• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

निर्भया मामला: फांसी से पहले दोषी मुकेश और विनय ने कहा-हमारी ये चीजें संभाल कर रखना

|

नई दिल्ली। निर्भया गैंगरेप मामले में 7 साल बाद आज इंसाफ हुआ है। दिल्ली गैंगरेप के चारों दोषियों 20 मार्च सुबह 5.30 में तिहाड़ जेल में एक साथ फांसी के फंदे पर लटकाया गया। निर्भया गैंगरेप के चारों दोषी 7 साल तक फांसी से बचते रहे। कानूनी पेंचों का फायदा उठाते हुए चारों दोषियों फांसी से लगातार बचते रहे। लंबे इंतज़ार के बाद निर्भया के परिवारवालों को आखिरकार न्याय मिल गया।

फांसी का फंदा देख रोया, गिड़गिड़ाया, जमीन पर लेट गया.....निर्भया के दोषियों के आखिरी 30 मिनट

निर्भया के दोषियों को फांसी

निर्भया के दोषियों को फांसी

आज फांसी से पहले जेल मैन्युअल के मुताबिक चारों दोषियों से उनकी आखिरी इच्छा पूछी गई। उनसे पूछा गया कि वो अपना पैसा, अपनी जमीन-जायदाद किसे देना चाहते है। इसके बाद उनसे पूछा गया कि क्या वो अपना अंगदान करना चाहते हैं। ये सारे जेल मैन्युअल के नियम है, जो किसी को फांसी देने से पहले पूरा करना होता है। इसकी पालन करते हुए चारों दोषियों ने उनके कपड़े, जेल में की गई उनकी कमाई किसे देना है इसके बारे में पूछा गया।

संभाल कर रखें मेरी ये चीज

संभाल कर रखें मेरी ये चीज

हालांकि चारों दोषियों में से किसी ने अपनी आखिरी इच्छा नहीं बताई, लेकिन दो दोषियों मुकेश और विनय ने जेल सुप्रीटेंडेट से अपनी कुछ चीजों को संभाल कर रखने की इच्छा जताई। निर्भया मामले के दोषी मुकेश ने तिहाड़ जेल के सुप्रीटेंडेट के सामने लिखित रूप से अंगदान की इच्छा जाहिर की।

विनय ने दी अपनी पेटिंग्स

विनय ने दी अपनी पेटिंग्स

वहीं दोषी विनय फांसी से पहले जेल अधिकारियों ने अपनी बनाई पेटिंग्स को संभाल कर रखने को कहा। विनय ने जेल सुप्रीटेंडेंट को अपनी बनाई 11 पेटिंग्स दी और कहा कि वो उन्हें संभाल कर रखे। पेटिंग्स के साथ एक हनुमान चलीसा दी। उन चीजों को उसने अपने परिवारवालों को देने के लिए कहा था। जहां मुकेश और विनय ने अपनी कुछ चीजें संभालकर रखने को कहा तो वहीं पवन और अक्षय ने कोई इच्छा जाहिर नहीं की और न ही कुछ कहा। फांसी का आलान होने के बाद से ही वो गुमशुद हो गए थे। जेल के नियमों के मुताबिक फांसी के बाद उनकी चीजें और उनकी कमाई को उनके परिवारवालों को दे दिया जाएगा।

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Nirbhaya's convicts' last wishes: Mukesh seeks to donate organs, Vinay gives his paintings, read details.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more