• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

करगिल विजय के 18 साल- देश कर रहा वीरों को सलाम

|

नई दिल्‍ली। ''या तो तू युद्ध में बलिदान देकर स्वर्ग को प्राप्त करेगा अथवा विजयश्री प्राप्त कर धरती का राज भोगेग।'' गीता के इसी श्लोक को प्रेरणा मानकर भारत के शूरवीरों ने कारगिल युद्ध में दुश्मन को पाँव पीछे खींचने के लिए मजबूर कर दिया था। कारगिल युद्ध में भारत की विजय के आज (26 जुलाई) 18 साल पूरे हो रहे हैं। इंडियन आर्म्‍ड फोर्सेज ने आज के ही दिन पाकिस्‍तान को धूल चटाई थी और कारगिल जंग में फतह का ऐलान किया था।

कैसे शुरु हुई थी जंग

कैसे शुरु हुई थी जंग

1998 की सर्दियों में ही कारगिल की ऊंची पहाडि़यों पर पाकिस्‍तानी घुसपैठियों ने कब्‍जा जमा लिया था। 1999 की गर्मियों की शुरुआत में जब सेना को पता चला तो सेना ने उनके खिलाफ ऑपरेशन विजय चलाया। करीब 18 हजार फीट की ऊंचाई पर कारगिल में लड़ी गई इस जंग में 527 भारतीय जवान शहीद हुए थे। वह सैन्‍य ऑपरेशन आठ मई को शुरू हुआ और 26 जुलाई को खत्म हुआ।

करगिल युद्ध में 527 जवान शहीद

करगिल युद्ध में 527 जवान शहीद

इस युद्ध में भारतीय आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, 527 जवान शहीद हुए, जबकि 1363 जवान घाय हुए। एक जवान युद्धबंदी के शिकार हुए। एक लड़ाकू विमान और एक हेलीकाप्टर को भी मार गिराया गया था। वहीं, पाकिस्तानी आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, उनके 357-453 सैनिक मारे गए, जबकि 665 से अधिक घायल हुए थे। आठ सैनिक युद्धबंदी के शिकार हुए।

वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने तोड़ दी थी पाकिस्‍तान की कमर

वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने तोड़ दी थी पाकिस्‍तान की कमर

बाद में 11 मई से भारतीय वायुसेना भी इस जंग में शामिल हो गई थी लेकिन उसने कभी एलओसी पार नहीं की। वायुसेना के लड़ाकू विमान मिराज, मिग-21, मिग 27 और हेलीकॉप्टर ने पाकिस्तानी घुसपैठियों की कमर तोड़ दी। करीब 16 हजार से 18 हजार फीट की ऊंचाई पर यह लड़ाई लड़ी गई। करीब दो महीने तक चला कारगिल युद्ध भारतीय सेना के साहस और ताकत का ऐसा उदाहरण है जिस पर हर हिन्दुस्तानी को गर्व है।

जो वीर जवान हुए परमवीर चक्र से सम्मानित

जो वीर जवान हुए परमवीर चक्र से सम्मानित

इस युद्ध के बाद चार शुरवीरों को भारत का सर्वोच्च सैन्य सम्मान परमवीर चक्र से सम्मानित किया गया। जिसमें लेफ्टीनेंट मनोज कुमार पांडे (प्रथम बटालियन, ग्यारहवीं गोरखा राइफल्स, मरणोपरांत), ग्रेनेडियर योगेन्द्र सिंह यादव (अठारहवीं बटालियन, द ग्रेनेडियर्स), राइफलमैन संजय कुमार (तेरहवीं बटालियन, जम्मू कश्मीर राइफल्स) और कैप्टन विक्रम बत्रा (तेरहवीं बटालियन, जम्मू कश्मीर राइफल्स, मरणोपरांत) शामिल हैं।

रक्षा मंत्री अरुण जेटली ने दी श्रद्धांजलि

रक्षा मंत्री अरुण जेटली और थल, वायु व नौसेना के प्रमुखों ने बुधवार को कारगिल विजय दिवस के मौके पर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। जेटली के साथ ही सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत, नौसेना प्रमुख एडमिरल सुनील लांबा और वायुसेना प्रमुख मार्शल बीएस धनोआ ने इंडिया गेट में अमर जवान ज्योति पर पुष्प चक्र चढ़ाया। जेटली ने ट्वीट किया, "कारगिल विजय दिवस के मौके पर हमारे जवानों के साहस को सलाम।"

वेंकैया नायडू ने दी पाकिस्‍तान को चेतावनी

वेंकैया नायडू ने दी पाकिस्‍तान को चेतावनी

राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के उप-राष्ट्रपति प्रत्याशी एम वेंकैया नायडू ने 'आतंकवाद को मदद देने और बढ़ावा देने' के लिए पाकिस्तान पर तीखा निशाना साधते हुए रविवार चेतावनी दी कि पाकिस्तान 1971 के युद्ध को न भूले। कारगिल युद्ध में शहीद हुए भारतीय सैनिकों की स्मृति में यहां आयोजित वार्षिक कारगिल पराक्रम परेड को संबोधित करते हुए नायडू ने 1971 के युद्ध में भारत के हाथों पाकिस्तान को मिली करारी हार का जिक्र किया, जिसमें पाकिस्तान से अलग होकर पूर्वी पाकिस्तान स्वतंत्र देश बांग्लादेश बना।

आतंकवाद मानवता का दुश्‍मन है

आतंकवाद मानवता का दुश्‍मन है

नायडू ने कहा, "हमारे पड़ोसी को समझना चाहिए कि आतंकवाद को मदद देने और बढ़ावा देने से उन्हें कोई फायदा नहीं होगा। उन्हें 1971 के युद्ध को याद करना चाहिए.. आतंकवाद मानवता की दुश्मन है, इसका कोई धर्म नहीं होता।" 'आतंकवाद को धर्म से जोड़ने' वाली नीति के लिए पाकिस्तान की आलोचना करते हुए नायडू ने कहा कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और उसका 'एक इंच' भी नहीं जाने दिया जाएगा।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
July 26. It was on this day 17 years ago that the Indian Army recaptured all the Indian posts in Kargil that had been occupied by Pakistan's army.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more