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सीटों के बंटवारे से नीतीश कुमार नाराज, जनवरी में हो सकते हैं NDA से अलग: सूत्र

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    नई दिल्ली।  2019 लोकसभा चुनाव से पहले बिहार में बीजेपी और उसके सहयोगी जेडीयू के बीच सीट के बंटवारे को लेकर सहमति नहीं बनती दिख रही है। मीडिया में चल रही खबरों के मुताबिक, अगर दोनों पार्टियों के बीच सीटों के लेकर सहमति नहीं बन पाती है तो जेडीयू एनडीए गठबंधन से अलग होकर अकेले चुनाव लड़ सकती है। बीजेपी ने पिछले ही सप्ताह सीट बंटवारे को लेकर अपने घटक दलों के बीच आम सहमति बनने की बात कही थी।

    20-12 के फॉर्मूले से जेडीयू नाराज

    20-12 के फॉर्मूले से जेडीयू नाराज

    सीट शेयरिंग फॉर्मूले के बाद बिहार में बीजेपी के खाते में 40 में से 20 सीटों आई। जबकि जेडीयू को 12 सीटें, रामविलास पासवान की एलजेपी पार्टी को छह सीटें और उपेंद्र कुशवाहा की आरएलएसपी पार्टी को दो सीटों मिला हैं। बीजेपी का सीट बंटवारे का यह फॉर्मूला जदयू को पसंद नहीं आ रहा है। बता दें कि, जेडीयू और बीजेपी के बीच पहले तय हुआ था कि, लोकसभा चुनाव में दोनों पार्टियां बराबर -बराबर सीटों पर चुनाव लड़ेंगी। लेकिन अब 20-12 के फॉर्मूले से जेडीयू नाराज हो गई है।

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     जनवरी 2019 में एनडीए से अलग हो सकती है JDU

    जनवरी 2019 में एनडीए से अलग हो सकती है JDU

    अब ऐसी खबरें आ रही हैं कि, जेडीयू बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में जनवरी 2019 में एनडीए से अलग हो सकती है। जो कि बीजेपी के लिए बिहार में एक बड़ा झटका माना जा रहा है। इसी बीच ऐसी खबरें भी सामने आ रहीं है कि जेडीयू फिर से महागठबंधन में शामिल हो सकती है। जेडीयू के प्रवक्ता नीरज कुमार ने एनडीए से जेडी (यू) को अलग करने के सवाल पर कहा, कुछ लोग दिनभर अफवाह फैलाने का काम करते रहते हैं। इस तरह की रिपोर्ट में कोई भी सच्चाई नहीं है।

    सीटे शेयरिंग के लिए अमित शाह ने किया था बिहार का दौरा

    सीटे शेयरिंग के लिए अमित शाह ने किया था बिहार का दौरा

    उन्होंने कहा, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का निर्णय एनडीए गठबंधन दलों द्वारा स्वीकार कर लिया गया है। जहां तक बात सीट विभाजन की है तो सभी मामलों को बैठक से हल किया जाएगा। पूर्व मंत्री विजय प्रकाश ने कहा, नीतीश कुमार को 6 महीने पहले फैसला लेना चाहिए था। केवल लालू प्रसाद यादव उनका सम्मान करते थे। जेडी (यू) को भाजपा द्वारा केवल 8-7 सीटें दी जाएंगी। सूत्रों के मुताबिक, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और जेडीयू प्रमुख और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बीच सीट शेयरिंग के फॉर्मूले को अंतिम रूप दिया गया था।

    इस फॉर्मूले पर बनी थी बात

    इस फॉर्मूले पर बनी थी बात

    बिहार में लोकसभा की 40 सीटें हैं। मीटिंग में यह तय किया गया था कि सीटों के बंटवारे में दोनों पार्टियों को बराबर सीटें दी जाएंगी औऱ इसके अलावा साथी पार्टी के भी सीटें दी जाएंगी। समझौते के मुताबिक, जेडीयू के खाते में से 5से 6 सीटें रामविलास पासवान की पार्टी को दी जाएंगी वहीं बीजेपी के खाते से सहयोगी पार्टी आरएलएसपी को दो सीटें दी जाएंगी। अगर कुशवाह एनडीए गठबंधन तोड़कर बाहर जाते हैं तो आरएलएसपी की दोनों सीटें बीजेपी और जेडीयू के बीत बांट ली जाएगी।

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    English summary
    Nitish Kumar upset with seat sharing formula in Bihar: Reports

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