क्या Reliance Jio 5G सेवा 15 अगस्त से हो रही है लॉन्च ? आकाश अंबानी ने ये बताया
मुंबई,

समय से काफी पहले 5जी सेवा लॉन्च करने का संकेत
5जी स्पेक्ट्रम की सफल नीलामी संपन्न होने के बाद रिलायंस जियो ने भारत में इसकी शुरुआत करने को लेकर बहुत बड़ा संकेत दिया है। रिलायंस जियो 5जी स्पेक्ट्रम की नीलामी में सबसे ज्यादा बोली लगाने वाली टेलीकॉम कंपनी है और इसके चेयरमैन आकाश अंबानी ने जो संकेत दिया है, उसके हिसाब से यह अनुमान से काफी पहले 5जी सेवा लॉन्च कर सकती है। कंपनी ने बेचे गए सारे एयरवेव्स का लगभग आधा खरीद लिया है। नीलामी की प्रक्रिया में इसके अलावा एयरटेल, वीआई और अडानी भी शामिल रहे हैं।

15 अगस्त तक शुरू हो सकती है रिलायंस जियो की 5जी सेवा
88,078 करोड़ रुपये खर्च करके अधिकतर एयरवेव्स खरीदने के बारे में टिप्पणी करते हुए रिलायंस जियो के नवनियुक्त चेयरमैन आकाश अंबानी ने कहा है कि जियो 'पूरे भारत में 5जी शुरू करने के साथ मनाएगा 'आजादी का अमृत महोत्सव।' अगर अंबानी के इन संकेतों को सही अर्थ में समझें तो 15 अगस्त तक देश में जियो की 5जी सेवा शुरू हो जाएगी। वैसे दूर संचार मंत्री अश्विनी वैष्णव के मुताबिक सरकार की कोशिश है कि 10 अगस्त तक सफल बोली लगाने वालों को स्पेक्ट्रम बांट दे। उन्होंने यह भी संभावना जताई थी कि देश में अक्टूबर तक 5जी सेवाओं शुरू हो जानी चाहिए।

'हमारे पास देशव्यापी फाइबर मौजूद है'
रिलायंस जियो के चेयरमैन ने जो संकेत दिया है, वह मुकम्मल हो जाए तो देश में 5जी नेटवर्क शुरू करने वाली यह पहली कंपनी बन जाएगी। स्पेक्ट्रम खरीद पर टिप्पणी करते हुए अंबानी बोले, 'कंपनी कम से कम समय में 5जी शुरू करने के लिए पूरी तरह से तैयार है, क्योंकि इसके पास देशव्यापी फाइबर मौजूद है, सभी आईपी नेटवर्क है, जिसमें कोई पुराना इंफ्रास्ट्रक्चर नहीं है, स्वदेशी 5जी स्टैक है और टेक्नोलॉजी इकोसिस्टम में मजबूत वैश्विक साझेदारी है।'

शुरू से ही बढ़त बनाने की तैयारी में रिलायंस जियो
दूरसंचार विभाग की ओर से 5जी स्पेक्ट्रम की सबसे ज्यादा बोली लगाने वाली कंपनी रिलांयस जियो रही है। इसके बाद भारती एयरटेल और वोडाफोन आइडिया का नंबर है। जियो ने 20 साल के लिए 88,078 करोड़ रुपये में (कुल 24,740 मेगा हर्ट्ज) 700 मेगा हर्ट्ज, 800 मेगा हर्ट्ज, 1800 मेगा हर्ट्ज, 3300 मेगा हर्ट्ज, और 26 गीगा हर्ट्ज बैंड खरीदा है। कंपनी का दावा है कि उसके पास पूरे देश में 5जी सेवा शुरू करने के लिए पर्याप्त स्पेक्ट्रम उपलब्ध होंगे। रिलायंस जियो ने पूर्वी उत्तर प्रदेश का अधिकांश एयरवेव्स (1800 मेगा हर्ट्ज बैंड में) खरीद लिया है। यही नहीं, जियो ने 700 मेगा हर्ट्ज बैंड भी खरीदा है, जो बाकी किसी भी कंपनियों के पास नहीं है, लिहाजा इसने शुरू से ही 5जी नेटवर्क में बढ़त बनाने की तैयारी कर ली है।

बाकी कंपनियां रिलायंस जियो के मुकाबले काफी पीछे
दूरसंचार विभाग और कंपनियों के डेटा के मुताबिक बाकी प्रतिद्वंद्वियों में भारतीय एयरटेल ने 43,084 करोड़ रुपये में 19.867.8 मेगा हर्ट्ज, वोडाफोन आइडिया ने 18,799 करोड़ रुपये में 6,228.4 मेगा हर्ट्ज और अडानी डेटा नेटवर्क ने 212 करोड़ रुपये में 400 मेगा हर्ट्ज बैंड खरीदे हैं। अडानी ग्रुप की यह कंपनी इन स्पेक्ट्रमों का इस्तेमाल सिर्फ अपने बिजनेस से जुड़े कार्यों के लिए करेगी, जैसे कि एयरपोर्ट, बंदरगाह, बिजली उत्पादन संयंत्र और लॉजिस्टिक के लिए। फिलहाल कंपनी का टेलीकॉम सेक्टर में घुसने का कोई प्लान नहीं है।












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