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जम्‍मू कश्‍मीर: घाटी में मोबाइल ऑन होते ही गर्लफ्रेंड को मिलाया फोन, आंखों में आंसू लिए दिया जवाब

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श्रीनगर। जम्‍मू कश्‍मीर में पिछले दिनों पोस्‍टपेड मोबाइल सर्विसेज को शुरू कर दिया गया है। पांच अगस्‍त को जब केंद्र सरकार ने यहां से आर्टिकल 370 हटाने का फैसला किया था, उस समय से ही मोबाइल की घंटियां बंद थीं। जैसे ही 14 अक्‍टूबर दोपहर 12 बजे मोबाइल सर्विस पर लगा बैन हटा तो लोगों ने उन तमाम लोगों को कॉल करनी शुरू की जिनसे पिछले करीब ड़ेढ माह से बातचीत बंद हो चुकी थी। मोबाइल सर्विस के शुरू होते ही कश्‍मीर के एक छात्र ने सबसे पहले अपनी गर्लफ्रेंड का नंबर डायल किया और इस छात्र की मानें तो जब इतने दिन बाद दोनों ने एक-दूसरे की आवाज सुनी तो दोनों की आंखों में आंसू आ गए थे। वेबसाइट द प्रिंट की ओर से इस छात्र की कहानी साझा की गई है।

'प्‍यार की ताकत, ब्‍लैकआउट की ताकत से ज्‍यादा है'

'प्‍यार की ताकत, ब्‍लैकआउट की ताकत से ज्‍यादा है'

घाटी में एसएमएस सर्विस को भी शुरू कर दिया गया था लेकिन बुधवार को एसएमएस सर्विस बंद कर दी गईं। छात्र ने वेबसाइट के साथ बातचीत में कहा, 'हम पारंपरिक तौर पर एक रूढ़‍िवादी परिवारों से आते हैं। मेरे पास उसका लैंडलाइन नंबर था लेकिन कॉल करने का खतरा नहीं उठा सकता था। इसलिए जैसे ही मोबाइल सर्विस शुरू हुई, मैंने उसे फोन मिलाया और एक मिनट तक हमनें बात की।' छात्र की मानें तो उसकी गर्लफ्रेंड को तुरंत फोन रखना पड़ा था और फिर शाम को दोनों ने बात की थी। गर्लफ्रेंड ने कॉल के बाद उसे मैसेज किया और पूछा कि इतने दिन आखिर वह बिना मोबाइल फोन कैसे जिंदा रह सका? इस पर उसने जवाब दिया, 'प्‍यार, ब्‍लैकआउट से ज्‍यादा ताकतवर होता है।'

कुछ लोगों के लिए सिरदर्द

कुछ लोगों के लिए सिरदर्द

हालांकि घाटी के कुछ लोगों के लिए मोबाइल सर्विस का शुरू होना किसी सिरदर्द से कम नहीं है। श्रीनगर के रहने वाले शाहीन शाह की मानें तो अब उनके परिवारवाले हर पल उन पर नजर रख सकते हैं। कश्‍मीर में मोबाइल सर्विसेज के शुरू होने से करीब 40 लाख पोस्‍टपेड कस्‍टमर्स को सुकून पहुंचा है। मोबाइल सर्विसेज के शुरू होते ही कंपनियों के ऑफिसेज के बाहर ग्राहको की लंबी कतारें देखी गईं। जो लोग लॉकडाउन के दौरान अपना फोन बिल नहीं जमा कर पाए थे, वे सभी इकट्ठा थे। इंटरनेट नहीं चलने की वजह से ऑनलाइन बिल पेमेंट नहीं हो सका है।

क्‍यों शुरू हुई मोबाइल सर्विस

क्‍यों शुरू हुई मोबाइल सर्विस

जम्‍मू और लद्दाख में सिर्फ ब्रॉडबैंड इंटरनेट सर्विस चालू की गई है। यहां पर राज्‍य प्रशासन की ओर से अगस्‍त के अंत और सितंबर के मध्‍य में मोबाइल सर्विसेज को भी शुरू कर दिया गया था। वेबसाइट की ओर से बताया गया है कि जम्‍मू कश्‍मीर में प्री-पेड मोबाइल सर्विसेज को भी चरणबद्ध तरीके से शुरू कर दिया जाएगा। जम्‍मू कश्‍मीर प्रशासन की ओर से बताया गया है कि राज्‍य में कानून-व्‍यवस्‍था की स्थिति पर नजर दौड़ाने के बाद यहां पर मोबाइल फोन सर्विस को शुरू करने का फैसला किया गया है। घाटी में 8,000 उन फोन नंबरों को चालू कर दिया गया था जो सीनियर पुलिस ऑफिसर्स, सरकार ऑफिसर्स के अलावा पैरामिलिट्री और आर्मी ऑफिसर्स से जुड़े हुए थे।

अब इंटरनेट शुरू करने की मांग

अब इंटरनेट शुरू करने की मांग

मोबाइल फोन सर्विसेज शुरू होने के बाद अब इंटरनेट को शुरू करने की मांग उठने लगी है। टूर ऑपरेटर्स का कहना है कि जब तक इंटरनेट शुरू नहीं होगा, तब तक उनके लिए ऑनलाइन बुकिंग्‍स लेना असंभव है। इसकी वजह से उनके काम-काज पर भी असर पड़ेगा।31 अक्‍टूबर को एक नोटिफिकेशन जारी होगा और जम्‍मू कश्‍मीर और लद्दाख दो हिस्‍सों में बंट जाएंगे। माना जा रहा है कि तब यहां पर प्री-पेड मोबाइल सर्विसेज के लिए नियम बदल सकते हैं।

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English summary
Kashmiri youth speaks to his girlfriend after 70 days on mobile says they both were in tears.
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