अब ऑनलाइन शॉपिंग में छू कर फील कर सकेंगे सामान, IIT Madras iTad screen टेक्नोलॉजी से लाएगी क्रांति !
IIT Madras iTad screen टेक्नोलॉजी ऑनलाइन अनुभवों में क्रांति लाएगी। अब ऑनलाइन शॉपिंग में छू कर फील कर सकेंगे सामान। IIT Madras iTad screen technology Electroadhesion Mimic Textures
IIT Madras में अहम रिसर्च के दौरान स्क्रीन तकनीक विकसित की गई है। आईआईटी मद्रास की इस तकनीक की मदद से आप जो देखते हैं उसे महसूस भी कर सकते हैं। इस अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी को iTad नाम दिया गया है। इलेक्ट्रोएडिशन (Electroadhesion) का उपयोग कर किसी सतह की बनावट की नकल (Mimic Textures) की जाती है। इस तकनीक की मदद से भुरभुरा और रेतीले सरफेस (Crisp Edges and Gritty Surfaces) को महसूस किया जा सकेगा।

चिकने सतह पर फील करें सामान
आईआईटी-मद्रास के शोधकर्ताओं ने नई टचस्क्रीन तकनीक आईटाड (iTad) विकसित की है। इस तकनीक का इस्तेमाल कर उपयोगकर्ताओं को डिस्प्ले पर दिखाई जा रही वस्तुओं की बनावट को महसूस करने में मदद मिलेगी। 'आईटाड' यानी (इंटरैक्टिव टच एक्टिव डिस्प्ले) पर भुरभुरे और रेतीले सतहों को फील किया जा सकता है।

आईआईटी मद्रास ने आईटाड तकनीक विकसित की
टचस्क्रीन फीचर वाले iTad पर बनी आकृतियों को उंगलियों की मदद से फील किया जा सकता है। हालांकि, स्क्रीन पर बनी आकृतियों से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलती। आईआईटी मद्रास ने आईटाड तकनीक के बारे में जारी एक बयान में कहा, "जब हम फीडबैक जोड़ते हैं, तो कंप्यूटर के साथ बातचीत अनुभवात्मक (experiential) हो जाती है। आईटाड बाजार में किसी भी चीज के विपरीत है क्योंकि यह एक ही परत पर हैप्टिक्स (haptics) के साथ मल्टी-टच सेंसिंग भी जोड़ती है।"

iTad पर उंगलियां प्लेन सरफेस पर
iTad में कोई मूविंग पार्ट नहीं होते हैं। इसके बजाय, इसे इन-बिल्ट मल्टी-टच सेंसर के साथ तैयार किया गया है। स्क्रीन उंगली की गति का पता लगाता है। सतह पर बनी आकृति में घर्षण सॉफ्टवेयर के माध्यम से समायोजित होती है। भौतिक घटना के माध्यम से विद्युत क्षेत्रों को नियंत्रित किया जाता है। इसे 'इलेक्ट्रोएडिशन' (electroadhesion) के रूप में जाना जाता है। इस सॉफ्टवेयर से स्थानीय रूप से घर्षण को नियंत्रित किया जा सकता है, क्योंकि iTad पर उंगलियां प्लेन सरफेस पर मूव करती हैं।

iTad प्रौद्योगिकी को आगे बढ़ाने का काम
iTad से जुड़े शोध का नेतृत्व आईआईटी मद्रास के अनुप्रयुक्त यांत्रिकी विभाग (Department of Applied Mechanics) के प्रोफेसर एम मणिवन्नन (Prof M Manivannan IIT Madras) ने किया। आईआईटी मद्रास के रिसर्च पार्क में शुरू हुए स्टार्ट-अप मर्केल हैप्टिक्स (Merkel Haptics) iTad प्रौद्योगिकी को आगे बढ़ाने के लिए टचलैब के साथ काम कर रही है।

30 फीसद ऑनलाइन सामान रिटर्न क्यों होते हैं
प्रोफेसर मणिवन्नन ने कहा, यह आईटाड का युग है। ये प्रौद्योगिकी ऑनलाइन खरीदारी के अनुभव को अगले स्तर तक ले जा सकती है। हम ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर चीजों को खरीदने से पहले उन्हें टच और फील कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन शॉपिंग में लगभग 30% रिटर्न यूजर के अनुभव और अपेक्षा के बीच होने वाले अंतर के कारण होता है।

शॉपिंग अनुभव बेहतर बनाना
मर्केल हैप्टिक्स के सीईओ पीवी पद्मप्रिया ने आईटाड ने कहा, टचलैब के प्रोटोटाइप को एक साल में उत्पाद के रूप में बाजार में पेश किया जा सकता है। हमारा उद्देश्य लोगों का शॉपिंग अनुभव बेहतर बनाना है। हर यूजर के डेस्क पर कंप्यूटर माउस जैसा एक छोटा उपकरण हो जिससे वह उत्पादों को टच करने के बाद फील कर सकें, यही आईटाड का मकसद है। प्रौद्योगिकी कार्यक्षमता में सुधार के लिए आईआईटी मद्रास के शोधकर्ता iTad के बारे में फील्ड एक्सपेरिमेंट और यूजर्स की बहुमूल्य प्रतिक्रियाएं हासिल कर रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications