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Fact Check: क्या गूगल पे को RBI ने बैन कर दिया है, सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहा है #GPayBanByRBI

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नई दिल्ली। यूपीआई आधारित पेमेंट सिस्टम गूगल पे (पहले तेज) के खिलाफ सोशल नेटवर्किंग साइट्स ट्विटर पर आजकल #GPayBannedByRBI ट्रेंड कर रहा है, जिसके जरिए लोगों में भ्रम की स्थिति बनी हुई है कि क्या गूगल पे से भुगतान सुरक्षित रह गया है अथवा नहीं, लेकिन गूगल कंपनी, एनपीसीआई और आरबीआई की ओर से ऐसे किसी भी कार्रवाई की पुष्टि अभी तक नहीं हुई है यानी ट्विटर पर चलाया जा रहा यह कैंपेन पूरी तरह अफवाह साबित हुआ है।

Gpay

इसकी तस्दीक खुद भारत में डिजिटल पेमेंट्स का संचालन करने वाली कंपनी एनपीसीआई ने की है। उन्होंने साफ-साफ कहा है कि गूगल पे पर किसी तरह का बैन नहीं लगा है। एनपीसीई की सफाई आने के बाद गूगल पे ने भी ट्विट कर मामले पर बना हुआ भ्रम दूर कर दिया।

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वहींं, एक ट्विट के जरिए खुद गूगल पे ने स्पष्ट किया है कि गूगल पे पूरी तरह से कानून के भीतर संचालित होने वाला पेमेंट ऐप है और हम भागीदार बैंकों के लिए एक प्रौद्योगिकी सेवा प्रदाता के रूप में काम करते हैं ताकि UPI के माध्यम से भुगतान किया जा सके। चूंकि UPI एक थर्ड पार्टी ऐप है, जिसे भुगतान सिस्टम ऑपरेटर होने की जरूरत नहीं है।

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गौरतलब है पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया और सोशल मैसेंजिंस साइट्स पर गूगल पे के बैन को लेकर सामग्री प्रसारित की जा रही है और ट्विटर पर तो बकायदा #GPayBannedByRBI जैसे मुहिम छेड़ दी गई थी।

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मजेदार बात यह है कि सोशल मीडिया पर चले इस अफवाह पर भारतीय रिजर्व बैंक ने पहले दिल्ली हाईकोर्ट में कहा कि गूगल पे के पेमेंट सिस्टम को लेकर सवाल नहीं है। उधर गूगल ने सफाई देते हुए भ्रम साफ करते हुए कहा कि गूगल पे कानून के दायरे में काम करता है।

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भारत में डिजिटल भुगतान का संचालन करने वाली कंपनी ने दी सफाई

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ट्विटर पर 'GPayBanned By RBI' ट्रेंड कर रहा है और यह दावा किया जा रहा है कि रिजर्व बैंक के मुताबिक, Google Pay पेमेंट ऑपरेटर नहीं है। NPCI की तरफ से जारी बयान में यह साफ किया गया है कि गूगल पे पेमेंट सिस्टम ऑपरेटर है और यह पूरी तरह कानूनी दायरे में आता है। यह एक थर्ड पार्टी ऐप प्रोवाइडर है जो UPI फ्रेमवर्क के अंतर्गत काम करता है।

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने भी गूगल पे ऐप पर नहीं उठाया सवाल

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने भी गूगल पे ऐप पर नहीं उठाया सवाल

इस मामले को लेकर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने पहले दिल्ली हाईकोर्ट में कहा कि गूगल पे के पेमेंट सिस्टम को लेकर सवाल नहीं है। उसके बाद गूगल पे ने कहा कि हम कानून के दायरे में रह कर काम कर रहे हैं।

सोशल मीडिया पर अफवाह फैलने के बाद गूगल पे ने भी जारी किया बयान

सोशल मीडिया पर अफवाह फैलने के बाद गूगल पे ने भी जारी किया बयान

एक ट्विट में गूगल पे स्पष्ट किया है कि गूगल पे पूरी तरह से कानून के भीतर संचालित होने वाला पेमेंट ऐप है और हम भागीदार बैंकों के लिए एक प्रौद्योगिकी सेवा प्रदाता के रूप में काम करते हैं ताकि UPI के माध्यम से भुगतान किया जा सके। चूंकि UPI एक थर्ड पार्टी ऐप है, जिसे भुगतान सिस्टम ऑपरेटर होने की जरूरत नहीं है।दरअसल, सोशल मीडिया पर दावा किया जाने लगा कि इससे मनी ट्रांसफर सुरक्षित नहीं है, क्योंकि यह ऐप गैर-कानूनी है और यह गलत है।

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English summary
NPCI is the company that operates digital payments in India. He has clearly stated that there is no ban on Google Pay. After the cleaning of NPCE, Google Pay also tweeted and cleared the confusion on the matter. In a tweet Google has clarified that Google Pay is a payment app operating entirely within the law and we act as a technology service provider for partner banks to make payments through UPI.
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