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सेना के अफसरों को खाना पकाकर खिलाने वाले कुक का बेटा बेस्‍ट कैडेट

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देहरादून। हर किसी के दिल में कोई न कोई सपना होता है, एक ऐसा सपना जिसे पूरा करने के लिए वह जी-जान लगा देता है। एक ऐसा ही सपना लेफ्टिनेंट राजेंद्रन बिष्‍ट के‍ दिल ने संजोना शुरू किया था जब उन्‍होंने अपने पिता गोपाल सिंह बिष्‍ट के सेना के मेस में खाना पकाते देखा।

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Indian army cook’s son become officer and wins best cadet award

पिता को बेटे पर गर्व

आज राजेंद्रन सेना में अफसर हैं और साथ ही उन्‍होंने पिछले दिनों इंडियन मिलिट्री एकेडमी (आईएमए) के बेस्‍ट कैडेट का अवॉर्ड भी जीता है। राजेंद्र ने जो कुछ हासिल किया है उससे उनके पिता गोपाल बिष्‍ट का सीना चौड़ा हो गया है।

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609 कैडेट्स बने आर्मी ऑफिसर

पिछले दिनों आईएमए की पासिंग आउट परेड हुई और इस परेड में 609 कैडेट्स सेना के अफसर के तौर पर सेना का हिस्‍सा बने। राजेंद्रन भी इसी पासिंग आउट परेड का हिस्‍सा थे। राजेंद्रन को इसी पासिंग आउट परेड में बेस्‍ट कैडेट बने।

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सफलता का पूरा श्रेय बेटे को

अपने बेटे की इस सफलता पर उनके पिता गोपाल सिंह बिष्‍ट काफी गौरवान्वित महसूस करते हैं। वह कहते हैं कि उनके बेटे की इस सफलता का सारा श्रेय उनके बेटे की मेहनत और उसके सपने के जाता है, जिसने उसे हमेशा एक बड़ा लक्ष्‍य हासिल करने के लिए प्रेरित किया।

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English summary
Indian army cook Gopal Singh Bisht’s son Rajendra become officer and wins best cadet award.
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