पैसों की शख्त जरूरत थी लेकिन स्मृति ईरानी ने ठुकरा दिया था पान मसाले के विज्ञापन का बड़ा ऑफर
Smriti irani: केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने चंद साल ही बतौर टीवी एक्ट्रेस काम किया था लेकिन खूब पॉपुलर हुई थीं। 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' में तुलसी का किरदार निभाने के बाद घर- घर में ना केवल पसंद की जाने लगी।
तुलसी के किरदार में दर्शकों द्वारा स्मृति ईरानी को परिवार का हिस्सा समझे जाने को लेकर केंद्रीय मंत्री ने हाल ही में खुशी जाहिर की। इसके साथ ही अपने शुरूआती करियर से जुड़े एक वाकये का खुालसा किया।

पैसों की शख्त जरूरत थी लेकिन कर दिया था इनकार
तुलसी के रूप में प्रसिद्धि हासिल करने वाली स्मृति ईरानी वर्तमान में वह केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री हैं। स्मृति ईरानी ने हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में खुलासा कि कि कैसे उन्हें पैसे की सख्त जरूरत थी और उन्हें एक बड़ी कंपनी के पास मासले का विज्ञापन करने का ऑफर मिला था लेकिन उन्होंने विज्ञापन को करने से इनकार कर दिया था क्योंकि ये उनकी इमेज के लिए अच्छा नहीं था ।
स्मृति ईरानी ने क्यों लिया था ये फैसला
स्मृति ईरानी ने कहा क्योंकि सास भी बहू में मैं जो किरदार निभा रही थी उस तुलसी के रूप में पान का विज्ञापन से इनकार करके वो बच्चे जो आज युवा हो चुके हैं उन्हें सुरक्षित महसूस कराया।
घर के लोन से दस गुना मिल रही थी विज्ञापन के लिए रकम
स्मृति ने द रणवीर शो के दौरान कहा मैंने घर खरीदने के लिए बैंक से पैसे उधार लिए थे। ये लोन 25 से 27 लाख रुपये क था। जब मैं अपने घर को खरीदने के लिए डाउन पेमेंट देने के लिए बस जाने ही वाली थी कि मुझे याद है कि एक दिन कोई मेरे सेट पर आया और मुझे एक पान मसाले का विज्ञापन का ऑफर दिया था और वह पैसा मेरे द्वारा बैंक को दी गई राशि का ठीक 10 गुना था।
क्या तुम पागल हो, तुम्हें पैसे की जरूरत है
स्मृति ईरानी ने कहा मैंने विज्ञापन को करने से इनकार कर दिया तब लोगों ने मुझसे ऐसा बर्ताव किया कि जैसे मैं तो बिलकुल पागल हो गई हूं। मेरे जानने वालों ने मुझसे कहा क्या तुम पागल हो, तुम्हें पैसे की जरूरत है। स्मृति ईरानी ने कहा मुझे पता था कि मुझे टीवी पर परिवार देख रहे थे, युवा देख रहे थे।
परिवार का कोई सदस्य पान मसाला बेचते नजर आए तो
मैंने कहा कि क्या आप किसी ऐसे व्यक्ति की कल्पना कर सकते हैं कि परिवार के लोग जिस किरदार को आदर्श मानकर उसकी तरह बनने की सोच रहा हो वो अचानक पान मसाला बेचता नजर आए।
मैं खुश हूं कि मैंने बच्चों को सुरक्षित माहौल दिया
मैंने उन पानी कंपनियों को भी इनकार कर दिया जो शराब बनाती थी। उन्होंने इसलिए मेरे एक्टिंग करियर में विवादास्पद निर्णय हुए हैं इसकी वजह प्रमुख थी क्योंकि मुझे पता था कि टीवी पर बच्चे देख रहे थे। इसलिए आज एक सीनियर के तौर पर मैं युवाओं को यह कहते हुए सुनकर खुश हूं कि एक बच्चे के रूप में मैंने उन्हें सुरक्षित महसूस कराया।
स्मृति ईरानी का अभिनेत्री से नेता बनने का सफर
स्मृति ईरानी ने 1998 में मिस इंडिया में भी हिस्सा लिया था लेकिन वो विनर नहीं बन पाईं थी। 2000-2008 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' में तुलसी का किरदार निभाने का खूब शोहरत हासिल की। इसके अलावा स्मृति ईरानी ने कविता, क्या हादसा क्या हकीकत, थोड़ी सी जमीन थोड़ा सा आसमान, विरुद्ध, तीन बहुरानियां और एक थी नायिका जैसे शो में नजर आईं। इसके अलावा बीआर चोपड़ा के टीवी शो रामायण के दूसरे संस्करण में सीता की भूमिका भी निभाई, जिसमें नितेश तिवारी उनके साथ नजर आए थे।
राजनीतिक सफर
वहीं कुछ ही सालों में एक्टिंग छोड़कर स्मृति ईरानी भाजपा ज्वाइन कर ली और स्मृति ईरानी 2019 से महिला एवं बाल विकास मंत्री रहीं और अब 2022 से अल्पसंख्यक मामलों ककी मंत्री बनकर जिम्मेदारी संभाल रही हैं। स्मृति ईरानी की इमेज अब एक तेजतर्रार लेता के बन चुकी है।












Click it and Unblock the Notifications