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खानपान की आदत में बदलाव से टल सकती हैं हर साल करोड़ों मौत: स्टडी

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नई दिल्ली। एक नए अध्ययन के अनुसार, इंसान के भोजन को उगाने और खाने के तरीके में बदलाव लाखों मौत और प्रकृति को हो रहे नुकसान को कम कर सकता है। ये स्टडी गुरुवार को प्रकाशित हुई है। रिसर्च कहती है कि इसके लिए सबसे अहम ये है कि हम शुगर और रेड मीट का इस्तेमाल आधा कर दें और सब्जियों, फलों और अनाज का इस्तेमाल दोगुना कर दिया जाए।

 पेरिस। एक नए अध्ययन के अनुसार, इंसान के भोजन को उगाने और खाने के तरीके में बदलाव लाखों मौत और प्रकृति को हो रहे नुकसान को कम कर सकता है। ये स्टडी गुरुवार को प्रकाशित हुई है। रिसर्च कहती है कि इसके लिए सबसे अहम ये है कि हम शुगर और रेड मीट का इस्तेमाल आधा कर दें और सब्जियों, फलों और अनाज का इस्तेमाल दोगुना कर दिया जाए। लंदन यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर और इस पर रिसर्च करने वाले टिम लेंग का कहना है कि आज हम एक मुश्किल हालात में हैं। आज एकअरब लोग भूखे हैं और दो अरब लोग जरूरत से ज्यादा खा रहे हैं। ज्यादा खाकर ये डायबिटीज, दिल की बीमारी और दूसरी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। हाल ही में आई एक रिपोर्ट कहती है कि गलत खानपान की वजह से करीब सवा करोड़ मौत हर साल हो रही है, जिन्हें खानपान और रहन-सहन में थोड़े बदलाव से टाला जा सकता है। 2050 में दस अरब लोगों का पेट भरने की चुनौती इंसान के सामने है, वहीं धरती की पैदा करने की अपनी सीमाएं हैं। जरूरी है कि खानपान में बदलाव लाया जाए, पानी की बर्बादी रोकी जाए और पर्यावरण को बचाया जाए। . .. ... .. ..... रामलीला में किरदार पर विरोध झेलने वाले नवाज का हिन्दू ह्रदय सम्राट बाल ठाकरे बन जाना

लंदन यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर और इस पर रिसर्च करने वाले टिम लेंग का कहना है कि आज हम एक मुश्किल हालात में हैं। आज एकअरब लोग भूखे हैं और दो अरब लोग जरूरत से ज्यादा खा रहे हैं। ज्यादा खाकर ये डायबिटीज, दिल की बीमारी और दूसरी परेशानियों का सामना कर रहे हैं।

हाल ही में आई एक रिपोर्ट कहती है कि गलत खानपान की वजह से करीब सवा करोड़ मौत हर साल हो रही है, जिन्हें खानपान और रहन-सहन में थोड़े बदलाव से टाला जा सकता है। इसके लिए सभी को कुछ बदलाव करने की जरूरत है।

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2050 में दस अरब लोगों का पेट भरने की चुनौती इंसान के सामने है, वहीं धरती की पैदा करने की अपनी सीमाएं हैं। जरूरी है कि खानपान में बदलाव लाया जाए, पानी की बर्बादी रोकी जाए और पर्यावरण को बचाया जाए।

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English summary
Human Diet Causing Catastrophic Damage To Planet according a new Study
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