• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

क्या आर्टिकल 370 खत्म होने के बाद बढ़ी पाकिस्तानी ड्रोन की घुसपैठ, जानिए अबतक कितने घुसे?

|
Google Oneindia News

नई दिल्ली, 28 जून: पाकिस्तान से लगी भारत की पश्चिमी सीमा पर पिछले कुछ वर्षों में सुरक्षा बलों की मुस्तैदी बहुत बढ़ चुकी है। रिकॉर्ड बढ़ाते हैं कि फेंसिंग और फिजिकल गश्ती बढ़ने और भारत की ओर से मुंहतोड़ जवाब देने की रणनीति ने पाकिस्तान की ओर से होने वाली आतंकियों की घुसपैठ में कमी आई है। आंकड़े बताते हैं कि इसके चलते पाकिस्तानी आतंकवादी संगठनों और पाकिस्तानी सेना ने ड्रोन के इस्तेमाल पर जोर लगा दिया है। यह कोशिश सिर्फ जम्मू-कश्मीर में नहीं हुई है, बल्कि पंजाब में भी ड्रोन के जरिए हथियारों की सप्लाई की कोशिश हो चुकी है। एक रिपोर्ट के मुताबिक भारतीय सुरक्षा बलों ने सिर्फ 2019 के बाद से अबतक पश्चिमी सीमा पर कम से कम 250 ड्रोन की घुसपैठ दर्ज की है।

2019 से कम से कम 250 बार ड्रोन से घुसपैठ

2019 से कम से कम 250 बार ड्रोन से घुसपैठ

न्यूज18 की एक रिपोर्ट के मुताबिक भारतीय सुरक्षा बलों ने 2019 से पाकिस्तान की ओर से पश्चिमी सीमा पर कम से कम 250 ड्रोन की घुसपैठ देखी है। सरकारी आंकड़े बताते हैं कि जम्मू एयरबेस पर रविवार को हुए हमले से पहले भी कम से कम दो ड्रोन इसी जून महीने में पाकिस्तान की ओर से भारत में घुस चुके हैं। सच्चाई तो ये है कि बीएसएफ ने अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पिछले कुछ हफ्तों में ड्रोन की गतिविधियों में काफी इजाफा देखा है और इस साल अबतक ऐसी कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। पिछले साल पाकिस्तान से लगने वाली पश्चिमी सीमा पर 77 ड्रोन देखे गए थे, जबकि उससे पहले के साल में उनकी संख्या 167 दर्ज की गई थी। गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर और पंजाब में पाकिस्तानी सीमा से सटे इलाकों में पाकिस्तान कई बार आतंकियों को हथियारों की सप्लाई करने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल कर चुका है। लेकिन, वह सिर्फ हथियारों और बाकी चीजों की तस्करी के लिए ही यह नहीं करता है। ड्रोन का इस्तेमाल वह भारतीय इलाके में निगरानी के इरादे से भी करता है। लेकिन, बीएसएफ के मुताबिक पिछले कुछ महीनों में उसकी यह गतिविधि में तेजी आई है।

इस साल कई बार घुस चुके हैं पाकिस्तान ड्रोन

इस साल कई बार घुस चुके हैं पाकिस्तान ड्रोन

इस महीने की शुरुआत में राजौरी जिले के थानामंडी इलाके में नियंत्रण रेखा को पार कराकर हथियार और गोला-बारूद भेजने की उसकी साजिश सुरक्षा बलों ने नाकाम कर दी थी। एक दूसरी घटना में सुरक्षा बलों ने जम्मू से श्रीनगर भेजे जाने के लिए ड्रोन से गिराए गए हथियारों और गोला-बारूद का बड़ा जखीरा बरामद किया था। मई महीने में ही सांबा में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास बीएसएफ ने पाकिस्तानी ड्रोन से गिराए गए हथियार और गोला-बारूद जब्त किए थे। अप्रैल महीने में भी कम से कम दो ड्रोन अंतरराष्ट्रीय सीमा पार करके भारतीय इलाके में घुसे थे। अरनिया सेक्टर में जो ड्रोन घुसा था, उसपर बीएसएफ की ओर से फायरिंग के बाद वह वापस पाकिस्तान में घुस गया था। इसी साल जनवरी में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने पाकिस्तानी ड्रोन से गिराए गए हथियार और गोला-बारूद जमा कर रहे दो लोगों को रंगे हाथों दबोच लिया था। इन लोगों की गिरफ्ताी सांबा जिले के विजयपुर में भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा पर हुई थी।

