह भी भाजपा की सरकार न बन पाने के कारण ठगा महसूस कर रहे हैं। खबरों के अनुसार वह भी जल्‍द बगावत कर भाजपा को अलविदा कह देंगे।

bjp

प्रदेश में बदले सियासी समीकरण में करीब एक दर्जन भाजपा विधायक और एक राज्यसभा सांसद सत्ताधारी महाराष्ट्र विकास अघाड़ी के नेताओं के संपर्क में हैं। वहीं दूसरी तरफ पार्टी के ही नेता अपने समर्थकों और साथियों पर गंभीर आरोप लगाते नजर आ रहे हैं। भाजपा के नेताओं की नाराजगी महाराष्‍ट्र के पूर्व सीएम देवेन्‍द्र फडणवीस से है।

bjp

फडणवीस से नाराज तीन नेताओं ने अलग बैठक भी की। बैठक करने वाले नेताओं में एकनाथ खड़से और पंकजा मुंडे हैं। इन दोनों ने इस बैठक में वरिष्ठ नेता एकनाथ खडसे ने पार्टी के ही कुछ नेताओं पर साजिश का आरोप लगाते हुए नाराजगी के संदेश दिए है। इसके बाद पार्टी के बगावत का डर सता रहा है।

bjp

इतना ही नहीं उन्होंने पिछले विधानसभा चुनावों में हार का मुंह देखने वाली अपनी बेटी रोहिणी खड़से और पंकजा मुंडे की हार की वजह को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्‍होंने कहा कि रोहिणी खड़से और पंकजा मुंडे की हारने में भाजपा के कुछ नेताओं का ही हाथ है। इस बयान से एकनाथ खड़से ने भाजपा नेता विनोद तावड़े से भी मुलाकात की थी।

बता दें तावड़े पूर्व में देवेन्‍द्र फडणवीस सरकार के ऐसे मंत्री हैं जिन्‍हें इस बार भाजपा ने विधानसभा चुनाव में टिकट नहीं दिया था। वहीं खड़से फडणवीस सरकार में राजस्‍व मंत्री थे। एक भूमि को जबरन हथियाने के मामले में उनका नाम आने पर उन्‍हें मंत्री पद छोड़ना पड़ा था।

pakanjamunde

बता दें एकनाथ खडसे ने पंकजा मुंडे से मुलाकात के बाद बुधवार को मीडिया से बात करते हुए यह आरोप लगाया।उन्‍होंने कहा कि मेरा और पंकजा का यह विचार है कि बीजेपी के कुछ नेताओं ने उन्हें और रोहिणी को हराने का प्रयास किया। मैंने प्रदेश बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल को इस बारे में सूचित कर दिया है। मेरी पंकजा से चर्चा हुई और पंकजा को भी लगता है कि उन्हें हराया गया है। खडसे ने यह बयान उस वक्त दिया है जबकि पार्टी की नेता पंकजा मुंडे बीजेपी से बगावत के संकेत दे खडसे ने कहा कि, पार्टी में रहकर पार्टी के खिलाफ काम करने वाले लोगों की वजह से इनकी हार हुई है।

bjp

खडसे ने पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की ओर इशारा करते हुए कहा कि जिन्होंने नेतृत्व किया उन्हें हार की जिम्मेदारी स्वीकार नहीं करनी चाहिए? उन्होंने बीजेपी-शिवसेना गठबंधन टूटने को लेकर कहा कि महायुति (गठबंधन) के लिए मतदान हुआ था। अगर दो कदम पीछे गए होते तो आज महायुति की सरकार होती।

bjp

खड़से ने कहा कि पार्टी उन नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करेगी, जिन्‍होंने जलगांव से उनके बेटी रोहिणी खड़से और परली से पंकजा मुंडे को हराने में अहम भूमिका निभाई है। खड़से ने जो बयान दिया उससे साफ जाहिर हो रहा है कि उनका सीधा निशाना पूर्व मुख्‍यमंत्री फडणवीस पर ही है हालांकि खड़से ने उनका नाम नहीं लिया। पत्रकारों ने जब उनसे पूछा तो उन्‍होनें कहा कि आप खुद स्‍मार्ट है,आप खुद ही समझ सकते हैं कि मैं क्या कहने की कोशिश कर रहा हूं।

bjp

भाजपा सूत्रों के अनुसार भाजपा फडणवीस का अब तक पूरा सहयोग कर रही है क्‍योंकि महाराष्‍ट्र में फडणवीस ने पार्टी के लिए बहुत कुछ किया है। इतना ही नहीं पार्टी में उनके खिलाफ बगावत पर भी पार्टी उनके साथ ही रहेगी। वहीं पंकजा मुंडे की बात करते तो पंकजा मुंडे को भाजपा ने पूरा सपोर्ट किया। पिछली सरकार में वो मंत्री थी, इसके बावजूद वो हार गयी तो साफ है कि जनता उनके काम से खुश नहीं थी। वहीं खड़से की बेटी इसलिए चुनाव हार गईं क्योंकि उनके खिलाफ शिवसेना नेता ने पार्टी से बगावत कर चुनाव लड़ा था इसलिए उनकी हार हुई।

pankja

गौरतलब हैं कि भाजपा नेता पंकजा मुंडे ने पिछले ट्विटर पर अपने बायो में से भाजपा का नाम हटा दिया था। इसमें उन्होंने भाजपा का नाम और अपने राजनीतिक सफर का विवरण भी हटा दिया। महाराष्ट्र में बदले राजनीतिक परिदृश्य की पृष्ठभूमि में पंकजा ने अपनी 'भावी यात्रा' के संबंध सोशल मीडिया में पोस्ट किया था। जिसके बाद से अटकले लगायी जा रही है कि पंकजा भाजपा छोड़ शिवसेना पार्टी में जा सकती है। पंकजा मुंडे की ओर से फेसबुक पर लिखे गए पोस्ट में ये भी कहा गया था कि भविष्य के लिए आत्मचिंतन करने की ज़रूरत है और इसका जवाब 12 दिसंबर को पिता गोपीनाथ मुंडे की जयंती पर किया जाएगा। बता दें राज्य विधानसभा चुनाव में वह बीड जिले की परली सीट से अपने चचेरे भाई और प्रतिद्वंद्वी राकांपा के धनंजय मुंडे से हार गई थीं। पंकजा की बहन प्रीतम मुंडे बीड़ से भाजपा की सांसद हैं।

कर्नाटक उपचुनाव: हर हाल में बची रहेगी येदियुरप्‍पा सरकार !

झारखंड में अबकी बार त्रिशंकु सरकार, गिरा बीजेपी के 65 पार नारे का पारा!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Rebellion has started in the BJP which has been out of power in Maharashtra. While the dozen MLAs who left the Congress, NCP before the elections have made up their mind to leave the BJP, the angry leaders of Fadnavis are also bent on rebellion.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more
X