मिलिये कारगिल जंग के असली मनोज बाजपेयी योगेंद्र सिंह से
[द्रास से ऋचा बाजपेई] कारगिल युद्ध की 15वीं सालगिरह पर परमवीर चक्र विजेता योगेंद्र सिंह यादव कारगिल आए और उन्होंने वन इंडिया हिंदी के साथ खास बातचीत की और अपनी यादों को ताजा किया। आपको बता दें कि जेपी दत्ता की फिल्म एलओसी में आपको मनोज वाजपई ने योगेंद्र सिंह यादव का किरदार निभाया था।

दुश्मन ने मरा हुआ मान लिया था
18 ग्रेनेडियर्स के योग्रेंद सिंह यादव टाइगर हिल की लड़ाई के समय घातक प्लाटून में नबर वन स्काउट के तौर पर था। जिस समय कारगिल की जंग के समय खतरनाक बर्फीला तूफान भी चल रहा था। योगेंद्र सिंह यादव टाइगर हिल के टॉप की तरफ बढ़ रहे थे और उनके साथ सिर्फ सात जवान थे।
वह आगे बढ़ रहे थे कि तभी दुश्मन ने हमला कर दिया। उनके सभी साथी जवान शहीद हुए तो योगेंद्र यादव बुरी तरह से जख्मी थे। दुश्मन ने उनके शरीर में काफी गोलियां दागी थी। बुरी तरह से लहूलूहान योगेंद्र सिंह यादव आगे बढ़ते गए। योगेंद्र यादव ने बताया, 'बुरी हालत में मैं वहीं पड़ा रहा।
दुश्मनों को लगा कि मैं मर गया हूं तो वो मेरे पास आए। ठीक उसी समय मैंने दुश्मन पर ग्रेनेड अटैक कर दिया। उस धमाके की वजह से ऊपर बैठे दुश्मनों को लगा कि नीचे से इनफोर्समेंट आई है। मैं उसी हालत में नीचे गया और मैंने सबकों बताया। फिर और सैनिक ऊपर गए और उन्होंने टाइगर हिल के टॉप पर बैठे दुश्मनों पर हमला कर उस पर अपना कब्जा किया।'
जब शहीद हो गए योगेंद्र सिंह यादव
योगेंद्र सिंह यादव को पहले तो दुश्मनों ने मरा हुआ समझा फिर उनके गांवों वालों को लगा कि वह शहीद हो गए हैं। दरअसल 18 ग्रेनेडियर्स में एक और योग्रेंद्र सिंह यादव थे जो कारगिल की जंग में शहीद हो गए थे।
इस किस्से के बारे में हमें योगेंद्र सिंह यादव ने बताया, 'वह मेरे काफी अच्छे मित्र थे। मैं बुलंदशहर से था और वह मेरठ के थे। काफी अच्छी दोस्ती थी हमारी। जिस समय वह शहीद हुए तो गांव में खबर गई कि 18 ग्रेनेडियर्स के योगेंद्र सिंह यादव शहीद हो गए हैं। उनकी डेडबॉडी और मैं एक ही एयरक्राफ्ट से दिल्ली पहुंची थी। फिर मैंने किसी तरह से कम्यूनिकेट कर अपने घरवालों को बताया कि मैं ठीक हूं लेकिन मेरे अच्छे दोस्त योगेंद्र सिंह यादव शहीद हो गए हैं।'
कारगिल की 15वीं वर्षगांठ पर वनइंडिया का विशेष कवरेज
हमने योगेंद्र सिंह यादव से जानने की कोशिश की कि क्या पिछले 15 वर्षों में पाक के रवैये में कोई बदलाव आया है तो इस पर योगेंद्र सिंह यादव का कहना था कि पाक की हरकतें अभी भी 15 वर्ष पहले ही जैसी हैं।
उन्होंने कहा, 'पाक की सोच में कोई बदलाव नहीं आया है। अगर बदलाव लाना हैज तो पाक की सरकार और उनके नौजवानों को काम करना होगा। उन्हें यह समझना होगा कि लड़ाई किसी भी तरह का कोई विकल्प नहीं है। एक सैनिक होने के नाते मेरा और सभी सैनिकों का फर्ज है कि हम अपनी एक इंच भी जमीन दुश्मन को नहीं देंगे।'












Click it and Unblock the Notifications