    Jammu IAF Station Attack: अब Jammu Military Station पर दिखा ड्रोन | वनइंडिया हिंदी
    हथियारों की सप्लाई के लिए ड्रोन का इस्तेमाल

    हथियारों की सप्लाई के लिए ड्रोन का इस्तेमाल

    मतलब,आईईडी के जरिए विस्फोट की कोशिश पाकिस्तान की ओर से भले ही पहली बार हुई हो, लेकिन ड्रोन के जरिए इस तरह की साजिश में वह लंबे वक्त से लगा हुआ है। पिछले साल अक्टूबर में तो जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा जिले में सुरक्षा बलों ने केरन सेक्टर में पाकिस्तानी सेना के ड्रोन को मार गिराया था। उसी साल अखनूर सेक्टर से सुरक्षा बलों ने ड्रोन से गिराई गई हथियारों के दो कंसाइंमेंट बरामद किए थे। पिछले साल जून में ही बीएसएफ ने कई हथियारों और सात ग्रेनेड लेकर आ रहे पाकिस्तानी ड्रोन को मार गिराया था। यह हेक्साकॉप्टर कठुआ के हीरानगर सेक्टर में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर नजर आया था। इसी तरह पिछले साल दिसंबर में पंजाब पुलिस ने भी 11 हैंड ग्रेनेड बरामद किए थे, जिसके बारे में आशंका है कि उसे पाकिस्तानी ड्रोन से गिराया गया था। यह बरामदगी गुरदासपुर में अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक गन्ने की खेत से हुई थी। 2019 में भी पाकिस्तान के अमृतसर और तरन तारन जिले से कम से कम दो ड्रोन बरामद किए गए थे। एक ड्रोन तो अगस्त, 2019 में अमृतसर के मोहवा गांव में क्रैश हो गया था।

    इसे भी पढ़ें- क्या है मोसाद ? रॉ को उसी के जैसा बनाने की मोदी सरकार को JDU ने दी है सलाहइसे भी पढ़ें- क्या है मोसाद ? रॉ को उसी के जैसा बनाने की मोदी सरकार को JDU ने दी है सलाह

    आर्टिकल 370 हटने से पहले से जारी है ड्रोन का खेल

    आर्टिकल 370 हटने से पहले से जारी है ड्रोन का खेल

    गृह मंत्रालय के मुताबिक सीमावर्ती इलाकों में ड्रोन के उड़ने की घटना दिसंबर 2018 से दिसंबर 2019 के बीच में भी 182 बार दर्ज की जा चुकी है। मंत्रालय ने इस चुनौती का सामना करने के लिए कई तरह के कदम उठाने की बात भी कही है, जिसके तहत लगातार निगरानी और खुफिया जानकारी जुटाना है। इसके लिए सुरक्षा बलों की क्षमता बढ़ाने,सीमा पर गश्ती बढ़ाने, निगरानी टावर बनाने, फेंसिंग बढ़ाने, फ्लड लाइट की व्यवस्था करने के साथ ही अत्याधुनिक सर्विलांस उपकरणों के इस्तेमाल पर जोर देने की बात है। लेकिन, अब हालात और ज्यादा संवेदनशील हो चुके हैं, इसलिए कुछ बेहद ठोस कदम की मांग की जा रही है। (सभी तस्वीरें-फाइल)

    English summary
    Pakistan has infiltrated by drone 250 times in the last two years into India,main objective so far has been to send arms and ammunition
    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    For Daily Alerts
    तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
    Enable
    x
    Notification Settings X
    Time Settings
    Done
    Clear Notification X
    Do you want to clear all the notifications from your inbox?
    Settings X
    X